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किसी कमानी से लटका एक पिण्ड एक क्षैतिज तल में कोणीय वेग ω से घर्षण या अवमंदन रहित दोलन कर सकता है। इसे जब x0 दूरी तक खींचते हैं और खींचकर छोड़ देते हैं

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Question

किसी कमानी से लटका एक पिण्ड एक क्षैतिज तल में कोणीय वेग ω से घर्षण या अवमंदन रहित दोलन कर सकता है। इसे जब x0 दूरी तक खींचते हैं और खींचकर छोड़ देते हैं तो यह संतुलन केंद्र से समय t = 0 पर v0 वेग से गुजरता है। प्राचल ω,x0, तथा v0 के पदों में परिणामी दोलन का आयाम ज्ञात कीजिए। [संकेतः समीकरण x = acos (ωt + θ) से प्रारंभ कीजिए। ध्यान रहे कि प्रारंभिक वेग ऋणात्मक है।]

Numerical
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Solution

माना सरल आवर्त गति का समीकरण,

x = A cos (ωt + φ)           ...(1)

तब वेग `upsilon = ("d"x)/("dt") => upsilon = - ω  "A"   "sin" (ω"t" + φ)    ...(2)`

∵ समय t = 0 पर x = x0, अतः समीकऱण (1) से,

x0 = "A" "cos" φ                 ...(3)

तथा t = 0 पर υ = υ0,  अतः समीकऱण (2) से,

`- upsilon_0/ω = "A"  "sin" φ`            ...(4)

समीकरण (3) व (4) के वर्गों का योग करने पर,

`x_0^2 + upsilon_0^2/ω^2`

= A2 (cos2 φ + sin2 φ) 

= A2

अतः  आयाम `"A"= sqrt(x_0^2 + (upsilon_0^2)/(ω^2))`

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प्रणोदित दोलन तथा अनुनाद
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Chapter 13: दोलन - अभ्यास [Page 380]

APPEARS IN

NCERT Bhautiki Bhag 1 aur 2 [Hindi] Class 11
Chapter 13 दोलन
अभ्यास | Q 14.25 | Page 380
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