Advertisements
Advertisements
Question
हीरे का अपवर्तनांक 2.42 है। इस कथन का क्या अभिप्राय है?
Advertisements
Solution 1
हीरे का अपवर्तनांक 2.42 है। इसका मतलब है कि हीरे में प्रकाश की गति हवा में उसकी गति की तुलना में 2.42 गुना कम हो जाएगी। दूसरे शब्दों में, हीरे में प्रकाश की गति वैक्यूम में प्रकाश की गति की `1/2.42` गुना होगी।
Solution 2
हीरे का अपवर्तनांक 2.42 है। इस कथन का अभिप्राय यह है कि हीरा का प्रकाशिक घनत्व अधिक है जिससे यह एक कठोर पदार्थ है इसमें प्रकाश की चाल सबसे कम है।
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
वायु में गमन करती प्रकाश की एक किरण जल में तिरछी प्रवेश करती है। क्या प्रकाश किरण अभिलंब की ओर झुकेगी अथवा अभिलंब से दूर हटेगी? बताइए क्यों?
प्रकाश वायु से 1.50 अपवर्तनांक की काँच की प्लेट में प्रवेश करता है। काँच में प्रकाश की चाल कितनी है? निर्वात में प्रकाश की चाल 3 × 108 m/s है।
सारणी में से अधिकतम प्रकाशिक घनत्व के माध्यम को ज्ञात कीजिए। न्यूनतम प्रकाशिक घनत्व के माध्यम को भी ज्ञात कीजिए।
| द्रव्यात्मक माध्यम | अपवर्तनांक | द्रव्यात्मक माध्यम | अपवर्तनांक |
| वायु | 1.0003 | कनाडा बालसम | 1.53 |
| बर्फ़ | 1.31 | खनिज नमक | 1.54 |
| जल | 1.33 | कार्बन डाइसल्फाइड | 1.63 |
| ऐल्कोहॉल | 1.36 | सघन फ्लिंट कॉंच | 1.65 |
| किरोसिन | 1.44 | रूबी (माणिक्य) | 1.71 |
| संगलित क्वार्टज़ | 1.46 | नीलम | 1.77 |
| तारपीन का तेल | 1.47 | हीरा | 2.42 |
| बेंजीन | 1.50 | ||
| क्राउन कॉंच | 1.52 |
आपको किरोसिन, तारपीन का तेल तथा जल दिए गए हैं। इनमें से किसमें प्रकाश सबसे अधिक तीव्र गति से चलता है? सारणी में दिए गए आँकड़ों का उपयोग कीजिए।
| द्रव्यात्मक माध्यम | अपवर्तनांक | द्रव्यात्मक माध्यम | अपवर्तनांक |
| वायु | 1.0003 | कनाडा बालसम | 1.53 |
| बर्फ़ | 1.31 | खनिज नमक | 1.54 |
| जल | 1.33 | कार्बन डाइसल्फाइड | 1.63 |
| ऐल्कोहॉल | 1.36 | सघन फ्लिंट कॉंच | 1.65 |
| किरोसिन | 1.44 | रूबी (माणिक्य) | 1.71 |
| संगलित क्वार्टज़ | 1.46 | नीलम | 1.77 |
| तारपीन का तेल | 1.47 | हीरा | 2.42 |
| बेंजीन | 1.50 | ||
| क्राउन कॉंच | 1.52 |
किसी माध्यम का अपवर्तनांक प्रकाश की चाल से किस प्रकार संबंधित है? किसी एक माध्यम का किसी अन्य माध्यम के सापेक्ष अपवर्तनांक इन दोनों माध्यमों में प्रकाश की चाल से किस प्रकार संबंधित है इसे व्यंजक द्वारा व्यक्त कीजिए।
काँच के सापेक्ष हीरे का अपवर्तनांक 1.6 है तथा काँच का निरपेक्ष अपवर्तनांक 1.5 हैहीरे का निरपेक्ष अपवर्तनांक ज्ञात कीजिए।
20cm फोकस दूरी का कोई उत्तल लेंस आवर्धित आभासी प्रतिबिंब के साथ-साथ आवर्धित वास्तविक प्रतिबिंब भी बना सकता है। क्या यह कथन सही है? यदि हाँ, तो दोनों प्रकरणों में प्रतिबिंब प्राप्त करने के लिए बिंब को कहाँ रखा जाना चाहिए?
