Advertisements
Advertisements
Question
HI(g) का एक नमूना 0.2 atm दाब पर एक फ्लास्क में रखा जाता है। साम्य पर HI(g) का आंशिक दाब 0.04 atm है। यहाँ दिए गए साम्य के लिए Kp का मान क्या होगा?
\[\ce{2HI(g) ⇌ H2(g) +I2(g)}\]
Advertisements
Solution
| 2HI(g) | ⇌ | H2(g) | + | I2(g) | |
| प्रारंभिक दाब | 0.2 | 0 | 0 | ||
| साम्य पर | 0.04 atm | `0.16/2`atm | `0.16/2` atm | ||
| = 0.08 atm | = 0.08 atm |
(HI के दाब में कमी = 0.2 - 0.04 = 0.16 atm)
`therefore "K"_"p" = ("p"_("H"_2) xx "P"_("I"_2))/("p"_"HI"^2)`
`= (0.08 " atm" xx 0.08 " atm")/(0.04 " atm")^2` = 4.0
RELATED QUESTIONS
निम्नलिखित अभिक्रिया के लिए साम्य स्थिरांक Kc का व्यंजक लिखिए-
\[\ce{2NOCl(g) ⇌ 2NO(g) + Cl2(g)}\]
निम्नलिखित अभिक्रिया के लिए साम्य स्थिरांक Kc का व्यंजक लिखिए-
\[\ce{2Cu(NO3)2(s) ⇌ 2CuO(s) + 4NO2(g) + O2(g)}\]
निम्नलिखित अभिक्रिया के लिए साम्य स्थिरांक Kc का व्यंजक लिखिए-
\[\ce{CH3COOC2H5(aq) + H2O(l) ⇌ CH3COOH(aq) + C2H5OH(aq)}\]
Kp के मान से निम्नलिखित में से साम्य के लिए Kc का मान ज्ञात कीजिए-
\[\ce{2NOCI(g) ⇌ 2NO(g) + Cl2(g); {K_p} = 1.8 × 10^{-2}}\] at 500 K
साम्य \[\ce{NO(g) +O3(g) ⇌NO2(g) +O2(g)}\] के लिए 1000 K पर Kc = 6.3 × 1014 है। साम्य में अग्र एवं प्रतीप दोनों अभिक्रियाएँ प्राथमिक रूप से द्विअणुक हैं। प्रतीप अभिक्रिया के लिए Kc क्या है?
साम्य स्थिरांक का व्यंजक लिखते समय समझाइए कि शुद्ध द्रवों एवं ठोसों को उपेक्षित क्यों किया जा सकता है?
298 K पर NO एवं O2 से NO2 बनती है-
\[\ce{NO(g) + \frac{1}{2} O2(g) ⇌ NO2(g)}\]
अभिक्रिया के लिए (क) ∆G⊖ एवं (ख) साम्य स्थिरांक की गणना कीजिए-
∆fG⊖ (NO2) = 52.0 kJ/mol
∆fG⊖ (NO) = 87.0 kJ/mol
∆fG⊖ (O2) = 0 kJ/mol
साम्य \[\ce{2H2(g) + CO(g) ⇌ CH3OH(g)}\] पर प्रभाव बताइए।
CH3OH मिलाने पर
साम्य \[\ce{2H2(g) + CO(g) ⇌ CH3OH(g)}\] पर प्रभाव बताइए।
CO हटाने पर
साम्य \[\ce{2H2(g) + CO(g) ⇌ CH3OH(g)}\] पर प्रभाव बताइए।
CH3OH हटाने पर
