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"हमें आरंभ में ही एक ऐसी सभ्यता और संस्कृति की शुरूआत दिखाई पड़ती है जो तमाम परिवर्तनों के बावजूद आज भी बनी है।" आज की भारतीय संस्कृति की ऐसी कौन-कौन सी बातें/चीज़ें हैं जो हज़ारों साल पहले

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Question

"हमें आरंभ में ही एक ऐसी सभ्यता और संस्कृति की शुरूआत दिखाई पड़ती है जो तमाम परिवर्तनों के बावजूद आज भी बनी है।"

आज की भारतीय संस्कृति की ऐसी कौन-कौन सी बातें/चीज़ें हैं जो हज़ारों साल पहले से चली आ रही हैं? आपस में चर्चा करके पता लगाइए।

Answer in Brief
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Solution

भारतीय संस्कृति, ये स्वयं में अद्भूत गुणों को समेटे हुए है। भारतीय संस्कृति का स्थायी रूप से टिके रहने का कारण इसका ठेठ भारतीयपन है और यही आधुनिक सभ्यता का आधार है। इसी कारण ये संस्कृति पाँच-छ: हज़ार वर्ष या उससे भी अधिक समय तक निंरतर बनी रही है वह भी बराबर परिवर्तनशील और विकासमान रहकर। उस समय के देशों से जैसे- फ़ारस, मिस्र, ग्रीस, चीन, अरब, मध्य एशिया और भूमध्य सागर के लोगों से उसका बराबर संपर्क रहा इन्होंने भारत को प्रभावित किया और स्वयं भी इससे प्रभावित हुए। परन्तु इसका सांस्कृतिक आधार इतना मजबूत था कि कितनी ही अन्य सभ्यता व संस्कृति आई, इसने उन्हें भी अपने में आत्मसात कर लिया। इसके इसी लचीलेपन ने इसे हज़ारों सालों तक बनाए रखा। अन्य संस्कृतियाँ व सभ्यताएँ वक्त के थपेड़ों के साथ जैसे उत्पन्न हुई थी उसी तरह पतन के गर्त में समा गई परन्तु भारतीय सभ्यता जस के तस बनी हुई है। भारतीय संस्कृति में कई ऐसी बातें हैं जो उसी तरह बनी हुई है जैसे प्राचीन कालीन युग से आधुनिक युग तक। जैसे- गंगा के तटों पर पीढ़ी दर पीढ़ी स्नान के लिए लोग खीचें चले आ रहे हैं। भारतीय संस्कृति में टकराहट को कभी जगह नहीं मिली इसके स्थान पर इसने हमेशा समन्वय व प्रेम को अधिक स्थान दिया है इसी कारण ये आज भी विद्यमान है। समय के अनुसार इसकी परिवर्तन शीलता ने भी इसको बनाए रखने में विशेष सहयोग दिया है। इसके यही गुण हैं जिसने इसे आज भी स्थापित रखा है।

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गद्य (Prose) (Class 8)
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Chapter 1: भारत की खोज - प्रश्न अभ्यास [Page 127]

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NCERT Hindi - Bharat Ki Khoj Class 8
Chapter 1 भारत की खोज
प्रश्न अभ्यास | Q 8 | Page 127

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कौटिल्य के अर्थशास्त्र में अनेक विषयों की चर्चा है, जैसे, "व्यापार और वाणिज्य, कानून और न्यायालय, नगर-व्यवस्था, सामाजिक रीति-रिवाज, विवाह और तलाक, स्त्रियों के अधिकार, कर और लगान, कृषि, खानों और कारखानों को चलाना, दस्तकारी, मंडियाँ, बागवानी, उद्योग-धंधे, सिंचाई और जलमार्ग, जहाज़ और जहाज़रानी, निगमें, जन-गणना, मत्स्य-उद्योग, कसाई खाने, पासपोर्ट और जेल-सब शामिल हैं। इसमें विधवा विवाह को मान्यता दी गई है और विशेष परिस्थितियों में तलाक को भी।" वर्तमान में इन विषयों कि क्या स्थिति है? अपनी पसंद के किन्हीं दो-तीन विषयों पर लिखिए।


"माँ खिलखिलाकर हँस दीं।" इस वाक्य में 'खिलखिलाकर' शब्द बता रहा है कि माँ कैसे हँसी थीं। इसी प्रकार नीचे दिए गए रेखांकित शब्दों पर भी ध्यान दो। इन शब्दों से एक-एक वाक्य बनाओ।

(क) पिताजी ने झिड़ककर कहा, "तू खड़ा क्या देख रहा है?"

(ख) "आज दरवाज़े बंद रखो," उन्होंने हुक्म दिया।

(ग) "देखो जी, चिड़ियों को मत निकालो," माँ ने अबकी बार गंभीरता से कहा।

(घ) "किसी को सचमुच बाहर निकालना हो, तो उसका घर तोड़ देना चाहिए," उन्होंने गुस्से में कहा।

तुम इनसे मिलते-जुलते कुछ और शब्द सोचो और उनका प्रयोग करते हुए कुछ वाक्य बनाओ।

संकेत – धीरे से, ज़ोर से, अटकते हुए, हकलाते हुए, फुसफुसाते हुए आदि।


सलमा का पहला कदम बीमारी में ही क्यों बढ़ा था?


तुम्हारी भेंट-मुलाकात अक्सर कुछ ऐसे लोगों से भी होती होगी या हो सकती है जिनकी आँखें नहीं होतीं, जो बोल और सुन नहीं सकते। कुछ वैसे भी लोग होंगे या हो सकते हैं जो हाथ-पैर या अपने किसी अन्य अंग से सामान्य मनुष्य की तरह काम नहीं कर सकते। अब तुम बताओ कि– 

(क) यदि तुम्हें किसी गूँगे व्यक्ति से कुछ समझना हो तो क्या करोगे?

(ख) यदि तुम्हें किसी बहरे व्यक्ति को कुछ बताना हो तो क्या करोगे?

(ग) यदि तुम्हें किसी अंधे व्यक्ति को कुछ बताना हो तो क्या करोगे?

(घ) किसी ऐसे व्यक्ति के साथ खेलने का अवसर मिल जाए जो चल फिर नहीं सकता हो तो क्या करोगे?


केशव शंकर पिल्लै बच्चों के लिए सुबह से शाम तक काम में लगे रहते थे। तुम सुबह से शाम तक कौन-कौन से काम करना चाहोगे? नीचे उपयुक्त जगह में अपनी पसंद के काम को भी लिखो और सही (✓) का निशान लगाओ। तुम उसका कारण भी बताओ।

क्रम सं.

काम का नाम 

✓ या ✗ कारण

(क)

खेलना


 

(ख)

पढ़ना


 

(ग)

चित्रकारी करना


 

(घ)

______


 

(ङ)

______


 

(च)

______


 


"यहाँ के फ़िल्म वाले इतनी छोटी-छोटी बातों पर झूठ बोलते ही नहीं बल्कि झूठ दिखाते भी हैं।"

ऊपर मारिया ने भेंटकर्ता से जो बात कही है उसको पढ़ो। अब बताओ कि–

(क) तुम इस बात से कहाँ तक और क्यों सहमत हो?

(ख) क्या सिनेमा में झूठ और सच की बातें दिखाना ज़रूरी होता है? यदि हाँ तो क्यों?


नीचे दिए गए शब्दों को अपनी मातृभाषा में लिखो और उन पर अपने मित्रों से चर्चा करो–

(क) नमस्ते -

(ख) घर -

(ग) सड़क -

(घ) समाचार-पत्र -

(ङ) पानी -

(च) साबुन -

(छ) धरती -

(ज) जंगल -

(झ) सुबह -


वल्ली शहर देखने के लिए बस से उतर जाती और बस वापिस चली जाती?


नीचे कुछ खेलों के नाम दिए गए हैं। इन्हें खेलने के लिए किन-किन चीज़ों की ज़रूरत होती है, उसकी सूची बनाओ।

(क)

हॉकी

______ ______ ______ ______

(ख)

क्रिकेट

______ ______ ______ ______

(ग)

लॉन टेनिस

______ ______ ______ ______

(घ)

तैराकी

______ ______ ______ ______

(ङ)

तीरंदाज़ी

______ ______ ______ ______

(च)

कबड्डी

______ ______ ______ ______


खेलों पर बनी कुछ फ़िल्मों के बारे में पता लगाओ। उनमें से कुछ फ़िल्मों के नामों और उनमें दर्शाए गए खेलों के नामों को साथ मिलाकर एक सूची बनाओ। कक्षा में उन फ़िल्मों के बारे में बातचीत भी करो।


बदलू को किसी बात से चिढ़ थी तो काँच की चूड़ियों से' और बदलू स्वयं कहता है - जो सुंदरता काँच की चूड़ियों में होती है लाख में कहाँ संभव है?'' ये पंक्तियाँ बदलू की दो प्रकार की मनोदशाओं को सामने लाती हैं। दूसरी पंक्ति में उसके मन की पीड़ा है। उसमें व्यंग्य भी है। हारे हुए मन से, या दुखी मन से अथवा व्यंग्य में बोले गए वाक्यों के अर्थ सामान्य नहीं होते। कुछ व्यंग्य वाक्यों को ध्यानपूर्वक समझकर एकत्र कीजिए और उनके भीतरी अर्थ की व्याख्या करके लिखिए।


''गज़ब हो गया। ऐसी बस अपने आप चलती है।''

• लेखक को यह सुनकर हैरानी क्यों हुई?


''काँच बहुत कम बचे थे। जो बचे थे, उनसे हमें बचना था।''

इस वाक्य में 'बच' शब्द को दो तरह से प्रयोग किया गया है। एक 'शेष' के अर्थ में और दूसरा 'सुरक्षा' के अर्थ में।

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(क) जल (ख) हार


दो स्वरों के मेल से होने वाले परिवर्तन को स्वर संधि कहते हैं; जैसे- रवीन्द्र = रवि + इन्द्र। इस संधि में इ + इ = ई हुई है। इसे दीर्घ संधि कहते हैं। दीर्घ स्वर संधि के और उदाहरण खोजकर लिखिए। मुख्य रूप से स्वर संधियाँ चार प्रकार की मानी गई हैं- दीर्घ, गुण, वृद्धि और यण।

ह्रस्व या दीर्घ अ, इ, उ के बाद ह्रस्व या दीर्घ अ, इ, उ, आ आए तो ये आपस में मिलकर क्रमशः दीर्घ आ, ई, ऊ हो जाते हैं, इसी कारण इस संधि को दीर्घ संधि कहते हैं; जैसे- संग्रह + आलय = संग्रहालय, महा + आत्मा = महात्मा।
इस प्रकार के कम-से-कम दस उदाहरण खोजकर लिखिए और अपनी शिक्षिका/शिक्षक को दिखाइए।


निम्नलिखित के संभावित परिणाम क्या-क्या हो सकते हैं ? आपस में चर्चा कीजिए, जैसे - "ईमानदारी को मूर्खता का पर्याय समझा जाने लगा है।" परिणाम – भ्रष्टाचार बढ़ेगा।
1. "सच्चाई केवल भीरू और बेबस लोगों के हिस्से पड़ी है।" ____________
2. "झूठ और फरेब का रोज़गार करनेवाले फल-फूल रहे हैं।" ____________
3. "हर आदमी दोषी अधिक दिख रहा है, गुणी कम।" ____________


पाठ से तीनों प्रकार की संज्ञाओं के उदाहरण खोजकर लिखिए।


 गवरइया के स्वभाव से यह प्रमाणित होता है कि कार्य की सफलता के लिए उत्साह आवश्यक है। सफलता के लिए उत्साह की आवश्यकता क्यों पड़ती है, तर्क सहित लिखिए।


चारों कारीगर राजा के लिए काम कर रहे थे। एक रजाई बना रहा था। दूसरा अचकन के लिए सूत कात रहा था। तीसरा बागी बुन रहा था। चौथा राजा की सातवीं रानी की दसवीं संतान के लिए झब्बे सिल रहा था। उन चारों ने राजा का काम रोककर गवरइया का काम क्यों किया?


 “लाला झाऊलाल जी ने फौरन दो और दो जोड़कर स्थिति को समझ लिया।” आपके विचार से लाला झाऊलाल ने कौन-कौन सी बातें समझ ली होंगी?


क्या होता यदि
अंग्रेज़ लोटा न खरीदता?


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