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‘ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा सफलता के सोपान हैं’, इस विषय पर अपना मत लिखिए।

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Question

‘ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा सफलता के सोपान हैं’, इस विषय पर अपना मत लिखिए।

Answer in Brief
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Solution

ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा सफलता के सोपान हैं। ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा व्यक्ति को सभी परेशानियों से मुक्त और निडर बनाती हैं। ईमानदार और कर्तव्यनिष्ठ होना आसपास के लोगों का विश्वास, खुशियों व आशीर्वाद जैसी बहुत-सी चीजें प्राप्त करने में एक व्यक्ति की मदद करता है। आज की दुनिया छल, कपट, झूठ और फरेब की दुनिया है। अनेक लोग ईमानदारी, कर्तव्यनिष्ठा जैसे गुणों के स्थान पर छल, फरेब, धोखाधड़ी, बेईमानी को अधिक महत्त्व देते हैं। वे अपनी धूर्तता को कूटनीति का नाम देते हैं। वे नहीं जानते कि जीवन में ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा का बहुत महत्त्व है। झूठ और कपट का भंडाफोड़ एक-न-एक दिन अवश्य होता है। लोगों को एक बार धोखा दिया जा सकता है। लेकिन चालाकी से उन्हें बार-बार मूर्ख बनाना कठिन है। आज वही व्यक्ति उन्नति कर सकता है, जिसके कार्य का आधार ईमानदारी हो, जिसका चरित्र बेदाग हो। कोई भी व्यक्ति यदि पूरी ईमानदारी व कर्तव्यनिष्ठा के साथ कार्य करे तो उसे उच्चतम पद पर पहुँचने से कोई नहीं रोक सकता। कई ऐसे लोग होते हैं, जो घटिया दर्जे के उपायों के द्वारा कम समय में धन तो कमा लेते हैं, परंतु समाज में उन्हें प्रतिष्ठा नहीं मिल पाती।

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गद्य (Prose) (11th Standard)
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Chapter 6: कलम का सिपाही - स्वाध्याय [Page 32]

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Balbharati Hindi Yuvakbharati Standard 11 Maharashtra State Board
Chapter 6 कलम का सिपाही
स्वाध्याय | Q ३. (आ) | Page 32
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