English

चित्र को देखो। क्या इसे देखकर तुम्हें कुछ मुहावरा या कहावत याद आती हैं? उन्हें लिखो। आस्तीन ____________________

Advertisements
Advertisements

Question

चित्र को देखो। क्या इसे देखकर तुम्हें कुछ मुहावरा या कहावत याद आती हैं? उन्हें लिखो।

आस्तीन
____________________
One Line Answer
Advertisements

Solution

आस्तीन
आस्तीन का साँप
shaalaa.com
कब आऊँ
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 9: कब आऊँ - कब आऊँ [Page 71]

APPEARS IN

NCERT Hindi - Rimjhim Class 3
Chapter 9 कब आऊँ
कब आऊँ | Q 3. | Page 71

RELATED QUESTIONS

सेठ ने किस रंग में कपड़ा रंगने को कहा?


अवंती ने कपड़ा अलमारी में बंद कर दिया। क्यों?


सेठ कपड़ा लेने किस दिन आया होगा?


नीचे के वाक्य में कुछ हरी-भरी सब्ज़ि का नाम छुपा हैं। ढूँढ़ो तो ज़रा –

अब भागो भी, बारिश होने लगी है।


नीचे के वाक्य में कुछ हरी-भरी सब्ज़ि का नाम छुपा हैं। ढूँढ़ो तो ज़रा –

शीला के पास बैग नहीं है।


नीचे के वाक्य में कुछ हरी-भरी सब्ज़ि का नाम छुपा हैं। ढूँढ़ो तो ज़रा –

गोपाल कबूतर उड़ा दो।


चित्र को देखो। क्या इसे देखकर तुम्हें कुछ मुहावरा या कहावत याद आती हैं? उन्हें लिखो।

ग्यारह
__________________

रूमाल के साथ बिना कुछ बाँधे इसे और ऊँचा कैसे उछाला जा सकता है?


रंगाई शब्द रंग से बना है। इसी तरह और शब्द बनाओ –

रंग

रंगाई

साफ़

______

चढ़

______

बुन

______


जिन शब्द के नीचे रेखा खिंची है, उसका मतलब बताओ –

मुझे बैंगनी रंग कतई अच्छा नहीं लगता।


जिन शब्द के नीचे रेखा खिंची है, उसका मतलब बताओ –

मैं तुम्हारा हुनर देखना चाहता हूँ।


जिन शब्द के नीचे रेखा खिंची है, उसका मतलब बताओ –

रंग के बारे में मेरी कोई खास पसंद तो है नहीं।


आफ़ंती के बारे में कुछ वाक्य लिखो। तुम उसके कपड़ों, शक्ल-सूरत, पालतू पशु, बुद्धि आदि के बारे में बता सकती हो।


कब आऊँ वाले किस्से को चित्रकथा के रूप में लिखो।


कभी-कभी हम अपनी बात करते हुए ऐसे शब्द भी बोल देते हैं, जिनकी कोई ज़रूरत नहीं होती। इसी तरह इस वाक्य में कुछ शब्द फ़ालतू हैं। उसे ढूँढ़कर अलग करो –

बाज़ार से हरा धनिया पत्ती भी ले आना।


कभी-कभी हम अपनी बात करते हुए ऐसे शब्द भी बोल देते हैं, जिनकी कोई ज़रूरत नहीं होती। इसी तरह इस वाक्य में कुछ शब्द फ़ालतू हैं। उसे ढूँढ़कर अलग करो –

अरे! रस में इतनी सारी ठंडी बर्फ़ क्यों डाल दी?


कभी-कभी हम अपनी बात करते हुए ऐसे शब्द भी बोल देते हैं, जिनकी कोई ज़रूरत नहीं होती। इसी तरह इस वाक्य में कुछ शब्द फ़ालतू हैं। उसे ढूँढ़कर अलग करो –

ज़ेबा, बगीचे से दो ताज़े नीबू तोड़ लो।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×