Advertisements
Advertisements
Question
बेन्जीन, n-हैक्सेन तथा एथाइन को घटते हुए अम्लीय व्यवहार के क्रम में व्यवस्थित कीजिए और इस व्यवहार का कारण बताइए।
Answer in Brief
Advertisements
Solution
इन तीनों यौगिकों में कार्बन की संकरण अवस्था निम्नवत् है-
\[\ce{\underset{\text{हेक्सेन}}{CH3 - (CH2)4} - \overset{sp^3}{CH3}H - C ≡ \underset{\text{ऐसीटिलीन}}{\overset{sp}{C}} - H}\]
| कक्षक का प्रकार | sp2 | sp3 | sp |
| s- लक्षण | 33.3% | 25% | 50% |
कक्षक का s-लक्षण बढ़ने पर अम्लीय लक्षण बढ़ता है अतः अम्लीय लक्षण निम्न क्रम में घटता है-
ऐसीटिलीन > बेंजीन > हेक्सेन
shaalaa.com
ऐरोमैटिक हाइड्रोकार्बन - बेन्जीन का विरचन
Is there an error in this question or solution?
