English

‘संघर्ष के कारण मैं तुनुकमिज़ाजी हो गया’–पाठ किस विधा पर आधारित है? - Hindi (हिंदी)

Advertisements
Advertisements

Question

‘संघर्ष के कारण मैं तुनुकमिज़ाजी हो गया’–पाठ किस विधा पर आधारित है?

Options

  • एकांकी

  • संस्मरण

  • जीवनी

  • साक्षात्कार

MCQ
Advertisements

Solution

साक्षात्कार

स्पष्टीकरण:

‘संघर्ष के कारण मैं तुनुकमिज़ाजी हो गया’ पाठ साक्षात्कार पर आधारित है क्योंकि इसमें नसीरुद्दीन शाह ने स्वयं अपने जीवन के अनुभव साझा किए हैं। यह संवादात्मक शैली में प्रस्तुत है, जो साक्षात्कार विधा की विशेषता होती है।

shaalaa.com
गद्य (Prose) (Class 7)
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 18: संघर्ष के कारण मैं तुनुकमिज़ाज हो गया: धनराज - अतिरिक्त प्रश्न

APPEARS IN

NCERT Hindi - Vasant Part 2 Class 7
Chapter 18 संघर्ष के कारण मैं तुनुकमिज़ाज हो गया: धनराज
अतिरिक्त प्रश्न | Q 1

RELATED QUESTIONS

एनीमिया क्यों होता है?


महाभारत में एक ही व्यक्ति के एक से अधिक नाम दिए गए हैं। बताओ, नीचे लिखे हुए नाम किसके हैं?

पृथा राधेय वासुदेव
गांगेय सैरंध्री कंक

तुमने अपने आस-पास अमीर और गरीब, दोनों तरह के लोग देखे होंगे। तुम्हारे विचार से गरीबी के क्या कारण हो सकते हैं?


जा पा जलिन पा और सुक पा बुंगि पा का नाम आदर से क्यों लिया जाता है?


नीचे लिखे शब्दों में सही अक्षर भरो-

व ______


काबुलीवाला हमेशा पैसे क्यों लौटा देता था?


रहमत ने एक धोखेबाज़ आदमी को छुरा मार दिया। क्या अगर तुम रहमत की जगह होते तो क्या करते?


तुम्हारे मन में भी अनेक सवाल उठे होंगे जिनके जवाब तुम्हें नहीं मिले। ऐसे ही कुछ सवालों की सूची बनाओ।


बोलचाल में प्रयोग होने वाले शब्द और वाक्यांश 'दादी माँ' कहानी में हैं। इन शब्दों और वाक्यांशो से पता चलता है कि यह कहानी किसी विशेष क्षेत्र से संबंधित है। ऐसे शब्दों और वाक्यांशो में क्षेत्रीय बोलचाल की खूबियाँ होती हैं। उदाहरण के लिए-निकसार, बरह्मा, उरिन, चिउड़ा, छौंका इत्यादि शब्दों को देखा जा सकता है। इन शब्दों का उच्चारण अन्य क्षेत्रीय बोलयों में अलग ढंग से होता है, जैसे-चिउड़ा को चिड़वा, चूड़त्र, पोहा और इसी तरह छौंका को छौंक, तड़का भी कहा जाता है। निकसार, उरिन और बरह्मा शब्द क्रमश: निकास, उऋण और ब्रह्मा शब्द का क्षेत्रीय रूप हैं। इस प्रकार के दस शब्दों को बोलचाल में उपयोग होनेवाली भाषा/बोली से एकत्र कीजिए और कक्षा में लिखकर दिखाइए।


लेखक ने हिमालय से निकलनेवाली नदियों को ममता भरी आँखों से देखते हुए उन्हें हिमालय की बेटियाँ कहा है। आप उन्हें क्या कहना चाहेंगे? नदियों की सुरक्षा के लिए कौन-कौन से कार्य हो रहे हैं? जानकारी प्राप्त करें और अपना सुझाव दें।


अनुमान लगाइए कि जिस समय बच्ची को चोर ने उठाया होगा वह किस स्थिति में होगी? क्या वह पार्क/ दान में खेल रही होगी या घर से रूठकर भाग गई होगी या कोई अन्य कारण होगा?


आपने देखा होगा कि नाटक के बीच-बीच में कुछ निर्देश दिए गए हैं। ऐसे निर्देशों से नाटक के दृश्य स्पष्ट होते हैं, जिन्हें नाटक खेलते हुए मंच पर दिखाया जाता है, जैसे-'सड़क/रात का समय...दूर कहीं कुत्तों के भौंकने की आवाज़।' यदि आपको रात का दृश्य मंच पर दिखाना हो तो क्या-क्या करेंगे, सोचकर लिखिए।


पेड़ अपने जन्म के बारे में क्या कहता है?


किस घटना को याद कर पेड़ थर-थर काँपने लगता है?


अप्पू के कंचे सड़क पर कैसे बिखर गए?


निबंध में आपने ये पंक्तियाँ पढ़ी हैं-मैं अपने शाल में लपेटकर उसे संगम ले गई। जब गंगा के बीच धार में उसे प्रवाहित किया गया तब उसके पंखों की चंद्रिकाओं से बिंबित प्रतिबिंबित होकर गंगा को चौड़ा पाट एक विशाल मयूर के समान तरंगित हो उठा।’ -इन पंक्तियों में एक भावचित्र है। इसके आधार पर कल्पना कीजिए और लिखिए मोर पंख की चंद्रिका और गंगा की लहरों में क्या-क्या समानताएँ लेखिका ने देखी होगी जिसके कारण गंगा का चौड़ा पाट एक विशाल मयूर पंख के समान तरंगित हो उठा।


बहुविकल्पी प्रश्न

वीर कुंवर सिंह का जन्म किस राज्य में हुआ था?


वीर कुंवर सिंह के जीवन से आपको क्या प्रेरणा मिलती है? लिखिए।


रिक्त स्थान भरो -

नमूना → गुड़िया जैसी सुंदर

रूई जैसा _______


अपने प्राणों के बलिदान का अवसर आ गया है। इस वाक्य में "प्राणों का बलिदान देना" मुहावरे का प्रयोग हुआ है।
नीचे मुहावरा दिया गया हैं। इसका अपने वाक्य में प्रयोग करो।

शहीद हो जाना


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×