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Question
अधोलिखितशब्दान् उदाहरणानुसारं लिखत –
| पत्त्रं | ||
| पत्राय | पत्रेभ्याम् | पत्रेभ्यः |
| फलम् | ||
| ______ | ______ | ______ |
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Solution
| फलम् | ||
| फलाय | फलाभ्यां | फलेभ्यः |
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उचितपदानि चित्वा रिक्तस्थानानि पूरयत –
______ विकसन्ति
उचितविभक्तिं प्रयुज्य रिक्तस्थानानि पूरयत –
परस्परं ______ च कुर्वन्ति। (वार्तालाप)
उचितविभक्तिं प्रयुज्य रिक्तस्थानानि पूरयत –
ताः पुष्पाणां ______ दृष्ट्वा प्रसीदन्ति (शोभा)
उदाहरणानुसारं लिखित –
| शब्द: | विभक्तिः | एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुचनम् |
| जन | द्वितीया | जनम् | जनौ | जनान् |
| मनुष्य | ______ | ______ | ______ | ______ |
उचितपदेन रिक्तस्थानानि पूरयत –
रङ्गशालायः शोभा ______ भवति।
अधोलिखितशब्दान् उदाहरणानुसारं लिखत –
| लता | ||
| लतायै | लताभ्याम् | लताभ्यः |
| शाखा | ||
| ______ | ______ | ______ |
कोष्ठकप्रदत्तपदैः सह उचितविभक्तिं प्रयुज्य रिक्तस्थानानि पूरयत –
______ ते चिरकालात् पंक्तौ तिष्ठन्ति। (आहार)
चतुर्थी-विभक्तियुक्तपदानि स्थूलरेखया चिह्नतानि कुरुत पृथक्तया लिखत च –
शक्तिः परेषां परिपीडनाय।
कोष्ठके प्रदत्तशब्दैः सह उचितविभक्तिं प्रयुज्य रिक्तस्थानानि पूरयत।
______ अङ्कुरः प्रभवति। (बीज)
कोष्ठके प्रदत्तशब्दैः सह उचितविभक्तिं प्रयुज्य रिक्तस्थानानि पूरयत।
______ विद्युत् उद्भवति। (जल)
कोष्ठके प्रदत्तशब्दैः सह उचितविभक्तिं प्रयुज्य रिक्तस्थानानि पूरयत।
______ छात्रा: पठन्ति। (शिक्षक)
पंचमीविभक्तियुक्तपदं उदाहरणानुसारं चिह्नितं कुरुत –
यथा- काष्ठात् अग्निः जायते मध्यमानात्।
विद्या ददाति विनय
विनयाद् याति पात्रताम्
पात्रत्वाद् धनमाप्नोति
धनाद् धर्मः ततः सुखम्।
यथोचितं योजयत –
| पिपीलिका | नरात् |
| देव | वृद्धायाः |
| सैनिक | मधुमक्षिकायाः |
| मधुमक्षिका | सैनिकत् |
| वृद्धा | देवात् |
| नर | पिपीलिकायाः |
कोष्ठकात् उचितं पदं चित्वा रिक्तस्थानानि पूरयत –
वृक्षाः ______ आधारभूताः सन्ति ।
उदाहरणानुसारं लिखत –
यथा-
| नर | ||
| नरस्य | नर्योः | नराणां |
| क्षमा | ||
| ______ | ______ | ______ |
प्रदत्तम् उदाहरणम् अनुसृत्य षष्ठीविभक्तिम् उपयुज्य पञ्च वाक्यानि लिखत।
उदाहरणम् –
1. अहं विद्यायाः महत्त्वं जानामि।
2. कृषकस्य क्षेत्र हरितम् अस्ति।
उदाहरणमनुसृत्य अधोलिखितान् कोष्ठकान् यथायोग्यपदैः पूरयत –
यथा- जन
| जने | जन्योः | जनेषु |
क्षमा
| ______ | ______ | ______ |
चतुर्थी-विभक्तियुक्तपदानि स्थूलरेखया चिह्नतानि कुरुत पृथक्तया लिखत च –
खलस्य साधोर्विपरीतमेतत् .
