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तुमने देखा कैसे बच्चे अलग-अलग पुलों की मदद से उबड़-खाबड़ रास्ते और नदियों को पार करके स्कूल पहुँचते हैं।

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प्रश्न

तुमने देखा कैसे बच्चे अलग-अलग पुलों की मदद से उबड़-खाबड़ रास्ते और नदियों को पार करके स्कूल पहुँचते हैं।

एका वाक्यात उत्तर
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उत्तर

हाँ, मैंने देखा कि कैसे बच्चे अलग-अलग पुलों की मदद से उबड़-खाबड़ रास्ते और नदियों को पार करके स्कूल पहुँचते हैं।

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चलो, चलें स्कूल!
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पाठ 1: चलो, चलें स्कूल! - करके देखो [पृष्ठ ३]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Environmental Studies - Looking Around [Hindi] Class 4
पाठ 1 चलो, चलें स्कूल!
करके देखो | Q 4.3 | पृष्ठ ३

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अगर तुम्हें मौका मिले, तो तुम कौन-से पुल से जाना चाहोगे? क्यों?


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क्या बैलगाड़ियों में छत होती है?


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तुम्हारे स्कूल में कितने बच्चे साइकिल से आते हैं?


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मैदान में या स्कूल में किसी खुली जगह पर सब बच्चे इकट्टे हो जाओ। अब नीचे दी गई स्थितियों में तुम कैसे चलोगे, करके दिखाओ।

  1. अगर ज़मीन एकदम गुलाब की पंखुड़ियों जैसी हो।
  2. अगर ज़मीन काँटों-भरे मैदान में बदल गई हो और आस-पास ऊँची-ऊँची घास हो।
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क्या हर बार तुम्हारी चाल बदली? चर्चा करो।


कैसे शिकायत दर्ज करोगे?


क्या सज़ा देना ही गलत काम के सुधार का तरीका है? स्कूल के लिए ऐसे नियम बनाओ, जिससे बिना सज़ा के स्कूल में सुधार हो।


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