मराठी

सभी कुछ गीत है, अगीत कुछ नहीं होता। कुछ अगीत भी होता है क्या? स्पष्ट कीजिए। - Hindi Course - B

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

सभी कुछ गीत है, अगीत कुछ नहीं होता। कुछ अगीत भी होता है क्या? स्पष्ट कीजिए।

स्पष्ट करा
Advertisements

उत्तर

कवि के अनुसार “सभी कुछ गीत है, अगीत कुछ नहीं” का अर्थ यह है कि प्रकृति, जीवन, प्रेम, दुख–सुख, सभी में एक प्रकार की संगीत-लय मौजूद है। नदी की धारा, पक्षियों का कलरव, हवा की सरसराहट, मनुष्य के भाव सब कुछ किसी न किसी रूप में गीत ही हैं। अर्थात् जीवन का हर अनुभव अपने आप में एक सुंदर “गान” है।

लेकिन अगीत भी होता है। कवि जब “अगीत” का उल्लेख करते हैं तो उनका आशय उन भावों, पीड़ाओं और मौन अनुभूतियों से है जो शब्दों में व्यक्त नहीं हो पातीं। कुछ दर्द, कुछ सपने, कुछ मन की गहराइयाँ ऐसी होती हैं जिन्हें व्यक्ति कह तो नहीं पाता, पर वे भीतर गूँजती रहती हैं। वही अगीत हैं।

इस प्रकार,

  • गीत = जो बोला, गाया या व्यक्त किया जा सके।
  • अगीत = जो मन में उठा तो है, पर अभिव्यक्त नहीं हो पाया।

संसार में गीत हर जगह है, पर कुछ भाव ऐसे भी हैं जो शब्दों में ढल नहीं पाते। वे “अगीत” हैं, और जीवन में गीत जितने ही सुंदर और महत्त्वपूर्ण होते हैं।

shaalaa.com
पद्य (Poetry) (Class 9 B)
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 11: रामधारी सिंह दिनकर - गीत – अगीत - प्रश्न अभ्यास [पृष्ठ १०१]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi - Sparsh Part 1 Class 9
पाठ 11 रामधारी सिंह दिनकर - गीत – अगीत
प्रश्न अभ्यास | Q 1.7 | पृष्ठ १०१

संबंधित प्रश्‍न

निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए:
'माँग मत', 'कर शपथ', इन शब्दों का बार-बार प्रयोग कर कवि क्या कहना चाहता है?


निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए 
चल रहा मनुष्य है
अश्रु-स्वेद-रक्त से लथपथ, लथपथ, लथपथ


‘अग्नि पथ’ कविता को आप अपने जीवन के लिए कितनी उपयोगी मानते हैं?


‘अग्नि पथ’ का प्रतीकार्थ स्पष्ट कीजिए।


प्रेमी और उसकी राधा के माध्यम से गीत-अगीत की स्थिति को स्पष्ट कीजिए।


प्रकृति अपने विभिन्न क्रिया-कलापों से मनुष्य को प्रभावित करती है। ‘गीत-अगीत’ कविता के आधार पर स्पष्ट कीजिए।


बीमार बच्ची ने क्या इच्छा प्रकट की?


जेल से छूटने के बाद सुखिया के पिता ने अपनी बच्ची को किस रूप में पाया?


निम्नलिखित पंक्ति का आशय स्पष्ट करते हुए उनका अर्थ-सौंदर्य बताइए 
अविश्रांत बरसा करके भी
आँखे तनिक नहीं रीतीं


निम्नलिखित पंक्ति का आशय स्पष्ट करते हुए उनका अर्थ-सौंदर्य बताइए 

पापी ने मंदिर में घुसकर
किया अनर्थ बड़ा भारी


‘एक फूल की चाह’ कविता में देवी के भक्तों की दोहरी मानसिकता उजागर होती हैं। स्पष्ट कीजिए।


चारों छंदों में कवि ने आदमी के सकारात्मक और नकारात्मक रूपों को परस्पर किन-किन रूपों में रखा है? अपने शब्दों में स्पष्ट कीजिए।


निम्नलिखित में अभिव्यक्त व्यंग्य को स्पष्ट कीजिए:
पढ़ते हैं आदमी ही कुरआन और नमाज़ यां
और आदमी ही उनकी चुराते हैं जूतियाँ


निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए :
टूटे से फिर ना मिले, मिले गाँठ परि जाय।


निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए :
सुनि अठिलैहैं लोग सब, बाँटि न लैहैं कोय।


नट किस कला में पारंगत होता है? रहीम ने उसका उदाहरण किसलिए दिया है?


‘रैदास’ ने अपने स्वामी को किन-किन नामों से पुकारा है?


नीचे लिखी पंक्ति का भाव स्पष्ट कीजिए:

ऐसी लाल तुझ बिनु कउनु करै


भक्त कवि कबीर, गुरु नानक, नामदेव और मीराबाई की रचनाओं का संकलन कीजिए।


रैदास ने अपने ‘लाल’ की किन-किन विशेषताओं का उत्लेख किया है?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×