Advertisements
Advertisements
प्रश्न
निम्नलिखित मुहावरों का प्रयोग वाक्यों में कीजिए −
(क) टुकड़े चबाना
(ख) पगड़ी उतारना
(ग) मुरीद होना
(घ) जान वारना
(ङ) तेग मारना
Advertisements
उत्तर
(क) टुकड़े चबाना − मज़दूर मेहनत करके भी सूखे टूकड़े चबाता है।
(ख) पगड़ी उतारना − ठाकुर दास ने भरी पंचायत में मोहनदास की पगड़ी उतारने में कोई कसर न छोड़ी।
(ग) मुरीद होना − उसकी बातें सुनकर मैं तो उसका मुरीद बन गया।
(घ) जान वारना − गणेश अपने भाई पर जान वारता है।
(ङ) तेग मारना − दुष्ट स्वभाव के लोग ही दूसरों को तेग मारते हैं।
संबंधित प्रश्न
निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए −
चल रहा मनुष्य है
अश्रु-स्वेद-रक्त से लथपथ, लथपथ, लथपथ
इस कविता का मूलभाव क्या है? स्पष्ट कीजिए।
एक पत्र छाँह भी माँग मत’ कवि ने ऐसा क्यों कहा है?
निम्नलिखित उदाहरण में 'वाक्य-विचलन'को समझने का प्रयास कीजिए। इसी आधार पर प्रचलित वाक्य-विन्यास लिखिए :
उदाहरण: तट पर एक गुलाब सोचता
एक गुलाब तट पर सोचता है।
देते स्वर यदि मुझे विधाता
प्रेमी और उसकी राधा के माध्यम से गीत-अगीत की स्थिति को स्पष्ट कीजिए।
प्रकृति अपने विभिन्न क्रिया-कलापों से मनुष्य को प्रभावित करती है। ‘गीत-अगीत’ कविता के आधार पर स्पष्ट कीजिए।
इस कविता का केन्द्रिय भाव अपने शब्दों में लिखिए।
तत्कालीन समाज में व्याप्त स्पृश्य और अस्पृश्य भावना में आज आए परिवर्तनों पर एक चर्चा आयोजित कीजिए।
न्यायालय द्वारा सुखिया के पिता को क्यों दंडित किया गया?
महामारी से सुखिया पर क्या प्रभाव पड़ा? इससे उसके पिता की दशा कैसी हो गई?
सुखिया के पिता के अनुसार, भक्तगण देवी की गरिमा को किस तरह चोट पहुँचा रहे थे?
निम्नलिखित अंश को व्याख्या कीजिए −
अशराफ़ और कमीने से ले शाह ता वज़ीर
ये आदमी ही करते हैं सब कारे दिलपज़ीर
निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए :
प्रेम का धागा टूटने पर पहले की भाँति क्यों नहीं हो पाता?
निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए :
हमें अपना दुख दूसरों पर क्यों नहीं प्रकट करना चाहिए? अपने मन की व्यथा दूसरों से कहने पर उनका व्यवहार कैसा हो जाता है?
निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए :
टूटे से फिर ना मिले, मिले गाँठ परि जाय।
नीति संबंधी अन्य कवियों के दोहे/कविता एकत्र कीजिए और उन दोहों/कविताओं को चार्ट पर लिखकर भित्ति पत्रिका पर लगाइए।
नीचे लिखी पंक्ति का भाव स्पष्ट कीजिए :
जाकी अँग-अँग बास समानी
नीचे लिखी पंक्ति का भाव स्पष्ट कीजिए :
नीचहु ऊच करै मेरा गोबिंदु काहू ते न डरै
पाठ में आए दोनों पदों को याद कीजिए और कक्षा में गाकर सुनाइए।
