मराठी
महाराष्ट्र राज्य शिक्षण मंडळएस.एस.सी (इंग्रजी माध्यम) इयत्ता ७ वी

किसी नियत विषय पर भाषण देने हेतु टिप्पणी बनाओ : प्रस्तावना, स्व मत, विषय प्रवेश, उद्धरण, सुवचन

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

 

सविस्तर उत्तर
Advertisements

उत्तर

वृक्षारोपण पर भाषण

मेरे प्यारे दोस्तो,

आप सभी को मेरा नमस्कार ! आज मैं आपके समक्ष वृक्षारोपण पर अपने वक्तव्य प्रस्तुत करने जा रहा हूँ। मैंने यह विषय इसलिए चुना क्योंकि हमारी आज की दुनिया अनेक समस्याओं से घिरी हुई है और इनमें से सबसे बड़ी समस्या पेड़ों की कटाई के कारण उत्पन्न हो रही है। लोग पेड़ों के महत्त्व को जाने बिना अपने फायदे के लिए उन्हें काट रहे हैं। पेड़ प्रकृति की तरफ से धरती पर मानव को दिया गया सबसे अनमोल उपहार है।

हमें अपने जीवन में पेड़ों के महत्त्व को समझना चाहिए और धरती पर जीवन को बचाने के लिए अपना सबसे बेहतर प्रयास करना चाहिए। पेड़ पौधे सोने की तरह मूल्यवान है; इसी वजह से इन्हें धरती पर 'हरा सोना' कहा जाता है। संपत्ति के साथ ही हमारी सेहत का ये वास्तविक स्रोत हैं, क्योंकि ये ऑक्सीजन, ठंडी हवा, फल, मसाले, सब्जी, दवा, पानी, लकड़ी, फर्नीचर, छाया, जलाने के लिए इर्धन, जानवरों के लिए चारा आदि हमें प्रदान करते हैं। ये जहरीली गैसों वाली हवा को ताजा करते हैं और हमें वायु प्रदूषण से भी बचाते हैं इसलिए दोस्तों मेरी बात गौर से सुनो...

प्रदूषण से धरती को है खतरा।

पेड़-पौधे लगाकर दूर कर सकते हैं खतरा।।

पेड़ को रखो संरक्षित,

आनेवाला कल रहेगा सुरक्षित।।

प्रकृति से हाथ मिलाओ..

पेड़ लगाओ।। पेड़ बचाओ।।

दोस्तो! हम चाहे कहीं भी रहे, पर्यावरण की देखभाल करना हमारे लिए अत्यधिक महत्त्वपूर्ण है। छोटे स्तर पर काम शुरू करें। अपने घर के आँगन, गली, मुहल्ले, बगीचे जंगल जहाँ भी आपको लगे कि यहाँ पेड़ लगाया जा सकता है, तो जरूर लगाइए। अपने मित्रों के साथ पृथ्वी दिवस मनाइए और पेड़ों के महत्त्व के बारे में अपने परिवार, समाज, राज्य, देश और पूरे विश्व को जागरूक बनाइए।

दोस्तो! मैं उम्मीद करता हूँ कि आप सभी आज के मेरे इस वक्तव्य से वृक्षारोपण का महत्त्व भलीभाँति समझ गए होंगे और इस धरती को हरा-भरा करने लिए आवश्यक कदम जरूर उठाएँगे।
धन्यवाद!

shaalaa.com
उपयोजित / रचनात्मक लेखन (लेखन कौशल)
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 2.03: दाे लघुकथाएँ - अध्ययन कौशल [पृष्ठ ३३]

APPEARS IN

बालभारती Hindi Sulabhbharati Standard 7 Maharashtra State Board
पाठ 2.03 दाे लघुकथाएँ
अध्ययन कौशल | Q (१) | पृष्ठ ३३
बालभारती Hindi Sulabhbharati Ekatmik Standard 7 Maharashtra State Board
पाठ 11 दो लघुकथाएँ
अंतःपाठ प्रश्न | Q १२. | पृष्ठ ६२

संबंधित प्रश्‍न

अपने घर की छत से पूर्णिमा की रात देखिए तथा उसके सौंदर्य को अपनी कलम से शब्दबद्ध कीजिए।


मैंने समझा पूर्ण विश्राम पाठ से 


किसी ग्रामीण और शहरी व्यक्‍ति की दिनचर्या की तुलनात्‍मक जानकारी प्राप्त करके आपस में चर्चा करो।


किसी मराठी निमंत्रण पत्रिका का रोमन (अंग्रेजी) में लिप्यंतरण करो।


‘कर्म ही पूजा है’, विषय पर अपने विचार सौ शब्‍दों में लिखो।


गाँव संबंधी सरकारी योजनाओं की जानकारी पढ़ो और मुख्य बातें सुनाओ।


चित्र पहचानकर उनके नाम लिखो:

____________


दिए गए चित्रों के आधार पर उचित और आकर्षक विज्ञापन तैयार करो।


‘अब पछताए होत क्या, जब चिड़िया चुग गई खेत’ पर आधारित कोई कहानी सुनाओ।


यदि साइकिल तुमसे बोलने लगी तो ......


निम्नलिखित चित्रों के नाम बताओ और जानकारी लिखो।


अक्षर समूह में से खिलाड़ियों के नाम बताओ और लिखो।

ना सा वा ने  
ध्या चं        
शा जा बा खा    
ल्खा सिं मि        
री काॅ मे        
नि मि सा र्जा या      
डु तें चि

बिना सोचे विचारे किसी बात पर विश्वास ना करें।


।। विज्ञान का फैलाओगे प्रकाश तो होगा अंधविश्वास का नाश ।।


रुपयों (नोट) पर लिखी कीमत कितनी और किन भाषाओं में अंकित है, बताओ।


एक महीने की दिनदर्शिका बनाओ और विशेष दिन बताओ।


१ से १०० तक की संख्याओं का मुखर वाचन करो।


अपनी कक्षा द्‍वारा की गई किसी क्षेत्रभेंट का वर्णन लिखिए।


Write a composition in approximately 400 words in Hindi of the topic given below:

नीचे दिए गए विषय पर हिन्दी में निबन्ध लिखिए जो लगभग 400 शब्दों से कम न हो। 

पहले अपने गली-मोहल्ले की दुकानों से खरीदारी की जाती थी। पर अब 'ऑनलाइन' खरीदारी का प्रचलन बढ़ता जा रहा है। इस परिवर्तन का समाज पर क्या प्रभाव पड़ रहा हैं? समझाकर लिखिए।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×