हिंदी

वर्षा में भींगना और खेलनों आपको कैसा लगता है? - Hindi (हिंदी)

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

वर्षा में भींगना और खेलनों आपको कैसा लगता है?

एक पंक्ति में उत्तर
Advertisements

उत्तर

वर्षा में भींगना और खेलना मुझे बहुत अच्छा लगता है।

shaalaa.com
पद्य (Poetry) (Class 7)
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 16: भोर और बरखा - अनुमान और कल्पना [पृष्ठ १२१]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi - Vasant Part 2 Class 7
अध्याय 16 भोर और बरखा
अनुमान और कल्पना | Q 3 | पृष्ठ १२१

संबंधित प्रश्न

बहुविकल्पी प्रश्न

कवि देशवासियों को कैसी तान सुनाना चाहता है?


 ‘कठपुतली’ कविता के माध्यम से कवि क्या संदेश देना चाहता है?


बहुविकल्पी प्रश्न

यह गीत कैसा गीत है?


हमारे देश में पुराने समय से ही पेड़-पौधों को लगाने और उन्हें कटने से बचाने की परंपरा रही है। कई बार लोगों ने मिलकर पेड़ों को बचाने के लिए आंदोलन भी किया। ऐसे ही किसी आंदोलन के बारे में जानकारी इकट्ठी करके कॉपी में लिखो। इसके लिए तुम्हें पुस्तकालय, समाचार-पत्रों, शिक्षिका या माता-पिता और इंटरनेट से भी सहायता मिल सकती है।


कविता की कुछ पंक्तियाँ छाँटकर लिखो जिनसे पता लगता है कि कवि को इस बात पर पूरा भरोसा है कि एक दिन सबको मान मिलेगा।


कविता में कवि बार-बार मान मिलने की बात करता है। मान मिलने से हमारे-तुम्हारे जीवन में क्या बदलाव आएगा?


नीचे कविता में से पंक्ति दी गई हैं। बताओ, इस पंक्ति का क्या अर्थ हो सकता है?

हमको तुमको प्रान मिलेगा।


अपनी सूची में से किसी एक के बारे में बताओ कि उसे मान-सम्मान कैसे मिल सकता है?


रिक्त स्थान पूरे करो।

नमूना → वह मोर सा नाचता है।

मेघाश्री की आवाज़ __________ की तरह मीठी है।


भाव स्पष्ट कीजिए-

या तो क्षितिज मिलन बन जाता/या तनती साँसों की डोरी।


'भूखे-प्यासे' में द्वंद्व समास है। इन दोनों शब्दों के बीच लगे चिह्न को सामासिक चिह्न (-) कहते हैं। इस चिह्न से 'और' का संकेत मिलता है, जैसे-

भूखे-प्यासे = भूखे और प्यासे।

• इस प्रकार के दस अन्य उदाहरण खोजकर लिखिए।


कठपुतली को अपने पाँवों पर खड़ी होने की इच्छा है, लेकिन वह क्यों नहीं खड़ी होती?


अंधकार दूर सिमटा कैसा लग रहा है?


इस कविता को कवि ने ‘मैं’ से आरंभ किया है- ‘मैं घमंडों में भरा ऐंठा हुआ’। कवि का यह ‘मैं’ कविता पढ़ने वाले व्यक्ति से भी जुड़ सकता है और तब अनुभव यह होगा कि कविता पढ़ने वाला व्यक्ति अपनी बात बता रहा है। यदि कविता में ‘मैं’ की जगह ‘वह’ या कोई नाम लिख दिया जाए, तब कविता के वाक्यों में बदलाव की जाएगा। कविता में ‘मैं’ के स्थान पर ‘वह’ या कोई नाम लिखकर वाक्यों के बदलाव को देखिए और कक्षा में पढ़कर सुनाइए।


तिनकेवाली घटना से कवि को क्या प्रेरणा मिली?


इस कविता से हमें क्या प्रेरणा मिलती है?


निम्न पंक्तियों को ध्यान से देखिए
‘कवि कुछ ऐसी तान सुनाओ ______ एक हिलोर उधर से आए’,
इन पंक्तियों के अंत में आए, जाए जैसे तुक मिलानेवाले शब्दों का प्रयोग किया गया है। इसे तुकबंदी या अंत्यानुप्रास कहते हैं। कविता से तुकबंदी के अन्य शब्दों को छाँटकर लिखिए। छाँटे गए शब्दों से अपनी कविता बनाने की कोशिश कीजिए।


'बंसीवारे ललना', 'मोरे प्यारे','लाल जी', कहते हुए यशोदा किसे जगाने का प्रयास करती हैं और वे कौन-कौन सी बातें कहती हैं


नीचे कविता में से पंक्ति दी गई हैं। कविता की अगली पंक्ति स्वयं बनाओ। ध्यान रखो, कविता में से देखकर नहीं लिखना।

नमूना →  ज़ोर - ज़ोर से गरज रहे है।
  तड़ तड़ तड़ तड़ बरस रहे है।

तब माँ कोई कर न सकेगा


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×