हिंदी

पर्वतों पर उगे पेड़ कवि को किस तरह दिख रहे हैं? - Hindi Course - B

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

पर्वतों पर उगे पेड़ कवि को किस तरह दिख रहे हैं?

टिप्पणी लिखिए
Advertisements

उत्तर

पर्वतों पर उगे पेड़ देखकर लगता है कि ये पेड़ पहाड़ के सीने पर उग आए हैं जो मनुष्य की ऊँची-ऊँची इच्छाओं की तरह हैं। ये पेड़ अत्यंत ध्यान से अपलक और अटल रहकर शांत आकाश की ओर निहार रहे हैं। शायद ये भी अपनी उच्चाकांक्षा को पूरा करने का उपाय खोजने के क्रम में चिंतनशील हैं।

shaalaa.com
पर्वत प्रदेश में पावस
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?

संबंधित प्रश्न

‘मेखलाकार’ शब्द का क्या अर्थ है? कवि ने इस शब्द का प्रयोग यहाँ क्यों किया है?


शाल के वृक्ष भयभीत होकर धरती में क्यों धँस गए?


निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए-

गिरिवर के उर से उठ-उठ कर
उच्चाकांक्षाओं से तरुवर
हैं झाँक रहे नीरव नभ पर
अनिमेषअटलकुछ चिंतापर।


इस कविता में मानवीकरण अलंकार का प्रयोग किया गया हैस्पष्ट कीजिए।


कवि ने चित्रात्मक शैली का प्रयोग करते हुए पावस ऋतु का सजीव चित्र अंकित किया है। ऐसे स्थलों को छाँटकर लिखिए।


इस कविता में वर्षा ऋतु में होने वाले प्राकृतिक परिवर्तनों की बात कही गई है। आप अपने यहाँ वर्षा ऋतु में होने वाले प्राकृतिक परिवर्तनों के विषय में जानकारी प्राप्त कीजिए।


वर्षा ऋतु पर लिखी गई अन्य कवियों की कविताओं का संग्रह कीजिए और कक्षा में सुनाइए।


कविता में पर्वत को कौन-सा मानवीय कार्य करते हुए दर्शाया गया है?


कविता में पर्वत के प्रति कवि की कल्पना अत्यंत मनोरम है-स्पष्ट कीजिए।


कवि के देखते-देखते अचानक कौन-सा परिवर्तन हुआ जिससे शाल के वृक्ष भयाकुल हो गए?


पर्वतीय प्रदेश में इंद्र अपनी जादूगरी किस तरह दिखा रहा था?


पर्वतीय प्रदेश में कुछ पेड़ पहाड़ पर उगे हैं तो कुछ शाल के पेड़ पहाड़ के पास। इन दोनों स्थान के पेड़ों के सौंदर्य में अंतर कविता के आधार पर स्पष्ट कीजिए।


'पर्वत प्रदेश में पावस' कविता में पर्वत द्वारा अपना प्रतिबिंब तालाब में देखना पर्वत के किन मनोभावों को स्पष्ट करना चाहता है?


‘पर्वत प्रदेश में पावस’ कविता में पर्वतों को ‘मेखलाकार पर्वत अपार’ कहने का कवि का क्या अभिप्राय है? स्पष्ट कीजिए।


निम्नलिखित प्रश्न के उत्तर लगभग 25 से 30 शब्दों में लिखिए:

‘पर्वत प्रदेश में पावस’ कविता के आधार पर कवि ने वृक्षों को पर्वतों की उच्चाकांक्षाएँ क्यों कहा है?


'पर्वत प्रदेश में पावस' कविता के आधार पर बताइए कि पर्वतों की ऊँचाई से गिरने वाले झरने किसके यश का गुणगान कर रहे हैं?


निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 60 शब्दों में लिखिए -

'पर्वत प्रदेश में पावस' कविता में पर्वतों की दृष्टि किसे कहा गया है? पर्वत अपना प्रतिबिंब कहाँ और क्यों निहार रहे हैं?


“जिसके चरणों में पला ताल, दर्पण - सा फैला है विशाल" -इन पंक्तियों में कवि ने ताल को किस रूप में चित्रित किया है?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×