हिंदी

कवि ने तालाब की समानता किसके साथ दिखाई है?

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

कवि ने तालाब की समानता किसके साथ दिखाई है?

एक पंक्ति में उत्तर
Advertisements

उत्तर

कवि ने तालाब की समानता दर्पण के साथ दिखाई है।

shaalaa.com
पर्वत प्रदेश में पावस
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 1.5: पर्वत प्रदेश में पावस - प्रश्न-अभ्यास (क) [पृष्ठ २८]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi Sparsh Bhag 2 [English] Class 10
अध्याय 1.5 पर्वत प्रदेश में पावस
प्रश्न-अभ्यास (क) | Q 4. i | पृष्ठ २८

संबंधित प्रश्न

पावस ऋतु में प्रकृति में कौन-कौन से परिवर्तन आते हैं? कविता के आधार पर स्पष्ट कीजिए?


‘सहस्र दृग-सुमन’ से क्या तात्पर्य हैकवि ने इस पद का प्रयोग किसके लिए किया होगा?


शाल के वृक्ष भयभीत होकर धरती में क्यों धँस गए?


निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए-

गिरिवर के उर से उठ-उठ कर
उच्चाकांक्षाओं से तरुवर
हैं झाँक रहे नीरव नभ पर
अनिमेषअटलकुछ चिंतापर।


इस कविता में मानवीकरण अलंकार का प्रयोग किया गया हैस्पष्ट कीजिए।


आपकी दृष्टि में इस कविता का सौंदर्य इनमें से किस पर निर्भर करता है −
(क) अनेक शब्दों की आवृति पर
(ख) शब्दों की चित्रमयी भाषा पर
(ग) कविता की संगीतात्मकता पर


वर्षा ऋतु पर लिखी गई अन्य कवियों की कविताओं का संग्रह कीजिए और कक्षा में सुनाइए।


बारिश, झरने, इंद्रधनुष, बादल, कोयल, पानी, पक्षी, सूरज, हरियाली, फूल, फल आदि या कोई भी प्रकृति विषयक शब्द का प्रयोग करते हुए एक कविता लिखने का प्रयास कीजिए।


कविता में पर्वत को कौन-सा मानवीय कार्य करते हुए दर्शाया गया है?


पर्वतों पर उगे पेड़ कवि को किस तरह दिख रहे हैं?


कविता में पर्वत के प्रति कवि की कल्पना अत्यंत मनोरम है-स्पष्ट कीजिए।


पर्वतीय प्रदेश में कुछ पेड़ पहाड़ पर उगे हैं तो कुछ शाल के पेड़ पहाड़ के पास। इन दोनों स्थान के पेड़ों के सौंदर्य में अंतर कविता के आधार पर स्पष्ट कीजिए।


'पर्वत प्रदेश में पावस' कविता में पर्वत द्वारा अपना प्रतिबिंब तालाब में देखना पर्वत के किन मनोभावों को स्पष्ट करना चाहता है?


‘पर्वत प्रदेश में पावस’ कविता में पर्वतों को ‘मेखलाकार पर्वत अपार’ कहने का कवि का क्या अभिप्राय है? स्पष्ट कीजिए।


निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 60 शब्दों में लिखिए:

'पर्वत प्रदेश में पावस' कविता के आधार पर लिखिए कि कवि को ऐसा क्यों लगता है कि जैसे अचानक पर्वत पंख लगाकर उड़ गया हो?


“जिसके चरणों में पला ताल, दर्पण - सा फैला है विशाल" -इन पंक्तियों में कवि ने ताल को किस रूप में चित्रित किया है?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×