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प्रश्न
“धूलि-धूसर तुम्हारे ये गात........
छोड़कर तालाब मेरी झोपड़ी में खिल रहे जलजात”
'तुम्हारी ये दंतुरित मुस्कान' से ली गई उपर्युक्त पंक्तियों में प्रयुक्त बिम्ब को स्पष्ट कीजिए।
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उत्तर
कवि का मानना है कि बच्चे की प्रिय मुस्कान वह मृतक व्यक्ति की आत्मा में जीवंतता भर सकती है। उनके कोमल शरीर पर छिपी हुई धूल की वजह से ऐसा लगता है, मानो कीचड़ में कमल का फूल खिल रहा हो। कवि शिशु से संवाद करते हुए कहते हैं कि वे शिशु ऐसे कमल के समान हैं, जो तालाब को छोड़कर उनकी झोपड़ी में खिल रहे हैं।
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कवि ने बच्चे की मुसकान के सौंदर्य को किन-किन बिंबों के माध्यम से व्यक्त किया है?
भाव स्पष्ट कीजिए -
छू गया तुमसे कि झरने लग पड़े शेफालिका के फूल बाँस था कि बबूल?
दंतुरित मुसकान से बच्चे की उम्र का अनुमान लगाइए और तर्क सहित उत्तर दीजिए।
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पद्य पाठ के आधार पर निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 25-30 शब्दों में लिखिए -
बच्चे की दंतुरित मुस्कान का किस-किस पर क्या-क्या प्रभाव पड़ता है? यह 'दंतुरित मुस्कान' कविता के आधार पर लिखिए।
