English

Science (English Medium) Class 12 - CBSE Question Bank Solutions

Advertisements
Subjects
Topics
Subjects
Popular subjects
Topics

Please select a subject first

Advertisements
Advertisements
< prev  7121 to 7140 of 18300  next > 

स्तंभ लेखन क्या है? स्पष्ट कीजिए।

[2] पत्रकारीय लेखन के विभिन्न रूप और लेखन प्रक्रिया
Chapter: [2] पत्रकारीय लेखन के विभिन्न रूप और लेखन प्रक्रिया
Concept: undefined >> undefined

निम्नलिखित गद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़कर सर्वाधिक उपयुक्त उत्तर वाले विकल्प को चुनकर लिखिए।

       उपवास और संयम ये आत्महत्या के साधन नहीं हैं। भोजन का असली स्वाद उसी को मिलता है जो कुछ दिन बिना खाए भी रह सकता है। ‘त्यक्तेन भुंजीथा:’, जीवन का भोग त्याग के साथ करो, यह केवल परमार्थ का ही उपदेश नहीं है, क्योंकि संयम से भोग करने पर जीवन में जो आनंद प्राप्त होता है, वह निरा भोगी बनकर भोगने से नहीं मिल पाता ज़िंदगी की दो सूरतें हैं। एक तो यह कि आदमी बड़े-से-बड़े मकसद के लिए कोशिश करे, जगमगाती हुई जीत पर पंजा डालने के लिए हाथ बढ़ाए, और अगर असफलताएँ कदम-कदम पर जोश की रोशनी के साथ अंधियाली का जाल बुन रही हों, तब भी वह पीछे को पाँव न हटाए। दूसरी सूरत यह है कि उन गरीब आत्माओं का हमजोली बन जाए जो न तो बहुत अधिक सुख पाती हैं और न जिन्हें बहुत अधिक दुख पाने का ही संयोग है, क्योंकि वे आत्माएँ ऐसी गोधूलि में बसती हैं जहाँ न तो जीत हँसती है और न कभी हार के रोने की आवाज़ सुनाई पड़ती है। इस गोधूलि वाली दुनिया के लोग बंधे हुए घाट का पानी पीते हैं, वे ज़िंदगी के साथ जुआ नहीं खेल सकते। और कौन कहता है कि पूरी ज़िंदगी को दाँव पर लगा देने में कोई आनंद नहीं है?

       जनमत की उपेक्षा करके जीने वाला आदमी दुनिया की असली ताकत होता है और मनुष्यता को प्रकाश भी उसी आदमी से मिलता है। ज़िंदगी से, अंत में, हम उतना ही पाते हैं जितनी कि उसमे पूँजी लगाते हैं। यह पूँजी लगाना ज़िंदगी के संकटों का सामना करना है, उसके उस पन्ने को उलट कर पढ़ना है जिसके सभी अक्षर फूलों से ही नहीं, कुछ अंगारों से भी लिखे गए हैं। ज़िंदगी का भेद कुछ उसे ही मालूम है जो यह जानकार चलता है की ज़िंदगी कभी भी ख़त्म न होने वाली चीज़ है।

       अरे! ओ जीवन के साधकों! अगर किनारे की मरी सीपियों से ही तुम्हें संतोष हो जाए तो समुद्र के अंतराल में छिपे हुए मौक्तिक - कोष को कौन बाहर लाएगा? दुनिया में जितने भी मज़े बिखेरे गए हैं उनमें तुम्हारा भी हिस्सा है। वह चीज़ भी तुम्हारी हो सकती है जिसे तुम अपनी पहुँच के परे मान कर लौटे जा रहे हो। कामना का अंचल छोटा मत करो, ज़िंदगी के फल को दोनों हाथों से दबाकर निचोड़ो, रस की निर्झरी तुम्हारे बहाए भी बह सकती है।

(i) ‘त्यक्तेन भुंजीथा:’ कथन से लेखक के व्यक्तित्व की किस विशेषता का बोध होता है? (1)

(क) परिवर्जन
(ख) परिवर्तन
(ग) परावर्तन
(घ) प्रत्यावर्तन

(ii) मंज़िल पर पहुँचने का सच्चा आनंद उसे मिलता है, जिसने उसे - (1)

(क) आन की आन में प्राप्त कर लिया हो
(ख) पाने के लिए भरसक प्रयास किया हो
(ग) हाथ बढ़ा कर मिट्ठी में कर लिया हो
(घ) सच्चाई से अपने सपनों में बसा लिया हो

(iii) ‘गोधूलि’ शब्द का तात्पर्य है - (1)

(क) गोधेनु
(ख) संध्यावेला
(ग) गगन धूलि
(घ) गोद ली कन्या

(iv) ‘गोधूलि’ वाली दुनिया के लोगों से अभिप्राय है - (1)

(क) विवशता और अभाव में जीने वाले
(ख) जीवन को दाँव पर लगाने वाले
(ग) गायों के खुरों से धूलि उड़ाने वाले
(घ) क्षितिज में लालिमा फैलाने वाले

(v) जीवन में असफलताएँ मिलने पर भी साहसी मनुष्य क्या करता है? (1)

(क) बिना डरे आगे बढ़ता है क्योंकि डर के आगे जीत है
(ख) पराजय से निपटने के लिए फूँक-फूँककर कदम आगे रखता है
(ग) अपने मित्र बंधुओं से सलाह और मदद के विषय में विचार करता है
(घ) असफलता का कारण ढूँढकर पुनः आगे बढ़ने का प्रयास करता है

(vi) आप कैसे पहचानेंगे कि कोई व्यक्ति साहस की ज़िंदगी जी रहा है? (1)

(क) जनमत की परवाह करने वाला
(ख) निडर और निशंक जीने वाला
(ग) शत्रु के छक्के छुड़ाने वाला
(घ) भागीरथी प्रयत्न करने वाला

(vii) निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए - (1)

(I) प्रत्येक परिस्थिति का सामना करने के लिए सदैव तैयार रहना चाहिए।

(II) मनुष्य अपने दृढ़ मंतव्य व कठिन परिश्रम से सर्वोच्च प्राप्ति की ओर अग्रसर रहता है।

(III) विपत्ति सदैव समर्थ के समक्ष ही आती है, जिससे वह पार उतर सके।

उपरिलिखित कथनों में से कौन-सा/कौन-से सही है/हैं?

(क) केवल I
(ख) केवल III
(ग) I और II
(घ) II और III

(viii) ‘ज़िंदगी को दाँव पर लगा देने’ में कोई आनंद नहीं है? लेखक इससे सिद्ध करना चाहते हैं कि ज़िंदगी - (1)

(क) रंगमंच के कलाकारों के समान व्यतीत करनी चाहिए।
(ख) में सकारात्मक परिस्थितियाँ ही आनंद प्रदान करती हैं।
(ग) में प्रतिकूलता का अनुभव जीवनोपयोगी होता है।
(घ) केवल दुखद स्थितियों का सामना करवाती है।

(ix) किन व्यक्तियों को सुख का स्वाद अधिक मिलता है? (1)

(क) जो अत्यधिक सुख प्राप्त करते हैं
(ख) जो सुख-दुख से दूर होते हैं
(ग) जो पहले दुख झेलते हैं
(घ) जो सुख को अन्य लोगों से साझा करते हैं

(x) निम्नलिखित कथन कारण को ध्यानपूर्वक पढ़िए उसके बाद दिए गए विकल्पों में से कोई एक सही विकल्प चुनकर लिखिए। (1) 

कथन (A): ‘ज़िंदगी के फल को दोनों हाथों से दबाकर निचोड़ो, रस की निर्झरी तुम्हारे बहाए भी बह सकती है’।

कारण (R): ज़िंदगी रूपी फल का रसास्वादन करने के लिए दोनों हाथों से श्रम करना होगा।

(क) कथन (A) तथा कारण (R) दोनों सही हैं तथा कारण कथन की सही व्याख्या करता है।
(ख) कथन (A) गलत है लेकिन कारण (R) सही है।
(ग) कथन (A) तथा कारण (R) दोनों गलत हैं।
(घ) कथन (A) सही है लेकिन कारण (R) उसकी गलत व्याख्या करता है।

[4] अपठित बोध
Chapter: [4] अपठित बोध
Concept: undefined >> undefined

Advertisements

मुद्रित माध्यमों के लेखन में सहज प्रवाह के लिए ज़रूरी है -

[1] विभिन्न माध्यमों के लिए लेखन
Chapter: [1] विभिन्न माध्यमों के लिए लेखन
Concept: undefined >> undefined

संबंधित घटना के दृश्य बाइट व ग्राफिक द्वारा खबर को संपूर्णता से पेश करना कहलाता है -

[1] विभिन्न माध्यमों के लिए लेखन
Chapter: [1] विभिन्न माध्यमों के लिए लेखन
Concept: undefined >> undefined

छह ककार के लिए उचित क्रम का चयन कीजिए -

[2] पत्रकारीय लेखन के विभिन्न रूप और लेखन प्रक्रिया
Chapter: [2] पत्रकारीय लेखन के विभिन्न रूप और लेखन प्रक्रिया
Concept: undefined >> undefined

कॉलम ‘क’ का कॉलम ‘ख’ से उचित मिलान कीजिए।

कॉलम ‘क’ कॉलम ‘ख’
(1) बीट रिपोर्टर (i) निवेशक
(2) फीचर (ii) संवाददाता
(3) कारोबार (iii) घुटने टेकना
(4) खेल (iv) कथात्मक
[1] विभिन्न माध्यमों के लिए लेखन
Chapter: [1] विभिन्न माध्यमों के लिए लेखन
Concept: undefined >> undefined

विशेष लेखन के लिए सबसे जरूरी बात है -

[3] विशेष लेखन-स्वरुप और प्रकार
Chapter: [3] विशेष लेखन-स्वरुप और प्रकार
Concept: undefined >> undefined

निम्नलिखित काव्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़कर पूछे गए प्रश्नों के सही उत्तर वाले विकल्प चुनिए।

प्रात नभ था बहुत नीला शंख जैसे

भोर का नभ

राख से लीपा हुआ चौका
(अभी गीला पड़ा है)

बहुत काली सिल ज़रा से लाल केसर से
कि जैसे धुल गई हो

स्लेट पर या लाल खड़िया चाक
मल दी हो किसी ने

नील जल में या किसी की
गौर झिलमिल देह
जैसे हिल रही हो।

और...

जादू टूटता है इस उषा का अब
सूर्योदय हो रहा है।

(i) नील जल में किसी की गौर, झिलमिल देह जैसे हिल रही हो में कौन-सा भाव है? (1)

(क) तरलता का
(ख) निर्मलता का
(ग) उज्ज्वलता का
(घ) सहजता का

(ii) नीले नभ में उदय होता हुआ सूर्य किसके जैसा प्रतीत हो रहा है? (1)

(क) शंख जैसा
(ख) गौरवर्णीय सुंदरी जैसा
(ग) सिंदूर जैसा
(घ) नीले जल जैसा

(iii) इस काव्यांश में कवि ने उषा का कौन-सा चित्र उपस्थित किया है? (1)

(क) छायाचित्र
(ख) रेखाचित्र
(ग) शब्दचित्र
(घ) भित्तिचित्र

(iv) अलंकार की दृष्टि से कौन-सा विकल्प सही है? (1)

(क) बहुत नीला शंख जैसे उपमा अलंकार
(ख) जादू टूटता है इस उषा का अब उत्प्रेक्षा अलंकार
(ग) सूर्योदय हो रहा है रूपक अलंकार
(घ) गौर झिलमिल देह जैसे हिल रही हो अन्योक्ति अलंकार

(v) कवि द्वारा भोर को राख का लीपा हुआ चौंका कहना प्रतिपादित करता है कि भोर का नभ - (1)

(क) अपनी आभा से चमत्कृत कर रहा है।
(ख) रात के समान गर्म हवा फैला रहा है।
(ग) सफ़ेद व नीले वर्णों का अद्भुत मिश्रण है।
(घ) नए परिवर्तन व आयामों का प्रतीक है।

[5] शमशेर बहादुर सिंह : उषा
Chapter: [5] शमशेर बहादुर सिंह : उषा
Concept: undefined >> undefined

निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर दिए गए प्रश्नों के सही उत्तर वाले विकल्प को चुनिए।

कालिदास सौंदर्य के बाह्य आवरण को भेदकर उसके भीतर तक पहुँच सकते थे, दुख हो कि सुख, वे अपना भाव-रस उस अनासक्त कृपीवल की भाँति खींच लेते थे जो निर्दलित ईक्षुदंड से रस निकाल लेता है। कालिदास महान थे, क्योंकि वे अनासक्त रह सके थे। कुछ इसी श्रेणी की अनासक्ति आधुनिक हिंदी कवि सुमित्रानंदन पंत में है। कविवर रवींद्रनाथ में यह अनासक्ति थी। एक जगह उन्होंने लिखा- ‘राजोद्यान का सिंहद्वार कितना ही अभ्रभेदी क्यों न हो, उसकी शिल्पकला कितनी ही सुंदर क्यों न हो, वह यह नहीं कहता कि हममें आकर ही सारा रास्ता समाप्त हो गया। असल गंतव्य स्थान उसे अतिक्रम करने के बाद ही है, यही बताना उसका कर्तव्य है।’ फूल हो या पेड़, वह अपने-आप में समाप्त नहीं है। वह किसी अन्य वस्तु को दिखाने के लिए उठी हुई अँगुली है। वह इशारा है।

(i) कालिदास की सौंदर्य-दृष्टि कैसी थी? (1)

(क) स्थूल और बाहरी
(ख) सूक्ष्म और संपूर्ण
(ग) आसक्ति और आडंबरों
(घ) अतिक्रम और अभ्रभेदी

(ii) कौन-से गुण के कारण कालिदास, सुमित्रानंदन पंत और रवींद्रनाथ टैगोर कविताओं के साथ न्याय कर पाए? (1)

(क) गंतव्यता
(ख) निर्दलीयता
(ग) कृषिवलता
(घ) तटस्थता

(iii) फूलों और पेड़ों से हमें जीवन की ______ की प्रेरणा मिलती है। (1)

(क) निरंतरता
(ख) भावपूर्णता
(ग) समापनता
(घ) अतिक्रमणता

(iv) निम्नलिखित कथन कारण को ध्यानपूर्वक पढ़िए उसके बाद दिए गए विकल्पों में से कोई एक सही विकल्प चुनकर लिखिए। (1)

कथन (A): पुष्प या पेड़ अपने सौंदर्य से यह बताते हैं कि यह सौंदर्य अंतिम नहीं है।

कारण (R): भारतीय शिल्पकला विशेष रूप से प्रसिद्ध है। विभिन्न कवियों ने इस बात की पुष्टि की है।

(क) कथन (A) तथा कारण (R) दोनों सही हैं तथा कारण कथन की सही व्याख्या करता है।
(ख) कथन (A) गलत है लेकिन कारण (R) सही है।
(ग) कथन (A) तथा कारण (R) दोनों गलत हैं।
(घ) कथन (A) सही है लेकिन कारण (R) उसकी गलत व्याख्या करता है।

(v) गद्यांश के आधार पर निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए। (1)

(I) कला की कोई सीमा नहीं होती।

(II) शिरीष के वृक्ष को कालजयी अवधूत के समान कहा गया है।

(III) कालिदास की समानता आधुनिक काल के कवियों के साथ दिखाई गई है।

उपरिलिखित कथनों में से कौन-सा/कौन-से सही है/हैं?

(क) केवल I
(ख) केवल II
(ग) I और II
(घ) I और III

[14] हजारी प्रसाद द्विदेदी : शिरीष के फूल
Chapter: [14] हजारी प्रसाद द्विदेदी : शिरीष के फूल
Concept: undefined >> undefined

दादा कोल्हू जल्दी क्यों लगाना चाहते थे?

[2] आनंद यादव : जूझ
Chapter: [2] आनंद यादव : जूझ
Concept: undefined >> undefined

‘जूझ’ उपन्यास मूलतः किस भाषा में लिखा गया है?

[2] आनंद यादव : जूझ
Chapter: [2] आनंद यादव : जूझ
Concept: undefined >> undefined

लेखक आनंद यादव की माँ के अनुसार पढ़ाई की बात करने पर लेखक का पिता कैसे गुर्राता है?

[2] आनंद यादव : जूझ
Chapter: [2] आनंद यादव : जूझ
Concept: undefined >> undefined

सिंधु घाटी की सभ्यता के संबंध में कौन-सा कथन सही नहीं है?

[3] ओम थानवी : अतीत में दबे पाँव
Chapter: [3] ओम थानवी : अतीत में दबे पाँव
Concept: undefined >> undefined

निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए।

(I) महाकुंड स्तूप में उत्तर और दक्षिण से सीढ़ियाँ उतरती हैं।

(II) मोहनजोदड़ो सभ्यता में सूत की कताई, बुनाई और रंगाई भी होती थी।

(III) सिंधु घाटी सभ्यता में जल निकासी की व्यवस्था अत्यंत बुरी थी।

(IV) मोहनजोदड़ो से मिला नरेश के सिर का मुकुट बहुत छोटा था।

उपरिलिखित कथनों में से कौन-सा/कौन-से सही है/हैं?

[3] ओम थानवी : अतीत में दबे पाँव
Chapter: [3] ओम थानवी : अतीत में दबे पाँव
Concept: undefined >> undefined

राखालदास बनर्जी कौन थे?

[3] ओम थानवी : अतीत में दबे पाँव
Chapter: [3] ओम थानवी : अतीत में दबे पाँव
Concept: undefined >> undefined

‘जूझ’ कहानी लेखक की किस प्रवृत्ति को उद्घाटित करती है?

[2] आनंद यादव : जूझ
Chapter: [2] आनंद यादव : जूझ
Concept: undefined >> undefined

रटंत या कुटेव को बुरी लत क्यों कहा गया है? नए और अप्रत्याशित विषयों पर लेखन द्वारा इस लत से कैसे बचा जा सकता है?

[7] नए और अप्रत्याशित विषयों पर लेखन
Chapter: [7] नए और अप्रत्याशित विषयों पर लेखन
Concept: undefined >> undefined

समाचार लेखन की एक विशेष शैली होती है। इस शैली का नाम बताते हुए समाचार लेखन की इस शैली को स्पष्ट कीजिए।

[2] पत्रकारीय लेखन के विभिन्न रूप और लेखन प्रक्रिया
Chapter: [2] पत्रकारीय लेखन के विभिन्न रूप और लेखन प्रक्रिया
Concept: undefined >> undefined

फीचर क्या है? फीचर को परिभाषित करते हुए अच्छे फीचर की किन्हीं तीन विशेषताओं का उल्लेख कीजिए।

[2] पत्रकारीय लेखन के विभिन्न रूप और लेखन प्रक्रिया
Chapter: [2] पत्रकारीय लेखन के विभिन्न रूप और लेखन प्रक्रिया
Concept: undefined >> undefined

निम्नलिखित गद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़कर दिए गए प्रश्नों के सर्वाधिक उपयुक्त उत्तर वाले विकल्प को चुनकर लिखिए:-

पश्चिमी सभ्यता मुख मोड़ रही है। वह एक नया आदर्श देख रही है। अब उसकी चाल बदलने लगी है। वह कलों की पूजा को छोड़कर मनुष्यों की पूजा को अपना आदर्श बना रही है। इस आदर्श के दर्शाने वाले देवता रस्किन और टालस्टॉय आदि हैं। पाश्चात्य देशों में नया प्रभात होने वाला है। वहाँ के गंभीर विचार वाले लोग इस प्रभात का स्वागत करने के लिए उठ खड़े हुए हैं। प्रभात होने के पूर्व ही उसका अनुभव कर लेने वाले पक्षियों की तरह इन महात्माओं को इस नए प्रभात का पूर्व ज्ञान हुआ है और हो क्यों न? इंजनों के पहिए के नीचे दबकर वहाँ वालों के भाई-बहन ही नहीं, उनकी सारी जाति पिस गई, उनके जीवन के धुरे टूट गए, उनका समस्त धन घरों से निकलकर एक-दो स्थानों में एकत्र हो गया।

साधारण लोग मर रहे हैं, मज़दूरों के हाथ-पाँव फट रहे हैं, लहू बह रहा है! सर्दी से ठिठुर रहे हैं। एक तरफ दरिद्रता का अखंड राज्य है, दूसरी तरफ अमीरी का चरम दृश्य। परंतु अमीरी भी मानसिक दुखों से विमर्दित है। मशीनें बनाई तो गई थीं मनुष्यों का पेट भरने के लिए - मज़दूरों को सुख देने के लिए - परंतु वे काली-काली मशीनें ही काली बनकर उन्हीं मनुष्यों का भक्षण कर जाने के लिए मुख खोल रही हैं। प्रभात होने पर ये काली-काली बलाएँ टूर होंगी। मनुष्य के सौभाग्य का सूर्योदय होगा।

शोक का विषय यह है कि हमारे और अन्य पूर्वी देशों में लोगों को मज़दूरी से तो लेशमात्र भी प्रेम नहीं है, पर वे तैयारी कर रहे हैं पूर्वोक्त काली मशीनों का आलिंगन करने की। पश्चिम वालों के तो ये गले पड़ी हुई बहती नदी की काली कमली हो रही हैं। वे छोड़ना चाहते हैं, परंतु काली कमली उन्हें नहीं छोड़ती। देखेंगे पूर्व वाले इस कमली को छाती से लगाकर कितना आनंद अनुभव करते हैं। यदि हम में से हर आदमी अपनी दस उँगलियों की सहायता से साहसपूर्वक अच्छी तरह काम करे तो हम मशीनों की कृपा से बढ़े हुए परिश्रम वालों को वाणिज्य के जातीय संग्राम में सहज ही पछाड़ सकते हैं। सूर्य तो सदा पूर्व ही से पश्चिम की ओर जाता है। पर आओ पश्चिम से आनेवाली सभ्यता के नए प्रभात को हम पूर्व से भेजें।

इंजनों की वह मज़दूरी किस काम की जो बच्चों, स्त्रियों और कारीगरों को ही भूखा नंगा रखती है और केवल सोने, चाँदी, लोहे आदि धातुओं का ही पालन करती है। पश्चिम को विदित हो चुका है कि इनसे मनुष्य का दुख दिन पर दिन बढ़ता है।

  1. "पाश्चात्य देशों में नया प्रभात होने वाला है।" - पंक्ति में रेखांकित पद का आशय हो सकता है?     1
    1. नया प्रकाश
    2. नया विचार
    3. नया सवेरा
    4. नया प्रभास
  2. संदर्भ के अनुसार गद्यांश में 'विमर्दित' शब्द का सटीक अर्थ क्या हो सकता है?     1
    1. ठगी हुई
    2. ग्लानिपूर्ण
    3. ईर्ष्या पूर्ण
    4. पीड़ा पूर्ण
  3. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए -     1 
    कथन (I): मानवीय दक्षता को महत्त्व देना चाहिए।
    कथन (II): मनुष्य तथा मानवीयता से प्रेम करना चाहिए।
    कथन (III): अपनी चाल को बदल लेना चाहिए।
    कथन (IV): मानव जीवन को आदर्श मानना चाहिए।
    गद्यांश के अनुसार कौन-सा/से कथन सही हैं?
    1. केवल कथन I सही है।
    2. केवल कथन II सही है।
    3. केवल कथन II और III सही हैं।
    4.  केवल कथन I और IV सही हैं।
  4. गद्यांश के अनुसार पूर्वी देशों की समस्या क्या है?     1
    1.  मज़दूरों के लिए अधिकारों की कमी
    2.  मज़दूरों का पूँजी पतियों द्वारा शोषण
    3. मज़दूरी को कम महत्त्व का आंकना
    4. मज़दूरी पर अमीरी का प्रभाव
  5. गद्यांश के अनुसार साधारण लोग क्यों मर रहे हैं?     1
    1. मानव श्रम से ज्यादा मशीनों को महत्त्व मिलने के कारण
    2. हाथ-पाँव फटने, खून रिसने और सर्दी के कारण
    3. कम मज़दूरी मिलने कारण हुई बीमारियों से
    4. कार्य क्षेत्रों के विषैले पर्यावरण व खाने की कमी से
  6. गद्यांश में मशीनों को 'काली मशीनें' कहना किस बात की ओर संकेत करता है?     1
    1. काला रंग शोक का प्रतीक होता है।
    2. मशीनों द्वारा जन साधारण में बेरोज़गारी बढ़ाने के कारण
    3. माँ दुर्गा के अवतार काली के जैसे भक्षण करने के कारण
    4. मशीनों से अमीरों द्वारा काले धन अर्जन करने के कारण
  7. "इंजनों के पहिए के नीचे दबकर वहाँ वालों के....." इस प्रक्रिया के क्या परिणाम हुए?     1
    1. आर्थिक संपदा का अनुचित वितरण
    2. भाई बहनों व अन्य रिश्तेदारों में दुराव
    3. समस्त जाति द्वारा कठिन परिश्रम
    4. मशीनों द्वारा मनुष्यों का संरक्षण 
  8. रस्किन और टालस्टॉय का महत्त्व है क्योंकि इन्होनें ______ ।   1
    1. पूर्वी देशों में साम्राज्यवाद के विरुद्ध आवाज़ उठाई थी।
    2. मानवीय संवेदनाओं एवं गुणों को महत्त्व दिया था।
    3. धार्मिक कट्टरता के प्रति चेतना जगाई थी।
    4. गाँधी जी इन दोनों के विचारों से अत्याधिक प्रभावित थे।
  9. मनुष्य के सौभाग्य का सूर्योदय कब होगा?     1
    1. मज़दूरों द्वारा क्रांति करने से
    2. मशीनों के हट जाने से
    3. सभी लोगों को काम मिलने से
    4. मानवीय दक्षताओं को महत्त्व मिलने से
  10. मनुष्य के दुख में निरंतर वृद्धि का क्या कारण बताया गया है?     1
    1. मशीनों पर अत्यधिक आश्रित हो जाना
    2. मानवीय दक्षता की आलोचना
    3. पूँजी पतियों द्वारा गरीबों का शोषण
    4. काली मशीनों द्वारा मनुष्यों का भक्षण
[4] अपठित बोध
Chapter: [4] अपठित बोध
Concept: undefined >> undefined
< prev  7121 to 7140 of 18300  next > 
Advertisements
Advertisements
CBSE Science (English Medium) Class 12 Question Bank Solutions
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Biology
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Chemistry
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Computer Science (C++)
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 English Core
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 English Elective - NCERT
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Entrepreneurship
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Hindi (Core)
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Hindi (Elective)
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 History
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Informatics Practices
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Mathematics
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Physical Education
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Physics
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Political Science
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Psychology
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Sanskrit (Core)
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Sanskrit (Elective)
Question Bank Solutions for CBSE Science (English Medium) Class 12 Sociology
Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×