गोदी के चाँद और गगन के चाँद का रिश्ता।
[1.09] फ़िराक गोरखपुरी : रुबाइयाँ, गज़ल
Chapter: [1.09] फ़िराक गोरखपुरी : रुबाइयाँ, गज़ल
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सावन की घटाएँ व रक्षाबंधन का पर्व।
[1.09] फ़िराक गोरखपुरी : रुबाइयाँ, गज़ल
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इन रुबाइयों से हिंदी, उर्दू और लोकभाषा के मिले-जुले प्रयोगों को छाँटिए।
[1.09] फ़िराक गोरखपुरी : रुबाइयाँ, गज़ल
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कविता में एक भाव, एक विचार होते हुए भी उसका अंदाज़े बयाँ या भाषा के साथ उसका बर्ताव अलग-अलग रूप में अभिव्यक्ति पाता है। इस बात को ध्यान रखते हुए नीचे दी गई कविताओं को पढ़िए और दी गई फ़िराक की गज़ल-रुबाई में से समानार्थी पंक्तियाँ ढूँढ़िए।
| (क) मैया मैं तो चंद्र खिलौनो लैहों।
–सूरदास
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| (ख) वियोगी होगा पहला कवि
आह से उपजा होगा गान
उमड़ कर आँखों से चुपचाप बही होगी कविता अनजान
–सुमित्रानंदन पंत
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| (ग) सीस उतारे भुईं धरे तब मिलिहैं करतार
–कबीर
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[1.09] फ़िराक गोरखपुरी : रुबाइयाँ, गज़ल
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छोटे चौकोने खेत को कागज़ का पन्ना कहने में क्या अर्थ निहित है?
[1.1] उमाशंकर जोशी : छोटा मेरा खेत, बगुलों के पंख
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रचना के संदर्भ में अंधड़ और बीज क्या हैं?
[1.1] उमाशंकर जोशी : छोटा मेरा खेत, बगुलों के पंख
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‘रस का अक्षयपात्र’ से कवि ने रचनाकर्म की किन विशेषताओं की और इंगित किया है?
[1.1] उमाशंकर जोशी : छोटा मेरा खेत, बगुलों के पंख
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व्याख्या करें-
शब्द के अंकुर फूटे,
पल्लव-पुष्पों से नमित हुआ विशेष।
[1.1] उमाशंकर जोशी : छोटा मेरा खेत, बगुलों के पंख
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व्याख्या करें-
रोपाई क्षण की,
कटाई अनंतता की
लुटते रहने से ज़रा भी नहीं कम होती।
[1.1] उमाशंकर जोशी : छोटा मेरा खेत, बगुलों के पंख
Chapter: [1.1] उमाशंकर जोशी : छोटा मेरा खेत, बगुलों के पंख
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जहाँ उपमेय में उपमान का आरोप हो, रूपक कहलाता है। इस कविता में से रूपक का चुनाव करें।
[1.1] उमाशंकर जोशी : छोटा मेरा खेत, बगुलों के पंख
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भक्तिन अपना वास्तविक नाम लोगों से क्यों छुपाती थी? भक्तिन को यह नाम किसने और क्यों दिया होगा?
[1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
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दो कन्या-रत्न पैदा करने पर भक्ति पुत्र-महिमा में अँधी अपनी जिठानियों द्वारा घृणा व उपेक्षा का शिकार बनी। ऐसी घटनाओं से ही अकसर यह धारणा चली है कि स्त्री ही स्त्री की दुश्मन होती है। क्या इससे आप सहमत हैं?
[1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
Chapter: [1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
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भक्तिन की बेटी पर पंचायात द्वारा ज़बरन पति थोपा जाना दुर्घटना भर नहीं, बल्कि विवाह के संदर्भ में स्त्री के मानवाधिकार (विवाह करें या न करें अथवा किससे करें) इसकी स्वतंत्रता को कुचले रहने की सदियों से चली आ रही सामाजिक परंपरा का प्रतीक है। कैसे?
[1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
Chapter: [1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
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निम्नलिखित प्रश्न को ध्यानपूर्वक पढ़कर प्रश्न के लगभग 60 शब्दों में उत्तर दीजिए :-
भक्तिन अच्छी है, यह कहना कठिन होगा, क्योंकि उसमें दुर्गुणों का अभाव नहीं। लेखिका ने ऐसा क्यों कहा होगा?
[1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
Chapter: [1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
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भक्तिन द्वारा शास्त्र के प्रश्न को सुविधा से सुलझा लेने का क्या उदाहरण लेखिका ने दिया है?
[1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
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भक्तिन के आ जाने से महादेवी अधिक देहाती कैसे हो गईं?
[1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
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आलो आँधारि की नायिका और लेखिका बेबी हालदार और भक्तिन के व्यक्तित्व में आप क्या समानता देखते हैं?
[1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
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भक्तिन की बेटी के मामले में जिस तरह का फ़ैसला पंचायत ने सुनाया, वह आज भी कोई हैरतअंगेज़ बात नहीं है। अखबारों या टी.वी. समाचारों में आनेवाली किसी ऐसी ही घटना को भक्तिन के उस प्रसंग के साथ रखकर उस पर चर्चा करें।
[1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
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पाँच वर्ष की वय में ब्याही जानेवाली लड़कियाँ में सिर्फ़ भक्तिन नहीं है, बल्कि आज भी हज़ारों अभागिनियाँ हैं। बाल-विवाह और उम्र के अनमेलपन वाले विवाह की अपने आस-पास हो रही घटनाओं पर दोस्तों के साथ परिचर्चा करें।
[1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
Chapter: [1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
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महादेवी जी इस पाठ में हिरनी सोना, कुत्ता बसंत, बिल्ली गोधूलि आदि के माध्यम से पशु- पक्षी को मानवीय संवेदना से उकेरने वाली लेखिका के रूप में उभरती हैं। उन्होंने अपने घर में और भी कई पशु-पक्षी पाल रखे थे तथा उन पर रेखाचित्र भी लिखे हैं। शिक्षक की सहायता से उन्हें ढूँढकर पढ़ें। जो मेरा परिवार नाम से प्रकाशित है।
[1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
Chapter: [1.11] महादेवी वर्मा : भक्तिन
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