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यह कविता लक्ष्मीबाई के जीवन की घटनाओं पर आधारित है और अपनी संरचना में एक कथात्मक कविता है। कथात्मक कविता ऐसी कविता को कहते हैं जिसमें कविता और कहानी के तत्व परस्पर जुड़े होते हैं

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Question

यह कविता लक्ष्मीबाई के जीवन की घटनाओं पर आधारित है और अपनी संरचना में एक कथात्मक कविता है। कथात्मक कविता ऐसी कविता को कहते हैं जिसमें कविता और कहानी के तत्व परस्पर जुड़े होते हैं तथा घटनाओं का एक क्रम होता है। इस कविता में भी लक्ष्मीबाई के बचपन से लेकर वीरगति प्राप्त होने तक की कथा क्रम से देखने को मिलती है। पाठ की संरचना को समझते हुए इसमें वर्णित प्रमुख घटनाओं को समय-रेखा (टाइमलाइन) पर दर्शाएँ।

(संकेत – लक्ष्मीबाई का बचपन, विवाह, अन्य घटनाएँ आदि।)

Very Long Answer
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Solution

लक्ष्मीबाई के जीवन की मुख्य घटनाओं को कविता के आधार पर समय-क्रम में इस प्रकार प्रस्तुत किया जा सकता है-

  1. बचपन: लक्ष्मीबाई का बचपन कानपुर में व्यतीत हुआ, जहाँ उन्हें प्यार से ‘छबीली’ कहा जाता था। वे नाना साहब के साथ शिक्षा प्राप्त करती थीं और खेलती थीं। बचपन से ही उन्हें हथियारों, युद्ध-कौशल और वीरता की कहानियों में रुचि थी।
  2. शिक्षा और प्रशिक्षण: कम उम्र से ही लक्ष्मीबाई ने घुड़सवारी, शस्त्र चलाना और युद्ध की कला सीखनी शुरू कर दी थी। वीर योद्धाओं और शिवाजी की गाथाओं से उन्हें प्रेरणा मिलती थी।
  3. विवाह: उनका विवाह झाँसी के राजा गंगाधर राव से हुआ। विवाह के बाद वे झाँसी की रानी बनीं और उनका राजमहल में सम्मानपूर्वक स्वागत किया गया।
  4. वैवाहिक जीवन और कठिन समय: राजा गंगाधर राव के निधन के बाद रानी लक्ष्मीबाई विधवा हो गईं और झाँसी शोक में डूब गया।
  5. अंग्रेजों की नीति और संघर्ष: डलहौजी ने ‘लोप सिद्धांत’ के आधार पर झाँसी को अंग्रेजी शासन में मिलाने का प्रयास किया। रानी ने इसका विरोध किया और झाँसी की रक्षा करने का निर्णय लिया।
  6. 1857 का विद्रोह और स्वतंत्रता संग्राम: 1857 की क्रांति के दौरान रानी लक्ष्मीबाई ने अंग्रेजों के विरुद्ध संघर्ष का नेतृत्व किया। नाना साहब, तांत्या टोपे और अन्य वीरों ने उनका साथ दिया।
  7. युद्ध और साहस: रानी ने झाँसी की रक्षा के लिए अद्भुत पराक्रम दिखाया और अंग्रेजों का डटकर सामना किया।
  8. अंतिम संघर्ष और ग्वालियर: रानी ने कालपी और ग्वालियर में भी अंग्रेजों के विरुद्ध युद्ध किया और कुछ समय के लिए वहाँ अपना अधिकार स्थापित किया।
  9. वीरगति: अंतिम युद्ध में अंग्रेजी सेना से लड़ते हुए रानी लक्ष्मीबाई वीरगति को प्राप्त हुईं।
  10. ऐतिहासिक महत्व: रानी लक्ष्मीबाई का बलिदान स्वतंत्रता आंदोलन के लिए प्रेरणा बना। वे आज भी साहस, देशभक्ति और वीरता की प्रतीक मानी जाती हैं।
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Chapter 11: झाँसी की रानी - अभ्यास [Page 186]

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NCERT Hindi Ganga [English] Class 9
Chapter 11 झाँसी की रानी
अभ्यास | Q 1. | Page 186
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