English

“वहाँ बैठे एवजी मिट्ठू ने उन्हें देखकर कोई हरकत नहीं की” ताई सोच रही थीं कि मिट्ठू ‘राम राम सीताराम’ कहेगा, लेकिन एवजी मिट्ठू चुप था। कल्पना कीजिए कि एक दिन असली मिट्ठू वापस आ गया।

Advertisements
Advertisements

Question

“वहाँ बैठे एवजी मिट्ठू ने उन्हें देखकर कोई हरकत नहीं की”

ताई सोच रही थीं कि मिट्ठू ‘राम राम सीताराम’ कहेगा, लेकिन एवजी मिट्ठू चुप था। कल्पना कीजिए कि एक दिन असली मिट्ठू वापस आ गया। मिट्ठू ने नए तोते को देखकर क्या कहा होगा? आगे की कहानी लिखिए।

(संकेत- प्रारंभ कीजिए- “एक दिन आकाश में वही हरे पंख चमके…”)

Long Answer
Advertisements

Solution

एक दिन आकाश में वही हरे पंख चमके… मिट्ठू उड़ता हुआ जगन मास्टर के आँगन में आ पहुँचा। पिंजरे में बैठे नए तोते को देखकर वह बोला, “राम-राम कहो, सीताराम कहो!” नया तोता चुपचाप उसे देखने लगा। ताई ने मिट्ठू की आवाज़ पहचानी और खुशी से पुकार उठीं, “मेरा मिट्ठू लौट आया!” मिट्ठू उड़कर उनके कंधे पर बैठ गया। ताई ने उसे प्यार से पुचकारा और दोनों फिर अपने पुराने घर लौट आए।

shaalaa.com
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 3: संवादहीन - अभ्यास [Page 56]

APPEARS IN

NCERT Hindi Ganga Class 9
Chapter 3 संवादहीन
अभ्यास | Q 2. | Page 56
Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×