English

टिप्पणी लिखिए। स्वतंत्रता संग्राम में समाचारपत्रों का योगदान - History and Political Science [इतिहास और राजनीति विज्ञान]

Advertisements
Advertisements

Questions

टिप्पणी लिखिए।

स्वतंत्रता संग्राम में समाचारपत्रों का योगदान

भारत के स्वतंत्रता संग्राम में समाचार पत्रों का यागदान

संक्षिप्त टिप्पणी लिखिए:

स्वातंत्रता संग्राम में समाचारपत्रों का योगदान।

Long Answer
Short/Brief Note
Advertisements

Solution

भारतीय स्वतंत्रता संग्राम में समाचारपत्रों का निम्नलिखित योगदान रहा है-

  1. जनजातियों, लोक शिक्षा तथा भारतीय संस्कृति और इतिहास की महत्ता का प्रचार किया।
  2. सामाजिक, धार्मिक और राजनीतिक आंदोलनों का समर्थन कर साम्राज्यवादी नीतियों का विरोध किया।
  3. पश्चिमी शिक्षित व्यक्तियों को जनता तक पहुँचाकर समाज में जागरूकता फैलाने का कार्य किया।
  4. तत्कालीन सामाजिक और राजनीतिक समस्याओं को उजागर किया। इसके साथ ही, समाज सुधारक नेताओं और संगठनों के विचार जनता तक पहुँचाए।
shaalaa.com
प्रसार माध्यमों का इतिहास
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 1.5: प्रसार माध्यम और इतिहास - स्वाध्याय [Page 37]

APPEARS IN

Balbharati Itihas aur rajneeti vigyan [Hindi] Standard 10 Maharashtra State Board
Chapter 1.5 प्रसार माध्यम और इतिहास
स्वाध्याय | Q २. (१) | Page 37

RELATED QUESTIONS

भारत में पहला अंग्रेजी समाचारपत्र __________ ने प्रारंभ किया।


दूरदर्शन __________ माध्यम है।


निम्न में से असत्य जोड़ी को पहचानकर लिखिए।


निम्न कथन कारणसहित स्पष्ट कीजिए।

समाचारपत्रों को इतिहास विषय की आवश्यकता अनुभव होती है।


निम्न कथन कारणसहित स्पष्ट कीजिए।

सभी प्रसार माध्यमों में दूरदर्शन अत्यंत लोकप्रिय माध्यम है।


निम्न अनुच्छेद को पढ़कर नीचे दिए गए प्रश्नों के उत्तर लिखिए।

आकाशवाणी: स्वतंत्रतापूर्व समय में १९२4 ई. में ‘इंडियन ब्रॉडकास्टिंग कंपनी’ (आयबीसी) नाम से प्रतिदिन कार्यक्रमों का प्रसारण करने वाला एक निजी रेडियो केंद्र प्रारंभ हुआ। बाद में अंग्रेज सरकार ने इस कंपनी का ‘इंडियन स्टेट ब्रॉडकास्टिंग सर्विसेस’ (आयएसबीएस) नामकरण किया। ८ जून १९३६ ई. को इस कंपनी का नामकरण ‘ऑल इंडिया रेडिओ’ (एआयआर) हुआ।
      भारत स्वतंत्र होनेके पश्चात AIR भारत सरकार के सूचना एवं प्रसारण विभाग का एक अंग बना। इसका प्रारंभिक स्वरूप सरकारी कार्यक्रमों और उपक्रमों की जानकारी देनेवाला अधिकृत केंद्र था। विख्यात कवि पंडित नरेंद्र शर्मा के सुझाव पर इसे ‘आकाशवाणी’ नाम दिया गया। आकाशवाणी द्वारा विविध मनोरंजनपर कार्यक्रम प्रस्तुत किए जाते हैं। इसी तरह; किसान, मजदूर, युवा वर्ग और महिलाओं के लिए विशेष कार्यक्रम प्रसारित किए जाते हैं। लोकप्रिय रेडियो सेवा ‘विविधभारती’ द्वारा २४ भाषाओं और १४६ बोली भाषाओं में कार्यक्रम प्रारंभ हुए हैं। वर्तमान समय में निजी रेडियो सेवाएँ शुरू हुई हैं। जैसे-रेडियो मिरची।

  1. आकाशवाणी का समावेश किस विभाग के अंतर्गत होता है?
  2. IBC का बाद में नामकरण क्या हुआ?
  3. विविधभारती द्वारा कितनी भाषाओं और बोली भाषाओं में कार्यक्रम प्रस्तुत होते हैं?
  4. आकाशवाणी नाम कैसे मिला?

संकल्पनाचित्र बनाइए।

  समाचारपत्र आकाशवाणी दूरदर्शन
प्रारंभ/पृष्ठभूमि      
जानकारी का/कार्यक्रमों का स्वरूप      
कार्य      

दिए गए समूह में से गलत जोड़ी पहचानकर लिखिए:


आकाशवाणी का इतिहास लिखिए।


निम्न में से असत्य जोड़ी पहचानकर उसे सुधारिए और पुन: लिखिए:


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×