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Question
सभी ने कहा, “हमारे महाराज कर्ण जैसे ही दानी हैं।”
पता करो कि-
दान क्या होता है?
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Solution
गरीबों, दुखियों की सहायता के लिए दिया गया धन दान कहलाता है।
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राजा किसी को भी दान क्यों नहीं देना चाहता था?
राज्यसभा में सज्जन और विद्वान लोग क्यों नहीं जाते थे?
संन्यासी ने सीधे-सीधे शब्दों में भिक्षा क्यों नहीं माँग ली?
राजा को संन्यासी के आगे गिड़गिड़ाने की जरूरत क्यों पड़ी?
तुम नीचे दिए गए वाक्य को किस तरह से कहोगे?
दान के वक्त उनकी मुट्ठी बंद हो जाती थी।
कभी-कभी कुछ इलाकों में बारिश बिल्कुल भी नहीं होती। नदी-नाले, तालाब, सब सुख जाते हैं। फ़सलों के लिए पानी नहीं मिलता। खेत सूख जाते हैं। पशु-पक्षी, जानवर, लोग भूखे मरने लगते हैं। ऐसे समय में वहाँ रहने वाले लोगों को मदद की ज़रूरत होती है। तुम भी लोगों की मदद ज़रूर कर सकते हो। सोचकर बताओ तुम अकाल में परेशान लोगों की मदद कैसे करोगे?
तुम्हारे विचार से राजदरबार में किसकी क्या-क्या जिम्मेदारियाँ होंगी?
मंत्री
तुम नीचे दिए गए वाक्य को किस तरह से कहोगे?
हिसाब देखकर मंत्री का चेहरा फीका पड़ गया।
तुम नीचे दिए गए वाक्य को किस तरह से कहोगे?
लाखों रुपए राजकोष में मौजूद हैं।जैसे धन का सागर हो।
सभी ने कहा, “हमारे महाराज कर्ण जैसे ही दानी हैं।”
पता करो कि-
किन-किन कारणों से लोग दान करते हैं?
राजा राजकोष के धन का उपयोग किन-किन कामों में करता था?
अकाल के समय लोग राजा से कौन-कौन से काम करवाना चाहते थे?
तुम अपने स्कूल या इलाके में क्या-क्या काम करवाना चाहते हो?
राजा किसी को दान देना पसंद नहीं करता था।
तुम्हारे विचार से राजा सही था या गलत? अपने उत्तर का कारण भी बताओ।
राजा दान देने के अलावा और किन-किन तरीकों से लोगों की सहायता कर सकता था?
पूर्वी सीमा के लोग भूखे प्यासे मरने लगे।
'पूर्व' शब्द के दो अर्थ हैं।
- पूर्व - एक दिशा
- पूर्व - पहले।
नीचे ऐसा ही कुछ और शब्द दिया गया हैं जिसके दो-दो अर्थ हैं। इसका प्रयोग करते हुए दो-दो वाक्य बनाओ।
जल -
