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Question
कथन (A): किसी नाभिक का द्रव्यमान उसके घटक न्यूक्लिऑनों के द्रव्यमानों के योग से कम होता है।
कारण (R): जब न्यूक्लिऑन परस्पर बद्ध होकर नाभिक निर्मित करते हैं तो ऊर्जा अवशोषित होती है।
Options
कथन (A) और कारण (R) दोनों सत्य हैं और कारण (R), कथन (A) की सही व्याख्या है।
कथन (A) और कारण (R) दोनों सत्य हैं, किंतु कारण (R), कथन (A) की सही व्याख्या नहीं है।
कथन (A) सत्य है, किंतु कारण (R) असत्य है।
कथन (A) और कारण (R) दोनों ही असत्य हैं।
MCQ
Assertion and Reasoning
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Solution
कथन (A) सत्य है, किंतु कारण (R) असत्य है।
स्पष्टीकरण:
कथन सत्य है क्योंकि E = mc2 के अनुसार, जब न्यूक्लियॉन मिलकर एक नाभिक का निर्माण करते हैं, तो कुछ द्रव्यमान बंधन ऊर्जा में परिवर्तित हो जाता है। इसके परिणामस्वरूप, नाभिक का द्रव्यमान उसके अलग-अलग न्यूक्लियॉन के कुल द्रव्यमान से कम होता है। दिया गया कारण असत्य है क्योंकि नाभिक निर्माण के दौरान ऊर्जा अवशोषित नहीं होती है। इसके विपरीत, ऊर्जा मुक्त होती है, जो बंधन ऊर्जा के रूप में प्रकट होती है।
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