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जब तुम कोई सख्त चीज़ - जैसे अमरूद, खाते हो तो उसे मुँह में डालने से लेकर निगलने तक कौन-से बदलाव आते हैं और कैसे? - Environmental Studies (पर्यावरण अध्ययन)

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Question

जब तुम कोई सख्त चीज़ - जैसे अमरूद, खाते हो तो उसे मुँह में डालने से लेकर निगलने तक कौन-से बदलाव आते हैं और कैसे?

One Line Answer
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Solution

जब हम अमरूद खाते हैं तो वो पहले सख्त और कड़वा लगता है फिर धीरे-धीरे मीठा और मुलायम हो जाता है।

shaalaa.com
चखने से पचने तक
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Chapter 3: चखने से पचने तक - चर्चा करो [Page 26]

APPEARS IN

NCERT Environmental Studies - Looking Around [Hindi] Class 5
Chapter 3 चखने से पचने तक
चर्चा करो | Q 2 | Page 26

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खेल में झुम्पा ने मछली कैसे पहचान ली? वे कौन-सी चीज़ें हैं, जो तुम बिना देखे और चखे, केवल सूँघकर पहचान सकते हो?


क्या तुम्हारे घर पर किसी ने तुम्हें नाक बंद करके दवाई पीने को कहा है? वे ऐसा क्यों कहते होंगे?


अलग-अलग स्वाद की कुछ चीज़ें इकट्ठी करो और अपने साथी के साथ झूलन और झुम्पा की तरह खेल खेलो। अपने साथी को चीज़ें चखाओ और पूछो - 

कुछ खाने की चीज़ों को मुँह के किसी और हिस्से पर रखो-होंठ, तालू, जीभ के नीचे। क्या कहीं और भी स्वाद का पता चला?


चबाकर या चबा-चबाकर खाओ - दोनों में अंतर बताओ।

सब मिलकर कक्षा में यह गतिविधि करो। ब्रेड या रोटी का टुकड़ा या पके हुए चावल लो।

  • पहले रोटी का टुकड़ा या कुछ चावल मुँह में डालो और तीन-चार बार चबाकर निगल जाओ।
  • क्या चबाने से स्वाद में बदलाव आया?
  • अब रोटी का टुकड़ा या कुछ चावल मुँह में डालो और 30-32 बार चबाओ।
  • क्या देर तक चबाने से स्वाद में बदलाव आया?

घर में लोग तुम्हें कहते होंगे, "खाना धीरे-धीरे खाओ, ठीक से चबाओ, खाना अच्छे से पचेगा"। सोचो, वे ऐसा क्यों कहते होंगे?


स्वाद बताने के लिए कुछ शब्द ढूँढ़ो और खुद से सोचकर बनाओ।

कुछ चीज़ों चखने के बाद झुम्पा बोली 'सी-सी-सी'।

सोचो, उसने क्या खाया होगा?


सोचो, अगर तुम दो दिन तक कुछ भी न खाओ तो क्या होगा?


क्या तुमने कभी 'ग्लूकोज़' शब्द सुना है या लिखा हुआ देखा है? कहाँ?


अगर ऐसा कहा जाए - 'हमारा मुँह ही पचाना शुरू कर देता है' - तो तुम कैसे समझाओगे? लिखो।


'सही खाना' न मिले तो बच्चों को क्या-क्या परेशानी हो सकती है?


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