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Question
अरससमीकरणमितीय हाइड्राइड (non-stochiometric hydride) से आप क्या समझते हैं? क्या आप क्षारीय धातुओं से ऐसे यौगिकों की आशा करते हैं? अपने उत्तर को न्यायसंगत ठहराइए।
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Solution
वह हाइड्राइड जिसमें धातु और हाइड्रोजन का अनुपात भिन्नात्मक होता है, अरससमीकरणमितीय हाइड्राइड कहलाता है। क्षार धातु अरससमीकरणमितीय हाइड्राइड नहीं बनाते। क्षार धातुओं के संयोजी कोश में केवल एक इलेक्ट्रॉन होता है। हाइड्राइड के निर्माण के समय, क्षार धातु अपना संयोजी (valence) इलेक्ट्रॉन जुड़ने वाले H परमाणु (approching Hatom) को दे देता है। जिसमें H परमाणु H– आयन में बदल जाता है और क्षार धातु एक धन आवेश युक्त धनायन बनाती है। इसलिए, जो हाइड्राइड क्षार धातुओं द्वारा बनाये जाते हैं वे आयनिक होते हैं। चूँकि H– आयन का निर्माण इलेक्ट्रॉन के क्षार धातु से हाइड्रोजन परमाणु पर पूर्ण स्थानांतरण द्वारा होता है, इस कारण निर्मित हाइड्राइड हमेशा अरसमीकरणमितीय होगा, अर्थात् धातु तथा हाइड्रोजन का अनुपात हमेशा निश्चित होगा। इसी कारण क्षार धातु से बने हाइड्राइड हमेशा सूसमीकरणमितीय (stochiometric) होते हैं।
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