Advertisements
Advertisements
Question
ऐल्कोहॉल एवं जल के एक विलयन में आण्विक अन्योन्यक्रिया की क्या भूमिका है?
Advertisements
Solution
ऐल्कोहॉल एवं जल के विलयन में ऐल्कोहॉल तथा जल के अणु अंतराआण्विक H-बंध बनाते हैं। लेकिन यह H2O-H2O तथा ऐल्कोहॉल-ऐल्कोहॉल H-बंध से दुर्बल होते हैं। इससे अणुओं की वाष्प अवस्था में जाने की प्रवृत्ति बढ़ जाती है। अत: यह विलयन राउल्ट के नियम से धनात्मक विचलन प्रदर्शित करता है।
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
राउल्ट के नियम से धनात्मक एवं ऋणात्मक विचलन का क्या अर्थ है तथा `Delta_"मिश्रण""H"` के चिह्न का इन विचलनों से कैसे संबंधित है?
हेप्टेन एवं ऑक्टेन एक आदर्श विलयन बनाते हैं। 373 K पर दोनों द्रव घटकों के वाष्प दाब क्रमशः 105.2 kPa तथा 46.8 kPa हैं। 26.0 g हेप्टेन एवं 35.0 g ऑक्टेन के मिश्रण का वाष्प दाब क्या होगा?
निम्नलिखित युग्म में उपस्थित सबसे महत्त्वपूर्ण अंतरआण्विक आकर्षण बल का सुझाव दीजिए।
I2 तथा CCl4
निम्नलिखित युग्म में उपस्थित सबसे महत्त्वपूर्ण अंतरआण्विक आकर्षण बल का सुझाव दीजिए।
NaClO4 तथा H2O
निम्नलिखित युग्म में उपस्थित सबसे महत्त्वपूर्ण अंतरआण्विक आकर्षण बल का सुझाव दीजिए।
मेथेनॉल तथा ऐसीटोन
निम्नलिखित युग्म में उपस्थित सबसे महत्त्वपूर्ण अंतरआण्विक आकर्षण बल का सुझाव दीजिए।
ऐसीटोनाइट्राइल (CH3CN) तथा ऐसीटोन (C3H6O)
बेन्जीन के दो अणुओं के मध्य अंतराआणिकक बल लगभग उतने ही प्रबल हैं जितने दो टॉलूईन अणुओं के मध्य। बेन्ज्ञीन और टॉलूईन के मिश्रण के लिए निम्नलिखित में से क्या सही नहीं है?
- `Delta_"मिश्रण"`H = शून्य
- `Delta_"मिश्रण"`V = शून्य
- यह न्यूनतम क्वथनांकी स्थिरक्वाथी बनाएँगे।
- यह आदर्श विलयन नहीं बनाएँगे।
सांद्रता पद जैसे कि द्रव्यमान प्रतिशत, पीपीएम, मोल-अंश और मोललता, ताप पर निर्भर नहीं करते जबकि मोलरता ताप का फलन होती है। समझाइए।
कमरे के ताप पर रखी सोडा जल की बोतल खोलने पर सी-सी की आवाज (फिज़) क्यों आती है?
अभिकथन - द्रव अवस्था वाले विलयन की मोलरता ताप में परिवर्तन से परिवर्तित हो जाती है।
तर्क - ताप में परिवर्तन से विलयन का आयतन परिवर्तित होता है।
