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Question
अभिक्रिया \[\ce{2A + B -> A2B}\] के लिए वेग = k[A][B]2 यहाँ k का मान 2.0 × 10−6 mol−2 L2 s−1 है। प्रारंभिक वेग की गणना कीजिए; जब [A] = 0.1 mol L−1 एवं [B] = 0.2 mol L−1 हो तथा अभिक्रिया वेग की गणना कीजिए; जब [A] घटकर 0.06 mol L−1 रह जाए।
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Solution
प्रारंभिक वेग की गणना:
वेग = k[A][B]2
[A] = 0.1 mol L−1, [B] = 0.2 mol L−1, k = 2.0 × 10−6
= 2.0 × 10−6 × 0.1 × (0.2)2
= 8 × 10−9 mol L−1 s−1
जब [A] घटकर 0.06 mol L−1 रह जाए अर्थात् A के 0.04 mol L−1 की अभिक्रिया हो जाए तब अभिक्रिया करने वाला B
= `1/2 xx 0.04`
= 0.02 mol L−1
अतः नया [B] = 0.2 − 0.02 = 0.18 mol L−1
अब वेग = 2.0 × 10−6 × (0.06) × (0.18)2
= 3.89 × 10−9 mol L−1 s−1
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\[\ce{3NO_{(g)} -> N2O_{(g)}}\] वेग = k [NO]2
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\[\ce{H2O2_{( aq)} + 3I^-_{( aq)} + 2H^+ -> 2H2O_{(l)} + I^-_3}\] वेग = k [H2O2] [I–]
A और B के मध्य अभिक्रिया में A और B की विभिन्न प्रारंभिक सांद्रताओं के लिए प्रारंभिक वेग (r0) नीचे दिए गए हैं।
A और B के प्रति अभिक्रिया की कोटि क्या है?
| A/mol L−1 | 0.20 | 0.20 | 0.40 |
| B/mol L−1 | 0.30 | 0.10 | 0.05 |
| r0/mol L−1 s−1 | 5.07 × 10−5 | 5.07 × 10−5 | 1.43 × 10−4 |
अभिक्रिया A + 2B ⟶ C के लिए निम्नलिखित वेग नियम प्राप्त होता है। बेग = k [A][B]
'A' की सांद्रता स्थिर रखते हुए अभिक्रियक 'B' की सांद्रता दुगनी करने पर वेग नियतांक का मान ______।
वेग नियम संतुलित रासायनिक समीकरण द्वारा निर्धारित नहीं किया जा सकता यदि ______।
- व्युत्क्रम अभिक्रिया सम्मिलित होती है।
- यह एक प्राथमिक अभिक्रिया हो।
- यह प्राथमिक अभिक्रियाओं की एक शृंखला है।
- कोई भी अभिक्रियक आधिक्य में हो।
किसी भी एक-अणुक अभिक्रिया के लिए ______।
- दर निर्धारण चरण में केवल एक अभिकारी स्पीसीज प्रयुक्त होती है।
- सबसे धीमे चरण की कोटि तथा आण्विकता एक के बराबर होती है।
- अभिक्रिया की आण्विकता एक होती है और कोटि शून्य होती है।
- अभिक्रिया की आण्विकता और कोटि दोनों ही एक होती हैं।
आप निम्नलिखित अभिक्रिया का वेग नियम कैसे निर्धारित कर सकते हैं?
\[\ce{2NO (g) + O2(g) -> 2NO2 (g)}\]
निम्नलिखित का सुमेलन कीजिए-
| कॉलम I | कॉलम II |
| (i) हीरा (डायमण्ड) | (a) समय का लघु अंतराल |
| (ii) तार्क्षणिक वेग | b) सामान्यत: परिवर्तन का वेग परिलक्षित नहीं होता। |
| (iii) औसत वेग | (c) लंबी समयावधि |
एक अभिक्रिया A के प्रति प्रथम तथा B के प्रति द्वितीय कोटि की है। B की सांद्रता तीन गुनी करने से वेग पर क्या प्रभाव पड़ेगा?
