Advertisements
Advertisements
Question
7.0 cm साइज़ का कोई बिंब 18 cm फोकस दूरी के किसी अवतल दर्पण के सामने 27 cm दूरी पर रखा गया है। दर्पण से कितनी दूरी पर किसी परदे को रखें कि उस पर वस्तु का स्पष्ट फोकसित प्रतिबिंब प्राप्त किया जा सके। प्रतिबिंब का साइज़ तथा प्रकृति ज्ञात कीजिए।
Advertisements
Solution
बिंब की दूरी (u) = −27 cm
बिंब की ऊंचाई (h) = 7 cm
अवतल दर्पण की फोकस दूरी (f) = −18 cm
दर्पण सूत्र से,
`1/"f" = 1/"v" + 1/"u"`
⇒ `1/"v" = 1/"f" - 1/"u"`
⇒ `1/"v" = 1/(-18) - 1/(-27)`
⇒ `1/"v" = -1/18 + 1/27`
⇒ `1/"v" = (-3 + 2)/54`
⇒ `1/"v" = (-1)/54`
⇒ v = −54 cm
इस प्रकार, बिंब 'v' की दूरी 54 cm है।
अब, आवर्धन सूत्र का उपयोग करते हुए,
प्रतिबिंब की साइज़:
m = `"h'"/"h" = -"v"/"u"`
`"h'"/5 = -((-54))/((-27))`
`"h'"/7` = −2
h' = −2 × 7
h' = −14 cm
h' का ऋणात्मक चिह्न यह दर्शाता है कि प्रतिबिंब उल्टा है।
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
कोई अवतल दर्पण आपने सामने 10 cm दूरी पर रखे किसी बिंब का तीन गुणा आवर्धित (बड़ा) वास्तविक प्रतिबिंब बनाता है। प्रतिबिंब दर्पण से कितनी दूरी पर है।
15 cm फोकस दूरी के किसी उत्तल दर्पण से कोई बिंब 10 cm दूरी पर रखा है। प्रतिबिंब की स्थिति तथा प्रकृति ज्ञात कीजिए।
एक समतल दर्पण द्वारा उत्पन्न आवर्धन +1 है। इसका क्या अर्थ है?
5.0 cm लंबाई का कोई बिंब 30 cm वक्रता त्रिज्या के किसी उत्तल दर्पण के सामने 20 cm दूरी पर रखा गया है। प्रतिबिंब की स्थिति, प्रकृति तथा साइज़ ज्ञात कीजिए।
दो समतल दर्पणों की किसी व्यवस्था द्वारा किस स्थिति में, चाहे आपतन कोण कुछ भी होआपतित किरण और परावर्तित किरण सदैव एक दूसरे के समान्तर द्वारा दर्शाइए। इस आरेख द्वारा दर्शाइए।
किसी प्रकाश किरण का पथ दर्शाइए, जब वह
- वायु से जल,
- जल से वायु
में तिरछी प्रवेश करती है।
