मराठी

‘उज्ज्वल गाथा कैसे गाऊँ, मधुर चाँदनी रातों की’ - कथन के माध्यम से कवि क्या कहना चाहता है?

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

‘उज्ज्वल गाथा कैसे गाऊँ, मधुर चाँदनी रातों की’ - कथन के माध्यम से कवि क्या कहना चाहता है?

लघु उत्तर
Advertisements

उत्तर

कवि यह कहना चाहता है कि अपनी प्रेयसी के साथ बिताए गए क्षणों को वह सबके सामने कैसे प्रकट करे। जीवन के कुछ अनुभवों को गोपनीय रखना ही उचित होता है। ऐसी स्मृतियों को वह सबके सामने प्रस्तुत कर अपनी हँसी नहीं उड़ाना चाहता है। अत: वह अपने जीवन की मधुर स्मृतियों को अपने तक ही सीमित रखना चाहता है।

shaalaa.com
आत्मकथ्य
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 4: जयशंकर प्रसाद - आत्मकथ्य - प्रश्न-अभ्यास [पृष्ठ २०]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi Kshitij Bhag 2 Class 10
पाठ 4 जयशंकर प्रसाद - आत्मकथ्य
प्रश्न-अभ्यास | Q 5. | पृष्ठ २०

संबंधित प्रश्‍न

कवि आत्मकथा लिखने से क्यों बचना चाहता है?


स्मृति को ‘पाथेय’ बनाने से कवि का क्या आशय है?


कवि ने जो सुख का स्वप्न देखा था उसे कविता में किस रूप में अभिव्यक्त किया है?


आप किन व्यक्तियों की आत्मकथा पढ़ना चाहेंगे और क्यों?


कोई भी अपनी आत्मकथा लिख सकता है। उसके लिए विशिष्ट या बड़ा होना जरूरी नहीं। हरियाणा राज्य के गुड़गाँव में घरेलू सहायिका के रुप में काम करने वाली बेबी हालदार की आत्मकथा बहुतों के द्वारा सराही गई। आत्मकथात्मक शैली में अपने बारे में कुछ लिखिए।


‘मुरझाकर गिर रहीं पत्तियाँ’ किसका प्रतीक हैं? ये किसका बोध करा रही हैं?


‘असंख्य जीवन-इतिहास’ कहकर कवि किस ओर संकेत करना चाहता है?


कवि किसकी हँसी नहीं उड़ाना चाहता है और क्यों?


उन तथ्यों का उल्लेख कीजिए जिनका उल्लेख कवि अपनी आत्मकथा में नहीं करना चाहता है?


कवि ने अपने जीवन की उज्ज्वल गाथा किसे कहा है?


कवि ने अपनी तुलना किससे की है? उसके जीवन का पाथेय क्या है?


‘आत्मकथ्य’ कविता के माध्यम से ‘प्रसाद’ जी के व्यक्तित्व की जो झलक मिलती है, वह उनकी ईमानदारी और साहस का प्रमाण है, स्पष्ट कीजिए।


पद्य पाठ के आधार पर निम्नलिखित प्रश्न के उत्तर लगभग 25-30 शब्दों में लिखिए -

'आत्मकथ्य' में कवि आत्मकथा न लिखने के लिए जिन तर्कों का सहारा ले रहा है उनमें से किन्हीं दो का उल्लेख कीजिए।


पद्य पाठ के आधार पर निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 25-30 शब्दों में लिखिए -

'कथा के सीवन को उधेड़ने' का अर्थ स्पष्ट करते हुए बताइए कि कवि के लिए आत्मकथा लिखना सीवन उधेड़ने जैसा क्यों है?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×