मराठी

कान से न सुन पाने पर आस-पास की दुनिया कैसी लगती होगी? इस पर टिप्पणी लिखो और कक्षा में पढ़कर सुनाओ। - Hindi (हिंदी)

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

कान से न सुन पाने पर आस-पास की दुनिया कैसी लगती होगी? इस पर टिप्पणी लिखो और कक्षा में पढ़कर सुनाओ।

टीपा लिहा
Advertisements

उत्तर

कान से न सुन पाने पर दुनिया बड़ी विचित्र लगती है। आँखें तो सब कुछ देखती हैं, पर जब उन क्रिया कलापों की आवाज़ नहीं सुन पाते तब ऐसा प्रतीत होता है मानो बंद कानों से हम मूक फ़िल्मों की तरह देखते हैं। न सुनने के कारण व्यक्ति दूसरों से अपने विचारों का आदान-प्रदान सही रूप में नहीं कर पाता होगा।

shaalaa.com
गद्य (Prose) (Class 6)
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 11: जो देखकर भी नहीं देखते - निबंध से आगे [पृष्ठ ८३]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi - Vasant Part 1 Class 6
पाठ 11 जो देखकर भी नहीं देखते
निबंध से आगे | Q 2 | पृष्ठ ८३

संबंधित प्रश्‍न

तुम हनुमान को किस रूप में देखते हो?


यदि राजा दशरथ कैकेयी की प्रार्थना को स्वीकार नहीं करते तो क्या होता? अनुमान से बताओ?


श्यामा माँ से बोली, “मैंने आपकी बातचीत सुन ली है।”
ऊपर दिए उदाहरण में मैंने का प्रयोग ‘श्यामा’ के लिए और आपकी का प्रयोग ‘माँ’ के लिए हो रहा है। जब सर्वनाम का प्रयोग कहने वाले, सुनने वाले या किसी तीसरे के लिए हो, तो उसे पुरुषवाचक सर्वनाम कहते हैं। नीचे दिए गए वाक्यों में तीनों प्रकार के पुरुषवाचक सर्वनामों के नीचे रेखा खींचो-


लेखिको को सप्ताह में कितनी बार चॉकलेट खरीदने की छूट थी?


अक्षरों के महत्त्व की तरह ध्वनि के महत्व के बारे में जितना जानते हो, लिखो।


इस गीत की किन पंक्तियों को तुम आप अपने आसपास की जिंदगी में घटते हुए देख सकते हो?


बातचीत करते समय हमारी बातें, हाथ की हरकत से प्रभावशाली होकर दूसरे तक पहुँचती हैं। हाथ की हरकत से या हाथ के इशारे से भी कुछ कहा जा सकता है।
नीचे लिखे हाथ के इशारे किन अवसरों पर प्रयोग होते हैं? लिखो-

  1. ‘क्यों’ पूछते हाथ
  2. मना करते हाथ
  3. समझाते हाथ
  4. बुलाते हाथ
  5. आरोप लगाते हाथ
  6. चेतावनी देते हाथ
  7. जोश दिखाते हाथ

बहुविकल्पीय प्रश्न

इस पाठ के लेखक कौन हैं?


बहुविकल्पीय प्रश्न
वैद्य जी को बुलाकर कौन लाया?


बहुविकल्पीय प्रश्न
मोहन कैसा लड़का था?


बहुविकल्पीय प्रश्न
नागराजन को अलबम किसने भिजवाया था?

पाठ में स्पर्श से संबंधित कई शब्द आए हैं। नीचे ऐसे कुछ और शब्द दिए गए हैं। बताओ कि किन चीज़ों का स्पर्श ऐसा होता है-

चिकना ______

चिपचिपा ______

मुलायम ______

खुरदरा ______

लिजलिजा ______

ऊबड़-खाबड़ ______

सख्त ______

भुरभुरा ______


एक रोड़ा दरिया में लुढ़कता-लुढ़कता किस रूप में बदल जाता है?


चमकीला रोड़ा-यहाँ रेखांकित विशेषण ‘चमक’ संज्ञा में ‘ईला’ प्रत्यय जोड़ने पर बना है। निम्नलिखित शब्दों में यही प्रत्यय जोड़कर विशेषण बनाओ और इनके साथ उपयुक्त संज्ञाएँ लिखो-
पत्थर ______
काँटा ______
रस ______
ज़हर _____


‘जब तुम मेरे साथ रहती हो, तो अकसर मुझसे बहुत-सी बातें पूछा करती हो।’
यह वाक्य दो वाक्यों को मिलाकर बना है। इन दोनों वाक्यों को जोड़ने का काम जब-तो (तब) कर रहे हैं, इसलिए | इन्हें योजक कहते हैं। योजक के रूप में कभी कोई बदलाव नहीं आता, इसलिए ये अव्यय का एक प्रकार होते हैं। नीचे वाक्यों को जोड़ने वाले कुछ और अव्यय दिए गए हैं। उन्हें रिक्त स्थानों में लिखो। इन शब्दों से तुम भी एक-एक वाक्य बनाओ-
बल्कि / इसलिए / परंतु / कि / यदि / तो / न कि / या / ताकि।

  1. कृष्णन फ़िल्म देखना चाहता है ___________  मैं मेले में जाना चाहती हूँ।
  2. मुनिया ने सपना देखा ____________ वह चंद्रमा पर बैठी है।
  3. छुट्टियों में हम सब ___________ दुर्गापुर जाएँगे _________ जालंधर।
  4. सब्ज़ी कटवा कर रखना ___________ घर आते ही मैं खाना बना लें।
  5. _________  मुझे पता होता कि शमीना बुरा मान जाएगी _______ मैं यह बात न कहती।
  6. इस वर्ष फ़सल अच्छी नहीं हुई है _________ अनाज महँगा है।
  7. विमल जर्मन सीख रहा है _________ फ्रेंच।

बहुविकल्पी प्रश्न

“लोकगीत’ पाठ के लेखक कौन हैं?


लोकगीत किस अर्थ में शास्त्रीय संगीत से भिन्न है?


गांधी द्वारा भोजन परोसने के कारण आश्रमवासियों को क्या सहना पड़ता था?


आश्रम में गांधी जी कई ऐसे काम भी करते थे, जिन्हें आमतौर पर नौकर-चाकर करते हैं। पाठ से तीन अलग-अलग प्रसंग अपने शब्दों में लिखो जो इस बात का प्रमाण हो।


इस पाठ में कई हिस्से हैं जहाँ किसी काम को करने का तरीका समझाया गया है; जैसेछोटी मछलियों को पकड़ने के लिए इसे पानी की सतह पर रखा जाता है या फिर धीरे-धीरे चलते हुए खींचा जाता है। बाँस की खपच्चियों को इस तरह बाँधा जाता है कि वे शंकु का आकार ले लें। इस शंकु का ऊपरी सिरा अंडाकार होता है। निचले नुकीले सिरे पर खपच्चियाँ एक-दूसरे में गॅथी हुई होती हैं।
इस वर्णन को ध्यान से पढ़कर नीचे दिए गए प्रश्नों के उत्तर अनुमान लगाकर दो। यदि अंदाज लगाने में दिक्कत हो तो आपस में बातचीत करके सोचो-
(क) बाँस से बनाए गए शंकु के आकार का जाल छोटी मछलियों को पकड़ने के लिए ही क्यों इस्तेमाल किया जाता है?
(ख) शंकु का ऊपरी हिस्सा अंडाकार होता है तो नीचे का हिस्सा कैसा दिखाई देता है?
(ग) इस जाल से मछली पकड़ने वालों को धीरे-धीरे क्यों चलना पड़ता है?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×