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महाराष्ट्र राज्य शिक्षण मंडळएस.एस.सी (इंग्रजी माध्यम) इयत्ता ६ वी

।। जननी-जन्मभूमिश्च स्वर्गादपि गरीयसी ।। - Hindi (Second/Third Language) [हिंदी (दूसरी/तीसरी भाषा)]

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प्रश्न

।। जननी-जन्मभूमिश्च स्वर्गादपि गरीयसी ।।

टीपा लिहा
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उत्तर

हमारी जननी-जन्मभूमि स्वर्ग से भी महान हैं। मनुष्य को जन्म देने वाली उसकी माँ और जिस भूमि में व्यक्ति का जन्म हुआ है, उसका सदा मान रखना चाहिए। उसके समक्ष स्वर्ग के सारे सुख भी ना के बराबर होते हैं। हमें अपनी जननी-जन्मभूमि के प्रति सदा कृतज्ञ रहना चाहिए।

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उपयोजित / रचनात्मक लेखन (लेखन कौशल)
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पाठ 1.1: सोई मेरी छौना रे ! - सोई मेरी छौना रे ! [पृष्ठ २५]

APPEARS IN

बालभारती Hindi Sulabhbharati [English] Standard 6 Maharashtra State Board
पाठ 1.1 सोई मेरी छौना रे !
सोई मेरी छौना रे ! | Q (११) | पृष्ठ २५

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