मराठी

एस्टर का जलअपघटन प्रारंभ में धीमा एवं कुछ समय पश्चात् तीव्र क्यों हो जाता है? - Chemistry (रसायन विज्ञान)

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

एस्टर का जलअपघटन प्रारंभ में धीमा एवं कुछ समय पश्चात् तीव्र क्यों हो जाता है?

टीपा लिहा
Advertisements

उत्तर

एस्टर का जलअपघटन निम्न समीकरण के अनुसार होता है –

\[\ce{\underset{{एस्टर}}{{RCOOR'}} + \underset{{जल}}{H2O} ⇌ \underset{{अम्ल}}{RCOOH} + \underset{{ऐल्कोहॉल}}{{R'OH}}}\]

अभिक्रिया में निर्मित अम्ल स्वउत्प्रेरक (autocatalyst) का कार्य करता है। अत: कुछ समय पश्चात् अभिक्रिया तीव्र हो जाती है।

shaalaa.com
उत्प्रेरण
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?

संबंधित प्रश्‍न

उत्प्रेरण के प्रक्रम में विशोषण की क्या भूमिका है?


विषमांगी उत्प्रेरण में अधिशोषण की क्या भूमिका है?


एन्जाइम क्या होते हैं? एन्जाइम उत्प्रेरण की क्रिया विधि को संक्षेप में लिखिए।


विषमांगी उत्प्रेरण के चार उदाहरण लिखिए।


उत्प्रेरक की सक्रियता एवं वरणक्षमता का क्या अर्थ है?


ज़िओलाइटों द्वारा उत्प्रेरण के कुछ लक्षणों का वर्णन कीजिए।


अभिक्रिया में उत्प्रेरक में किस प्रकार का परिवर्तन होता है?

  1. भौतिक
  2. गुणात्मक
  3. रासायनिक
  4. मात्रात्मक

जब गोल्ड सॉल में जिलेटिन मिलाया जाता है तो क्या होता है?


आइसक्रीम में जिलेटिन, जो कि पेप्टाइड होता है, मिलाया जाता है। इसे क्यों मिलाया जाता होगा?


विषमांगी उत्प्रेरक में विसरण की क्या भूमिका होती है?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×