Advertisements
Advertisements
प्रश्न
चारों छंदों में कवि ने आदमी के सकारात्मक और नकारात्मक रूपों को परस्पर किन-किन रूपों में रखा है? अपने शब्दों में स्पष्ट कीजिए।
Advertisements
उत्तर
चारों छंदो में कवि ने आदमी के सकारात्मक और नकारात्मक रूपों का तुलनात्मक रूप प्रस्तुत किया है −
|
सकारात्मक रूप |
नकारात्कम रूप |
|
1. एक आदमी शाही किस्म के ठाट-बाट भोगता है। |
1. दूसरे आदमी को गरीबो में दिन बिताने पड़ते हैं। |
|
2. एक आदमी मालामाल होता है |
2. दूसरा आदमी कमज़ोरी झेलती है। |
|
3. एक स्वादिष्ट भोजन खाता है। |
3. दूसरा सूखी रोटियाँ चबाता है। |
|
4. एक धर्मस्थलों में धार्मिक पुस्तकें पढ़ता है |
4. दूसरा धर्मस्थलों पर जूतियाँ चुराता है। |
|
5. एक आदमी जानन्योछावर करता है |
5. दूसरा जान से मार डालता है। |
|
6. एक शरीफ सम्मानित है |
6. दूसरा दुराचारी दुरव्यवहार करने वाला |
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
निम्नलिखित प्रश्न के उत्तर दीजिए:
कवि एक घर पीछे या दो घर आगे क्यों चल देता है?
निम्नलिखित प्रश्न के उत्तर दीजिए:
“वसंत का गया पतझड़’ और ‘बैसाख का गया भादों को लौटा’ से क्या अभिप्राय है?
कवि ‘एक पत्र छाँह’ भी माँगने से मना करता है, ऐसा क्यों?
कवि किस दृश्य को महान बता रहा है, और क्यों?
‘अग्नि पथ’ कविता को आप अपने जीवन के लिए कितनी उपयोगी मानते हैं?
निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए:
प्रथम छंद में वर्णित प्रकृति-चित्रण को लिखिए।
संदर्भ सहित व्याख्या कीजिए −
गाता शुक जब किरण बसंत
छूती अंग पर्ण से छनकर
तोते और शुकी के गीत का अंतर पठित कविता के आधार पर स्पष्ट कीजिए।
नीचे लिखे शब्दों का उच्चारण कीजिए और समझिए कि किस प्रकार नुक्ते के कारण उनमें अर्थ परिवर्तन आ गया है।
|
राज़ (रहस्य) |
फ़न (कौशल) |
|
राज (शासन) |
फन (साँप का मुहँ) |
|
ज़रा (थोड़ा) |
फ़लक (आकाश) |
|
जरा (बुढ़ापा) |
फलक (लकड़ी का तख्ता) |
ज़ फ़ से युक्त दो-दो शब्दों को और लिखिए।
‘आदमी नामा’ कविता का मूल कथ्य/प्रतिपाद्य स्पष्ट कीजिए।
नज्मकार ने मसजिद का उल्लेख किस संदर्भ में किया है और क्यों?
‘आदमी नामा’ पाठ के आधार पर आदमी के उस रूप का वर्णन कीजिए जिसने आपको सर्वाधिक प्रभावित किया?
निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए :
प्रेम का धागा टूटने पर पहले की भाँति क्यों नहीं हो पाता?
निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए :
जहाँ काम आवे सुई, कहा करे तरवारि।
‘मिले गाँठ परिजाय’-ऐसा रहीम ने किस संदर्भ में कहा है और क्यों?
रहीम का मानना है कि व्यक्ति को अपनी पीड़ा छिपाकर रखनी चाहिए, ऐसा क्यों?
आज की परिस्थितियों में रहीम के दोहे कितने प्रासंगिक हैं? किन्हीं दो उदाहरणों के माध्यम से स्पष्ट कीजिए।
रैदास के पदों का केंद्रीय भाव अपने शब्दों में लिखिए।
जैसे चितवत चंद चकोरा’ के माध्यम से रैदास ने क्या कहना चाहा है?
