Please select a subject first
Advertisements
Advertisements
निम्नलिखित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
|
उर्मि ने कलाई को रोशनी तक ले जाकर टाइम देखा, फिर खीझ में धीरे-से फुसफुसाई, ‘‘नो...ओ नो !’’ बूढ़ा उतरकर ऑटो के इर्द-गिर्द घूमने लगा ‘‘पंचर हो गया ... दस मिनट लगेंगे। आप फिकर न करें !’’ फिर एक बार ऑटो पटरी के साथ खड़ा हो गया। बूढ़े ने आगे से प्लग-पाना, जैक और स्टेपनी निकाल ली, फिर बैठकर जैक लगाने लगा। उर्मि ऑटो से उतर फुटपाथ पर चढ़ गई। उद्विग्न-सी, सिर नीचे किए छोटे-छोटे कदमों से टहलने लगी। अब टाइम ज्यादा हो गया है, ये गुस्सा कर रहे होंगे। बच्चे तो मेरे जिम्मे ही मानकर चलते हैं ... उसने सोचा। आकाश बादलों से पटा हुआ था। दूर कभी-कभी बिजली चमक जाती थी जिसकी तेज रोशनी आस-पास के घिरे अँधेरे में दिखाई दे रही थी। अचानक मोबाइल बजने की आवाज ने उसे चौंका दिया। ये चिंता कर रहे होंगे? उसने जल्दी से मोबाइल कान से लगा लिया ...‘‘हैलो !’’ |
(1) उत्तर लिखिए: (2)
| वाहन मरम्मत के साधन |
| (i) ____________ |
| (ii) ___________ |
| उर्मि की मानसिक स्थिति |
| (i) ____________ |
| (ii) ___________ |
(2) नौकरी पेशा करनेवाली महिलाओं की समस्याओं पर 25 से 30 शब्दों में अपने विचार लिखिए। (2)
Concept: undefined >> undefined
निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
|
सुंदर सुभूमि भैया भारत के देसवा से जाहु-जाहु भैया रे बटोही हिंद देखी आउ |
(1) उपर्युक्त पद्यांश से ढूँढ़कर लिखिए: (2)
- देश - ______
- पर्वत - ______
- पक्षी - ______
- सुगंधी वृक्ष - ______
(2) ‘पर्यटन से होनेवाले लाभ’ इस विषय पर 25 से 30 शब्दों में अपने विचार लिखिए। (2)
Concept: undefined >> undefined
Advertisements
निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
| ऊर्ध्वतम ही है चलना जैसे पृथिवी चलकर गौरीशंकर बनती ! छूट गए पीछे कस्तूरी मृगवाले वे मधु मानव-से उत्सव जंगल, ग्रीष्म तपे तँबियारे झरे पात की वे वनानियाँ, गिरे चीड़फूलों से लदी भूमि औ’ औषधियों के वल्कल पहने परम हितैषी वृक्ष सभी कुछ छूट गए । |
(1) उचित मिलान कीजिए: (2)
| अ | उत्तर | आ | |
| (i) | औषधि | ताप | |
| (ii) | ग्रीष्म | वल्कल | |
| (iii) | कस्तूरी | पात | |
| (iv) | तौबियारे | उत्सव | |
| (v) | मृग |
(2) पद्यांश से ढूँढ़कर लिखिए: (2)
- विलोम शब्द:
- आगे × ______
- अहितैषी × ______
- समानार्थी शब्द :
-
- पेड़ = ______
- वन = ______
(3) प्रथम चार पंक्तियों का सरल अर्थ 25 से 30 शब्दों में लिखिए। (2)
Concept: undefined >> undefined
निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
|
मेरे मन में ढेरों सवाल उठते। आखिर ये इस तरह ‘वी’ आकार बनाकर क्यों उड़ रहे हैं ? ये सब कहाँ जा रहे हैं ? सबसे पीछेवाला सबसे आगे क्यों नहीं आने की कोशिश कर रहा ? बीचवाला क्यों अपनी जगह पर उसी रफ्तार से चला जा रहा है ? क्या किसी ने इन्हें निर्देश दिया है कि ऐसे ही उड़ना है ? कौन है इनका निर्देशक ? बहुत से सवाल लेकर जब मैं माँ के पास आता, तो माँ मेरा सिर सहलातीं। कहती कि ये मानसरोवर के राजहंस हैं। ‘‘तो ये सारे हंस जो इस तरह एक गति से उड़ते हैं, उसका क्या मतलब हुआ ?’’ ‘‘ये आपस में रिश्तेदार हैं।’’ ‘‘सबसे आगे वाला उनका नेता होता है। वही उड़ने की रफ्तार और दिशा तय करता है। उसके पंखों को बाकियों से ज्यादा मेहनत करनी होती है। सामने आने वाले खतरों को वह पहले पहचानता है। वह हवा को काटता है, उसके बाद बाकी के हंस हवा को काटते हुए चलते हैं और अपने से पीछे उड़ने वाले हंसों के लिए वह उड़ान को आसान बनाते चलते हैं।’’ - माँ कहतीं। |
(1) कृति पूर्ण कीजिए: (2)

(2) विशेषताएँ लिखिए : (2)

(3) 'पक्षियों में पाया जाने वाला अनुशासन' विषय पर 30 से 40 शब्दों में अपने विचार लिखिए। (3)
Concept: undefined >> undefined
निम्न मुद्दों पर आधारित पद्य (ब्रजवासी) का विश्लेषण कीजिए:
- रचनाकार का नाम - [1]
- रचना की विधा - [1]
- पसंदीदा पंक्तियाँ - [1]
- पंक्तियाँ पसंद होने के कारण - [1]
- कविता प्राप्त प्रेरणा/संदेश - [2]
Concept: undefined >> undefined
निम्नलिखित पठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
|
मेरा जीवन एक खुली किताब रहा है। मेरे न कोई रहस्य हैं और न मैं रहस्यों को प्रश्रय देता हूँ। मैं पूरी तरह भला बनने के लिए संघर्षरत एक अदना-सा इनसान हूँ। मैं मन, वाणी और कर्म से पूरी तरह सच्चा और पूरी तरह अहिंसक बनने के लिए संघर्षरत हूँ। यह लक्ष्य सच्चा है, यह मैं जानता हूँ पर उसे पाने में बार-बार असफल हो जाता हॅूं। मैं मानता हूँ कि इस लक्ष्य तक पहुँचना कष्टकर है पर यह कष्ट मुझे निश्चित आनंद देने वाला लगता है। इस तक पहुँचने की प्रत्येक सीढ़ी मुझे अगली सीढ़ी तक पहुँचने के लिए शक्ति तथा सामर्थ्य देती है। जब मैं एक ओर अपनी लघुता और अपनी सीमाओं के बारे में सोचता हूँ और दूसरी ओर मुझसे लोगों की जो अपेक्षाएँ हो गई हैं, उनकी बात सोचता हूँ तो एक क्षण के लिए तो मैं स्तब्ध रह जाता हूँ। फिर यह समझकर प्रकृतिस्थ हो जाता हूँ कि ये अपेक्षाएँ मुझसे नहीं हैं। ये सत्य और अहिंसा के दो अमूल्य गुणों के मुझमें अवतरण हैं। यह अवतरण कितना ही अपूर्ण हो पर मुझमें अपेक्षाकृत अधिक द्रष्टव्य है। |
(1) कारण लिखिए: (2)
- लेखक का जीवन एक खुली किताब है -
- लेखक प्रकृतिस्थ हो जाते हैं -
(2) लिखिए : (2)
(i)

(ii)

(3) 'कथनी और करनी में समानता होनी चाहिए' विषय पर 30 से 40 शब्दों में अपने विचार लिखिए। (3)
Concept: undefined >> undefined
निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
|
जहाँ पर भाईयों में प्यार का सागर नहीं होता, जो अपने देश पर कटने का जज्बा ही न रखता हो, जो समझौते की बातें हैं, खुले दिल से ही होती हैं, हकीकत और होती है, नजर कुछ और आता है, |
- एक/दो शब्दों में उत्तर लिखिए: (2)
- जहाँ भाईयों में प्यार होता है वहाँ - ______
- जिसमें अपने देश पर कटने का जज्बा होता है उसे - ______
- जहाँ समझौते की बातें होती हैं वहाँ - ______
- जहाँ फूल खिलते हैं वहाँ - ______
- 'अपनत्व की भावना' विषय पर 25 से 30 शब्दों में अपने विचार लिखिए। (2)
Concept: undefined >> undefined
निम्नलिखित गद्यांश पढ़कर ऐसे चार प्रश्न तैयार कीजिए, जिनके उत्तर गद्यांश में एक-एक वाक्य में हों:
| स्वाधीन भारत में अभी तक अंग्रेजी हवाओं में कुछ लोग यह कहते मिलेंगे – जब तक विज्ञान और तकनीकी ग्रंथ हिंदी में न हो तब तक कैसे हिंदी में शिक्षा दी जाए। जब कि स्वामी श्रद्धानंद स्वाधीनता से भी चालीस साल पहले गुरुकुल काँगड़ी में हिंदी के माध्यम से विज्ञान जैसे गहन विषयों की शिक्षा दे रहे थे। ग्रंथ भी हिंदी में थे और पढ़ाने वाले भी हिंदी के थे। जहाँ चाह होती है वहीं राह निकलती है। एक लंबे अरसे तक अंग्रेज गुरुकुल काँगड़ी को भी राष्ट्रीय आंदोलन का अभिन्न अंग मानते रहे। इसमें कोई संदेह भी नहीं कि गुरुकुल के स्नातकों में स्वाधीनता की अजीब तड़प थी। स्वामी श्रद्धानंद जैसा राष्ट्रीय नेता जिस गुरुकुल का संस्थापक हो और हिंदी शिक्षा का माध्यम हो; वहीं राष्ट्रीयता नहीं पनपेगी तो कहाँ पनपेगी। |
Concept: undefined >> undefined
निम्नलिखित अपठित गद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
|
यह एक 'साधारण महिला' की असाधारण कहानी है, जो अपनी असाधारण पारिवारिक पृष्ठभूमि से प्रोत्साहन व प्रेरणा लेकर सफलता के शिखर पर पहुँची है। वहाँ अंतरिक्ष में रहते हुए सुनीता का मन बारिश में भीगने, समुद्र या झील या फिर सरोवर में तैरने को कर रहा था। दरअसल अंतरिक्ष में रहते हुए हरदम गंदगी-सी महसूस होती है। भारहीनता के कारण पसीने की बूँद त्वचा से चिपकी रहती हैं। और धीरे-धीरे इकट्ठा होकर त्वचा को छोड़ देती हैं, लेकिन किसी चीज से टकराने से पहले वे इधर - इधर तैरती सी रहती हैं। कभी-कभी सुनीता का पृथ्वी को स्पर्श करने का मन करता था। वह अपोलो के अंतरिक्ष यात्रियों के बारे में सोचने लगती थी और यह सोचती थी कि चंद्रमा पर पूरी तरह उतरने से पहलें ही पृथ्वी पर वापस आना उन्हें कितना निराशाजनक लगा होगा। रात से पृथ्वी जैसे टिमटिमाने लगती थी और जो क्षेत्र दिन में वीरान दिखाई दे रहे थे, वे चमत्कारी रूप से छोटी-छोटी बत्तियों के प्रकार से जगमगा उठते थे। ऐसे में सुनीता का जी करता था, 'समुद्र मैं डुबकी लगाने का। |
(1) कृति पूर्ण कीजिए : (2)

(2) कृति पूर्ण कीजिए : (2)

(3) परिवार से प्रोत्साहन तथा प्रेरणा का महत्त्व' विषय पर 25 से 30 शब्दों में अपने विचार लिखिए। (2)
Concept: undefined >> undefined
विजय/विजया मोहिते, वरदा सोसायटी, विजयनगर, कोल्हापुर से व्यवस्थापक, औषधि भंडार, नागपुर को पत्र लिखकर आयुर्वेदिक औषधियों की माँग करता/करती है।
Concept: undefined >> undefined
आपके घर में होने वाले नामकरण कार्यक्रम का निमंत्रण पत्र बनाइए |
Concept: undefined >> undefined
कारण लिखिए :
लेखक रोज-रोज रिश्तों की कहानियाँ लिखते हैं - ______
Concept: undefined >> undefined
कारण लिखिए :
हमारे वे मेहमान आधी रात घर पहुँचे - ______
Concept: undefined >> undefined
उत्तर लिखिए :
रजाइयों की संख्या - ______
Concept: undefined >> undefined
उत्तर लिखिए :
महिला का इलाज यहाँ हुआ - ______
Concept: undefined >> undefined
कृति कीजिए :
पाठ (दो संस्मरण) में आए शहरों के नाम -
- ______
- ______
Concept: undefined >> undefined
कृति कीजिए :
तिल से बनी मिठाइयों के नाम -
- ______
- ______
Concept: undefined >> undefined
‘सहकारिता ही जीवन है’ विषय पर अपने विचार लिखिए।
Concept: undefined >> undefined
अंतर स्पष्ट कीजिए :
| कर सकते हैं | |
| अकेले हम | रिश्तों के बीच हम |
| ______ | ______ |
Concept: undefined >> undefined
कारण लिखिए :
लड़के का चेहरा देखकर लोग आश्चर्य करने लगे - ______
Concept: undefined >> undefined
