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उत्कृष्ट होते हए भी 'तीसरी कसम' फ़िल्म सिनेमाघरों में क्यो नहीं चली?

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प्रश्न

उत्कृष्ट होते हए भी 'तीसरी कसम' फ़िल्म सिनेमाघरों में क्यो नहीं चली?

विकल्प

  • फ़िल्म की संवेदना का प्रचार न होने के कारण

  • अच्छे गीतों के अभाव के कारण

  • फ़िल्म में कमज़ोर अभिनय के कारण

  • फ़िल्म की कमज़ोर पटकथा के कारण

MCQ
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उत्तर

फ़िल्म की संवेदना का प्रचार न होने के कारण

व्याख्या:

यह फ़िल्म उन लोगों की समझ से परे थी जो दो से चार बनाने का गणित जानते हैं। उसमें रची-बसी करुणा तराजू पर तौली जा सकने वाली चीज़ नहीं थी, अर्थात् उसमें वास्तविक भावनाओं को महसूस करना अत्यंत मुश्किल था। इस कारण, 'तीसरी कसम' को प्रचारित नहीं किया गया और लोगों ने इसे सिनेमा घरों में नहीं देखा।

shaalaa.com
तीसरी कसम के शिल्पकार शैलेंद्र
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2022-2023 (March) Outside Delhi Set 1

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क्र.सं. फ़िल्म का नाम साहित्यिक रचना भाषा रचनाकार
1. देवदास देवदास बंगला शरत्‌चंद्र
2. ............. ............. ............. .............
3. ............. ............. ............. .............
4. ............. ............. ............. .............

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