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प्रश्न
'नवाब साहब ने खीरे बाहर फेंक दिए' - आपकी दृष्टि में उनका यह व्यवहार कहाँ तक उचित है?
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उत्तर
हमारी दृष्टि में, 'नवाब साहब ने खीरे बाहर फेंक दिए' उनका यह व्यवहार बिल्कुल भी उचित नहीं है। स्वयं को श्रेष्ठ दिखाने के लिए उन्हें ऐसा नहीं करना चाहिए था। उनका ऐसा करना संस्कृति का परिचायक है।
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