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मैंने समझा जरा प्यार से बोलना सीख लीजे कविता से

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प्रश्न

मैंने समझा जरा प्यार से बोलना सीख लीजे कविता से 

एक पंक्ति में उत्तर
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उत्तर

सदैव सोच-विचारकर सही समय पर बोलना चाहिए; वाणी मीठी होनी चाहिए; वाणी पर नियंत्रण रखना चाहिए और जरूरत के वक्त पर बोलने से पीछे नहीं हटना चाहिए।

shaalaa.com
उपयोजित / रचनात्मक लेखन (लेखन कौशल)
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अध्याय 1.6: जरा प्यार से बोलना सीख लीज - उपयोजित लेखन [पृष्ठ १५]

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बालभारती Hindi Sulabhbharati Standard 8 Maharashtra State Board
अध्याय 1.6 जरा प्यार से बोलना सीख लीज
उपयोजित लेखन | Q 2 | पृष्ठ १५

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अपने ग्राम/नगर/महानगर के संबंधित अधिकारी को बच्चों के खेलने के लिए बगीचा बनवाने हेतु पत्र लिखिए। (पत्र निम्‍न प्रारूप में हो)

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प्रति,

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भवदीय/भवदीया,
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