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क्लोरोबेन्जीन को AlCl3 की उपस्थिति में क्लोरीन की बेन्जीन से अभिक्रिया द्वारा बनाया जा सकता है। इस अभिक्रिया में निम्नलिखित में से कौन-सी स्पीशीज़ बेन्जीन बलय पर आक्रमण करती है?

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प्रश्न

क्लोरोबेन्जीन को AlCl3 की उपस्थिति में क्लोरीन की बेन्जीन से अभिक्रिया द्वारा बनाया जा सकता है। इस अभिक्रिया में निम्नलिखित में से कौन-सी स्पीशीज़ बेन्जीन बलय पर आक्रमण करती है?

विकल्प

  • Cl–

  • Cl+

  • AlCl3

  • [AlCl4]–

MCQ
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उत्तर

Cl+

स्पष्टीकरण:

AlCl3 (e−) हीन अणु है।

इसलिए, जब क्लोरीन अणु के साथ अभिक्रिया की जाती है, तो यह निम्नलिखित अभिक्रिया देता है:

\[\ce{AlCl3 + Cl2 -> [AlCl4]- + Cl^+}\]

यह Cl+ एक इलेक्ट्रॉनरागी है और यह इलेक्ट्रॉनरागी क्लोरोबेन्जीन बनाने के लिए (e−) बेन्जीन रिंग पर अभिक्रिया करता है। अभिक्रिया इस प्रकार है:

इस प्रकार, जब बेन्जीन और क्लोरीन की AlCl3 की उपस्थिति में अभिक्रिया होती है तो क्लोरोबेन्जीन बनाने के लिए Cl+ बेन्जीन रिंग पर आक्रमण करता है।

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अध्याय 10: हैलोऐल्केन तथा हैलोऐरीन - अभ्यास [पृष्ठ १४५]

APPEARS IN

एनसीईआरटी एक्झांप्लर Rasayan Vigyaan [Hindi] Class 12
अध्याय 10 हैलोऐल्केन तथा हैलोऐरीन
अभ्यास | Q I. 13. | पृष्ठ १४५

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नीचे दिए गए अणु में कौन-से कार्बन परमाणु असममित हैं?

\[\begin{array}{cc}
\phantom{}\ce{HO}\phantom{.....}\ce{OH}\phantom{..}\ce{H}\phantom{.....}\ce{O}\phantom{..}\\
\phantom{..}\backslash\phantom{.....}|\phantom{....}|\phantom{.....}//\phantom{.}\\
\ce{\overset{a}{C} - \overset{b}{C} - \overset{c}{C} - \overset{d}{C}}\\
\phantom{..}//\phantom{.....}|\phantom{....}|\phantom{....}\phantom{.}\backslash\phantom{...}\\
\phantom{}\ce{O}\phantom{......}\ce{H}\phantom{...}\ce{OH}\phantom{....}\ce{H}\phantom{}\\
\end{array}\]


निम्न यौगिकों में से कौन-सा OH− आयन द्वारा नाभिकरागी प्रतिस्थापन से रेसिमिक मिश्रण देगा।

(a) \[\begin{array}{cc}
\phantom{}\ce{CH3 - CH - Br}\\
\phantom{}|\\
\phantom{....}\ce{C2H5}\phantom{}
\end{array}\]

 

(b) \[\begin{array}{cc}
\phantom{..}\ce{Br}\\
\phantom{}|\\
\phantom{}\ce{CH3 - C - CH3}\\
\phantom{}|\\
\phantom{....}\ce{C2H5}\phantom{}
\end{array}\]

 

(c) \[\begin{array}{cc}
\ce{CH3 - CH - CH2Br}\\
|\phantom{.....}\\
\ce{C2H5}\phantom{..}
\end{array}\]


निम्नलिखित यौगिकों को नाभिकरागी प्रतिस्थापन अभिक्रिया में अभिक्रिया दर के बढ़ते क्रम में व्यवस्थित कीजिए।

(a)
(b)
(c)

निम्नलिखित यौगिकों को नाभिकरागी प्रतिस्थापन अभिक्रिया में अभिक्रिया दर के बढ़ते क्रम में व्यवस्थित कीजिए।

(a)
(b)
(c)

उपरोक्त अभिक्रिया के लिए कौन-से कथन सही हैं?

(i) (a) और (e) दोनों नाभिकरागी हैं।

(ii) (c) में कार्बन परमाणु sp3 संकरित है।

(iii) (c) में कार्बन परमाणु sp2 संकरित है।

(iv) (a) और (e) दोनों इलेक्ट्रॉनरागी हैं।


एथिलीन क्लोराइड एवं एथिलिडीन क्लोराइड समावयव हैं। इनके विषय में सही कथन पहचानिए।

(i) ऐल्कोहॉली KOH से अभिक्रिया में दोनों यौगिक एक ही उत्पाद् बनाते हैं।

(ii) जलीय NaOH के साथ अभिक्रिया में दोनों यौगिक एक ही उत्पाद् बनाते हैं।

(iii) दोनों यौगिक अपचयन से एक ही उत्पाद् बनाते हैं।

(iv) दोनों यौगिक ध्रुवण घूर्णक हैं।


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