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खीरे के संबंध में नवाब साहब के व्यवहार को उनकी सनक कहा जा सकता है। आपने नवाबों की और भी सनकों और शौक के बारे में पढ़ा-सुना होगा। किसी एक के बारे में लिखिए।

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प्रश्न

खीरे के संबंध में नवाब साहब के व्यवहार को उनकी सनक कहा जा सकता है। आपने नवाबों की और भी सनकों और शौक के बारे में पढ़ा-सुना होगा। किसी एक के बारे में लिखिए।

लघु उत्तरीय
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उत्तर

नवाब वाजिद अली शाह की प्रमुख रुचियों में नृत्य और संगीत का विशेष स्थान था। वे स्वयं भी नृत्य और संगीत की कला में निपुण थे। उन्होंने अनेक सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया तथा अपने दरबार में कई प्रतिष्ठित कलाकारों को संरक्षण और सम्मान प्रदान किया। उनकी इस अभिरुचि ने लखनऊ की कला और संस्कृति के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया।

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लखनवी अंदाज़
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अध्याय 12: यशपाल - लखनवी अंदाज़ - प्रश्न-अभ्यास [पृष्ठ ६५]

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एनसीईआरटी Hindi Kshitij Bhag 2 Class 10
अध्याय 12 यशपाल - लखनवी अंदाज़
प्रश्न-अभ्यास | Q 6. | पृष्ठ ६५

संबंधित प्रश्न

लेखक को नवाब साहब के किन हाव-भावों से महसूस हुआ कि वे उनसे बातचीत करने के लिए तनिक भी उत्सुक नहीं हैं?


नवाब साहब ने बहुत ही यत्न से खीरा काटा, नमक-मिर्च बुरका, अंतत: सूँघकर ही खिड़की से बाहर फेंक दिया। उन्होंने ऐसा क्यों किया होगा? उनका ऐसा करना उनके कैसे स्वभाव को इंगित करता है?


नवाब साहब द्वारा खीरा खाने की तैयारी करने का एक चित्र प्रस्तुत किया गया है। इस पूरी प्रक्रिया को अपने शब्दों में व्यक्त कीजिए।


किन-किन चीज़ों का रसास्वादन करने के लिए आप किस प्रकार की तैयारी करते हैं?


क्या सनक का कोई सकारात्मक रूप हो सकता है? यदि हाँ तो ऐसी सनकों का उल्लेख कीजिए।


लेखक के डिब्बे में आने पर नवाब ने कैसा व्यवहार किया?


खीरे की फाँकें खिड़की से फेंकने के बाद नवाब साहब ने गुलाबी आँखों से लेखक की ओर क्यों देखा?


नवाब साहब ने खीरे की फाँकों पर नमक-मिर्च छिड़का जिसे देखकर लेखक ललचाया पर उसने खीरे खाने का प्रस्ताव अस्वीकृत क्यों कर दिया?


सेकंड क्लास के डिब्बे में लेखक के अचानक आ जाने से नवाब साहब के एकांत चिंतन में विघ्न पड़ गया? उनके चिंतन के बारे में लेखक ने क्या अनुमान लगाया?


लेखक ने ऐसा क्या देखा कि उसके ज्ञान चक्षु खुल गए?


‘लखनवी अंदाज़’ शीर्षक की सार्थकता तर्क सहित सिद्ध कीजिए।


‘लेखक की तुलना में नवाब साहब अधिक शिष्ट और सभ्य थे।’ ‘लखनवी अंदाज़’ पाठ के आधार पर सोदाहरण बताइए।


इच्छा होते हुए भी लेखक और नवाब साहब दोनों के खीरा न खाने का कारण ‘लखनवी अंदाज’ पाठ के आधार पर बताइए।


गद्य पाठ के आधार पर निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 25-30 शब्दों में लिखिए:

क्या आपको नवाब साहब का व्यवहार सामान्य लगा? क्यों? युक्तियुक्त उत्तर दीजिए।


गद्य पाठ के आधार पर निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 25-30 शब्दों में लिखिए -

नवाब साहब की झुठी शानों-शौकत और घमण्ड भरे व्यवहार को देखकर लेखक ने उनके साथ किस प्रकार का व्यवहार किया? 'लखनवी-अंदाज़' पाठ के आधार पर इसे साबित कीजिए।


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