हिंदी

अक्षर ध्वनियों (स्वरों और व्यंजनों) के प्रतीक होते हैं। उदाहरण के लिए हिंदी’, ‘उर्दू और ‘बाँग्ला’ आदि शब्दों में प्रत्येक अक्षर के लिए उसकी ध्वनि निर्धारित है। कुछ चित्रों से भी संकेत व्यक्त होते हैं।

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

अक्षर ध्वनियों (स्वरों और व्यंजनों) के प्रतीक होते हैं। उदाहरण के लिए हिंदी’, ‘उर्दू और ‘बाँग्ला’ आदि शब्दों में प्रत्येक अक्षर के लिए उसकी ध्वनि निर्धारित है। कुछ चित्रों से भी संकेत व्यक्त होते हैं। नीचे कुछ चित्र दिए गए हैं। उनसे क्या संकेत व्यक्त होते हैं, बताओ।

एक पंक्ति में उत्तर
Advertisements

उत्तर

(क) पहला चित्र-आगे स्कूल होने का संकेत
(ख) दूसरा चित्र-वृत्त (सर्किल) के बाईं ओर जाने का संकेत
(ग) तीसरा चित्र-सड़क दाईं ओर घूम रही है।
(घ) चौथा चित्र-सड़क बाईं ओर घूम रही है।

shaalaa.com
गद्य (Prose) (Class 6)
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 5: अक्षरों का महत्व - कुछ करने को [पृष्ठ ३२]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi Vasant Part 1 Class 6
अध्याय 5 अक्षरों का महत्व
कुछ करने को | Q 3 | पृष्ठ ३२

संबंधित प्रश्न

माँ के सोते ही केशव और श्यामा दोपहर में बाहर क्यों निकल आए? माँ के पूछने पर भी दोनों में से किसी ने किवाड़ खोलकर दोपहर में बाहर निकलने का कारण क्यों नहीं बताया?


बहुविकल्पीय प्रश्न:

हर शनिवार लेखिका को क्या पीना पड़ता था?


चश्मा लगाते समय डॉक्टर ने क्या भरोसा दिया था?


बहुविकल्पीय प्रश्न

स्थायी भाषा कौन-सी है?


आदमी ने गाँवों में रहना कब से शुरू किया?


पाठ में ऐसा क्यों कहा गया है कि अक्षरों के साथ नए युग की शुरुआत हुई?


नंबर एक, नंबर दो और नंबर तीन अजनबी से निबटने के कौन से तरीके सुझाते हैं और क्यों?


कल गैरों की खातिर की, आज अपनी खातिर करना”-
इस वाक्य को गीतकार इस प्रकार कहना चाहता है
(तुमने) कल गैरों की खातिर (मेहनत) की, आज (तुम) अपनी खातिर करना।

इस वाक्य में ‘तुम’ कर्ता है जो गीत की पंक्ति में छंद बनाए रखने के लिए हटा दिया गया है। उपर्युक्त पंक्ति में रेखांकित शब्द ‘अपनी’ का प्रयोग कर्ता ‘तुम’ के लिए हो रहा है, इसलिए यह सर्वनाम है। ऐसे सर्वनाम जो अपने आप के बारे में बताएँ निजवाचक सर्वनाम कहलाते हैं। (निज का अर्थ ‘अपना’ होता है।)
निजवाचक सर्वनाम के तीन प्रकार होते हैं जो नीचे दिए वाक्यों में रेखांकित हैं-
मैं अपने आप (या आप) घर चली जाऊँगी।
बब्बन अपना काम खुद करता है।
सुधा ने अपने लिए कुछ नहीं खरीदा।
अब तुम भी निजवाचक सर्वनाम के निम्नलिखित रूपों का वाक्यों में प्रयोग करो।

  1. अपने को
  2. अपने से
  3. अपना
  4. अपने पर
  5. अपने लिए
  6. आपस में

(क) मोहन ने केला और संतरा खाया।
(ख) मोहन ने केला और संतरा नहीं खाया।
(ग) मोहन ने क्या खाया?
(घ) मोहन केला और संतरा खाओ।
उपर्युक्त वाक्यों में से पहला वाक्य एकांकी से लिया गया है। बाकी तीन वाक्य देखने में पहले वाक्य से मिलते-जुलते हैं, पर उनके अर्थ अलग-अलग हैं। पहला वाक्य किसी कार्य या बात के होने के बारे में बताता है। इसे विधिवाचक वाक्य कहते हैं। दूसरे वाक्य का संबंध उस कार्य के न होने से है, इसलिए उसे निषेधवाचक वाक्य कहते हैं। (निषेध का अर्थ नहीं या मनाही होता है।) तीसरे वाक्य में इसी बात को प्रश्न के रूप में पूछा जा रहा है, ऐसे वाक्य प्रश्नवाचक कहलाते हैं। चौथे वाक्य में मोहन से उसी कार्य को करने के लिए कहा जा रहा है। इसलिए उसे आदेशवाचक वाक्य कहते हैं। आगे एक वाक्य दिया गया है।
बताना- रूथ ने कपड़े अलमारी में रखे।
नहीं/मना करना : __________
पूछना : _____________
आदेश देना : __________


मान लो कि स्कूल में तुम्हारी कोई प्रिय चीज़ खो गई है। तुम चाहते हो कि जिसे वह चीज़ मिले वह तुम्हें लौटा दे। इस संबंध में स्कूल के बोर्ड पर लगाने के लिए एक नोटिस तैयार करो निम्नलिखित बिंदु हों
(क) खोई हुई चीज़।
(ख) कहाँ खोई ?
(ग) मिल जाने पर कहाँ लौटाई जाए?
(घ) नोटिस लगाने वाले/वाली का नाम और कक्षा।


बहुविकल्पीय प्रश्न
नागराजन के मामा कहाँ रहते थे?

नेहरू जी ने इस बात का हलका-सा संकेत दिया है कि दुनिया कैसे शुरू हुई होगी? उन्होंने क्यों बताया है? पाठ के आधार पर लिखो।


जिन लोगों के पास आँखें हैं, वे सचमुच बहुत कम देखते हैं- हेलेन केलर को ऐसा क्यों लगता है?

इस पाठ से हमें क्या प्रेरणा मिलती है?

पत्थर अपनी कहानी हमें कैसे बताते हैं?


आश्रम के निर्माण के समय कौन-सी घटना घटित हुई?


निबंध के आधार पर और अपने अनुभव के आधार पर (यदि तुम्हें लोकगीत सुनने के मौके मिले हैं तो) तुम लोकगीतों की कौन-सी विशेषताएँ बता सकते हो?


‘लोक’ शब्द में कुछ जोड़कर जितने शब्द तुम्हें सूझे, उनकी सूची बनाओ। इन शब्दों को ध्यान से देखो और समझो कि उनमें अर्थ की दृष्टि से क्या समानता है। इन शब्दों से वाक्य भी बनाओ, जैसे-लोककला।


‘बारहमासा’ गीत में साल के बारह महीनों का वर्णन होता है। नीचे विभिन्न अंकों से जुड़े कुछ शब्द दिए गए हैं। इन्हें पढ़ो और अनुमान लगाओ कि इनका क्या अर्थ है और वह अर्थ क्यों है? इसी सूची में तुम अपने मन से सोचकर भी कुछ शब्द जोड़ सकते हो-

  • इकतारा
  • सरपंच
  • चारपाई
  • सप्तर्षि
  • अठन्नी
  • तिराहा
  • दोपहर
  • छमाही
  • नवरात्र
  • चौराहा

आश्रम में गांधी जी कई ऐसे काम भी करते थे, जिन्हें आमतौर पर नौकर-चाकर करते हैं। पाठ से तीन अलग-अलग प्रसंग अपने शब्दों में लिखो जो इस बात का प्रमाण हो।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×