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Question
समाजशास्त्र में हमें विशिष्ट शब्दावली और संकल्पनाओं के प्रयोग की आवश्यकता क्यों होती है?
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Solution
सामान्य ज्ञान के विपरीत किसी अन्य विज्ञान के सदृश समाजशास्त्र की अपनी संकल्पनाएँ, सिद्धांत तथा तथ्य-संग्रह की पद्धतियाँ हैं। किसी सामाजिक विज्ञान के रूप में समाजशास्त्र जिन सामाजिक वास्तविकताओं एवं क्रिया-विधियों/ प्रविधियों, जिनका अध्ययन करता है, का किसी विशेष अर्थ की आवश्यकता नहीं पड़ती है। प्रत्येक विषय को मानक शब्दावली पारिभाषिक शब्दावली, भाषा एवं संकल्पनाओं की आवश्यकता पड़ती है, जिसके द्वारा पेशेवर व्यक्ति इसके विषय के संबंध में विचार-विमर्श करते हैं और इसकी विविध विशिष्टताओं को कायम रखते हैं। सामाजिक शब्दावली पर चर्चा करना और अधिक महत्त्वपूर्ण बन जाता है, क्योंकि सामान्य उपयोग के दृष्टिकोण से उनका क्या तात्पर्य है, जिनके विविध अर्थ एवं संकेतार्थ हो सकते हैं।
