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Question
निम्नलिखित विषय पर दिए गए संकेत-बिंदुओं के आधार पर 80-100 शब्दों में अनुच्छेद लिखिए:
अनुशासन क्यों?
- अर्थ
- आवश्यकता
- प्रभाव
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Solution
अनुशासन क्यों?
उत्तम स्वास्थ्य का आनंद लेने के लिए, परिवार में खुशी लाने और सबको शान्ति देने के लिए सबसे पहले आत्मनियंत्रण और आत्मनियंत्रण हासिल करना होगा। भगवान बुद्ध ने विश्व को दिए गए इस संदेश में अनुशासन की महिमा समाई हुई है। “अनुशासन” शब्द का शाब्दिक अर्थ है शासन के पीछे चलना, क्योंकि यह शब्द शासन से बना है, जिसमें “अनु” उपसर्ग है। नियमित रूप से माता-पिता और शिक्षकों के निर्देशों का पालन करना ही अनुशासन कहलाता है, लेकिन यह अनुशासन का अर्थ सीमित करता है। स्वशासन, यानी आवश्यकतानुसार स्वयं को नियंत्रित करना, व्यापक रूप से अनुशासन ही है। अनुशासन का व्यापक अर्थ शासकीय कानून का पालन करना और सामाजिक मान्यताओं का सम्मान करना ही नहीं, बल्कि नियमों का पालन करना और स्वस्थ रहना भी शामिल है।
इस तरह, व्यक्ति जहाँ रहता है, सामान्य और उपयोगी है। अनुशासन स्थानीय नियमों, कानूनों और सामाजिक मूल्यों के अनुरूप व्यवहार करना है। अनुशासनहीनता अक्सर अच्छे शासन की कमी से भी जुड़ी होती है। भ्रष्टाचार परिवार में व्याप्त रहेगा यदि परिवार का नेतृत्व सही नहीं है। यदि स्थानीय प्रशासन सही नहीं है, तो अपराध का ग्राफ निश्चित रूप से ऊपर ही रहेगा। यदि राजनेता कानून का पालन नहीं करेंगे, तो जनता भी कानून का पालन नहीं करेगी।
खेल के मैदान में कैप्टन अपने आप को नियंत्रित नहीं कर सकता, तो टीम के अन्य सदस्यों से उसे नियंत्रित करने की उम्मीद करना व्यर्थ है, और टीम को भी पराजय से कोई नहीं बचा सकता। इसी तरह, देश की सीमा पर तैनात सैनिकों का कैप्टन अपनी टुकड़ी को नियंत्रित नहीं कर सकता। इससे देश की सुरक्षा खतरे में पड़ जाएगी। राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी ने कहा कि “अनुशासन के बिना न तो परिवार, न संस्था, न ही राष्ट्र चल सकता है।” वास्तव में, अनुशासनहीन कर्मचारी व्यवस्था में भ्रष्टाचार व्याप्त होता। अनुशासन नहीं होने पर किसी भी समाज में अराजकता फैल जाती है। इसलिए अनुशासन हर समाज की अनिवार्य आवश्यकता है। अनुशासन सामाजिक हित के लिए भी आवश्यक है।
