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Question
‘बीती ताहि बिसारि दे, आगे की सुधि लेइ’, कवि के इस कथन की हमारे जीवन में सार्थकता स्पष्ट कीजिए।
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Solution
कवि के इस कथन की हमारे जीवन में सार्थकता यह है कि हमें अपने जीवन में असफलता प्राप्त होने पर निराश नहीं होना चाहिए। जो हो गया है उसकी चिंता करने के बदले हमें चिंतन करना चाहिए। अपनी असफलताओं के कारणों का पता लगाना चाहिए। जीवन बहुत बड़ा है और एक के बाद एक कई चुनौतियाँ हमारे सामने आती हैं। अत: वर्तमान को भुलाकर सदैव भविष्य के उद्देश्यों में सफलता प्राप्त करने का प्रयास करना चाहिए।
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