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Question
अब सोचिए ! ऐसा क्यों होता है-
देश के अधिकतर भागों में मानसूनी वर्षा के समाप्त होने के बाद ही चेन्नई में अधिक वर्षा होती है।
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Solution
इसका कारण चेन्नई का सागर तट पर एवं थर्मल इक्वेटर पर स्थित होना है। वर्ष भर मौसम आम तौर पर गर्म एवं उमस भरा होता है। मई एवं जून का प्रथम सप्ताह वर्ष का सबसे गर्म समय होता है। देश के अन्य भागों से विपरीत चेन्नई में वर्षा मानसून के लौटने के दौरान उत्तर-पूर्वी हवाओं के चलते होती है।
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- सर्वाधिक वर्षा वाले दी स्थान
- दो शुष्कतम स्थान
- सर्वाधिक समान जलवायु वाले दो स्थान
- जलवायु में अत्यधिक अंतर वाले दो स्थान
- दक्षिण-पश्चिम मानसून को अरब सागर शाखा के द्वारा सर्वाधिक प्रभावित दो स्थान
- दक्षिण - पश्चिम मानसून को बंगाल की खाड़ी शाखा द्वारा सर्वाधिक प्रभावित दो स्थान
- दोनों से प्रभावित दो स्थान
- लौटती हुई तथा उत्तर पूर्वी मानसून से प्रभावित दो स्थान
- पश्चिमी विक्षोभों के द्वारा शीत ऋतु में वर्षा प्राप्त करने वाले दो स्थान
- संपूर्ण भारत सर्वाधिक वर्षा वाले दो महीने
- निम्नलिखित महीनों में सर्वाधिक गर्म दो महीने
फरवरी
अप्रैल
मई
जून
दो शुष्कतम स्थान
जलवायु में अत्यधिक अंतर वाले दो स्थान
निम्नलिखित महीने में सर्वाधिक गर्म दो स्थान
फरवरी
निम्नलिखित महीने में सर्वाधिक गर्म दो स्थान
मई
निम्नलिखित महीने में सर्वाधिक गर्म दो स्थान
जून
