Advertisements
Advertisements
Question
आप निम्नलिखित तथ्य को कैसे समझाएँगे-
BaO जल में विलेय है, जबकि BaSO4 अविलेय है।
Advertisements
Solution
BaO और BaSO4 दोनों आयनिक प्रकृति के होते हैं, परंतु \[\ce{SO^{2-}_4}\] आयन का आकार \[\ce{O^{2-}_2}\] आयन के आकार से अधिक होता है। चूँकि एक छोटा ऋणायन बड़े धनायन को जितनी स्थिरता प्रदान करता है, बड़ा ऋणायन बड़े धनायन को उससे कहीं अधिक क्षमता से स्थिर बनाता है, अत: BaSO4 की जालक ऊर्जा BaO से बहुत अधिक होती है। यही कारण है कि BaO जल में विलेय है जबकि BaSO4 अविलेय।
RELATED QUESTIONS
क्षार धातुओं के सामान्य भौतिक गुण क्या हैं?
क्षार धातुओं के सामान्य रासायनिक गुण क्या हैं?
क्षार धातुएं प्रकृति में क्यों नहीं पाई जाती हैं?
पोटैशियम कार्बोनेट साल्वे विधि द्वारा नहीं बनाया जा सकता है। क्यों?
क्या होता है, जब-
क्लोरीन बुझे चूने से अभिक्रिया करती है।
कास्टिक सोडा के दो उपयोग लिखिए।
BeCl2 (वाष्प) की संरचना बताइए।
सीमेन्ट की महत्ता बताइए।
इनमें से किस क्षार धातु का गलनांक न्यूनतम है?
निम्नलिखित में से कौन-सी क्षार धातु जलयोजित लवण देती है?
