मराठी

वह कौन-सी घटना थी जिसके बारे में सुनने पर लेखिका को न अपनी आँखों पर विश्वास हो पाया और न अपने कानों पर?

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

वह कौन-सी घटना थी जिसके बारे में सुनने पर लेखिका को न अपनी आँखों पर विश्वास हो पाया और न अपने कानों पर?

सविस्तर उत्तर
Advertisements

उत्तर

कॉलेज के समय एक बार लेखिका के पिता को प्रिंसिपल की ओर से एक पत्र मिला, जिसमें उनकी पुत्री की गतिविधियों के कारण उचित दंड देने या न देने की बात लिखी थी। इसे पढ़कर पिता जी को लगा कि शायद लेखिका ने ऐसा कोई कार्य किया है जिससे परिवार की प्रतिष्ठा को ठेस पहुँच सकती है, इसलिए वे क्रोधित होकर प्रिंसिपल से मिलने चले गए। इस घटना से लेखिका बहुत डर गई। लेकिन जब वास्तविक स्थिति स्पष्ट हुई और सच्चाई सामने आई, तो पिता जी को अपनी बेटी से कोई शिकायत नहीं रही। पिता के व्यवहार में आए इस परिवर्तन को देखकर लेखिका को अपनी ही आँखों और कानों पर विश्वास नहीं हुआ।

shaalaa.com
एक कहानी यह भी
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 14: मन्नू भंडारी - एक कहानी यह भी - प्रश्न-अभ्यास [पृष्ठ ७६]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi Kshitij Bhag 2 Class 10
पाठ 14 मन्नू भंडारी - एक कहानी यह भी
प्रश्न-अभ्यास | Q 3. | पृष्ठ ७६

संबंधित प्रश्‍न

लेखिका के व्यक्तित्व पर किन-किन व्यक्तियों का किस रूप में प्रभाव पड़ा?


इस आत्मकथ्य में लेखिका के पिता ने रसोई को ‘भटियारखाना’ कहकर क्यों संबोधित किया है?


लेखिका की अपने पिता से वैचारिक टकराहट को अपने शब्दों में लिखिए।


लेखिका ने बचपन में अपने भाइयों के साथ गिल्ली डंडा तथा पतंग उड़ाने जैसे खेल भी खेले किंतु लड़की होने के कारण उनका दायरा घर की चारदीवारी तक सीमित था। क्या आज भी लड़कियों के लिए स्थितियाँ ऐसी ही हैं या बदल गई हैं, अपने परिवेश के आधार पर लिखिए।


लेखिका द्वारा पढ़े गए उपन्यासों की सूची बनाइए और उन उपन्यासों को अपने पुस्तकालय में खोजिए।


आप भी अपने दैनिक अनुभवों को डायरी में लिखिए।


इंदौर में लेखिका के पिता खुशहाली के दिन जी रहे थे। लेखिका के पिता के खुशहाली भरे दिनों को स्पष्ट कीजिए।


लेखिका के पिता का स्वभाव शक्की क्यों हो गया था? इस शक का परिवार पर क्या असर पड़ रहा था?


लेखिका अपने भीतर अपने पिता को किन-किन रूपों में पाती है?


लेखिका अपने ही घर में हीनभावना का शिकार क्यों हो गई?


लेखिका को अपने वजूद का अहसास कब हुआ?
अथवा
घर में लेखिका के व्यक्तित्व को सकारात्मक विकास कब से शुरू हुआ?


उन कारणों का उल्लेख कीजिए जिनके कारण वह अपनी माँ को आदर्श नहीं बना सकी?


लेखिका ने कौन-कौन से उपन्यास पढ़े? उन उपन्यासों पर उसकी क्या प्रतिक्रिया रही?


प्रिंसिपल के बुलावे पर लेखिका के पिता कॉलेज नहीं जाना चाहते थे पर वहाँ ऐसा क्या हुआ कि वे खुश होकर लौटे?


देश की राजनैतिक गतिविधियों में युवा वर्ग अपना योगदान किस तरह दे रहा था?


वर्ष 1947 में लेखिका को कौन-कौन सी खुशियाँ मिलीं? उसे कौन-सी खुशी सबसे महत्त्वपूर्ण लगी और क्यों?


‘एक कहानी यह भी’ पाठ का प्रतिपाद्य लिखिए।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×