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समझाइए – आयनिक ठोस कठोर एवं भंगुर होते हैं।

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प्रश्न

समझाइए – आयनिक ठोस कठोर एवं भंगुर होते हैं।

एका वाक्यात उत्तर
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उत्तर

आयनिक क्रिस्टल कठोर होते हैं क्योंकि इनमें विपरीत आवेशयुक्त आयनों के मध्य प्रबल स्थिर विद्युत आकर्षण बल उपस्थित होता है। ये भंगुर होते हैं क्योंकि आयनिक बन्ध अदिशात्मक होता है।

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क्रिस्टलीय ठोसों का वर्गीकरण
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संबंधित प्रश्‍न

किस प्रकार के ठोस विद्युत चालक, आघातवर्थ्य और तन्य होते हैं?


निम्नलिखित ठोसों का वर्गीकरण आयनिक, धात्विक, आण्विक, सहसंयोजक या अक्रिस्टलीय में कीजिए।

  1. टेट्राफॉस्फोरस डेकॉक्साइड (P4O10)
  2. अमोनियम फॉस्फेट (NH4)3 PO4
  3. SiC
  4. I2
  5. P4
  6. प्लास्टिक
  7. ग्रेफाइट
  8. पीतल
  9. Rb
  10. LiBr
  11. Si

कॉपर fcc जालक के रूप में क्रिस्टलीकृत होता है जिसके कोर की लम्बाई 3.61 x 10-8 cm है। यह दर्शाइए कि गणना किए गए घनत्व के मान तथा मापे गए घनत्व 8.92 g cm-3 में समानता है।


निम्नलिखित में से कौन-सा आयनिक ठोसों का अभिलक्षण नहीं है?


ग्रैफ़ाइट को किस रूप में वर्गीकृत नहीं कर सकते?


निम्नलिखित में से ठोसों में चालकता का सही क्रम कौन-सा है?


निम्नलिखित में से कौन-से कथन सत्य नहीं हैं?

  1. रिक्तिका दोष से पदार्थ का घनत्व कम होता है।
  2. अंतराकाशी दोष से पदार्थ का घनत्व बढढता है।
  3. अशुद्ध दोष का पदार्थ के घनत्व पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता।
  4. फ्रेंकल दोष पदार्थ के घनत्व में वृद्धि का परिणाम है।

धातु के बारे में निम्नलिखित में से कौन-से कथन सही हैं?

  1. संयोजकता बैंड, चालन बैंड के साथ अतिव्यापित होता है।
  2. संयोजकता बैंड और चालन बैंड के बीच अंतराल नगण्य होता है।
  3. संयोजकता बैंड तथा चालन बैंड के बीच के अंतराल को निर्धारित नहीं किया जा सकता।
  4. संयोजकता बैंड आंशिक रूप में भी भरा हो सकता है।

द्रवों तथा गैसों को तरल के रूप में वर्गीकृत क्यों किया गया है?


अभिकथन - ग्रैफ़ाइट विद्युत् का चालक होता है जबकि हीरा कुचालक होता है।

तर्क - ग्रैफ़ाइट मुलायम होता है जबकि हीरा बहुत कठोर एवं भंगुर होता है।


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