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प्रश्न
पीतल एवं ताँबे के बर्तनों में दही एवं खट्टे पदार्थ क्यों नहीं रखने चाहिए?
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उत्तर १
दही और अन्य खट्टे पदार्थों में एसिड होता है। इसलिए, जब उन्हें पीतल और तांबे के बर्तनों में रखा जाता है, तो धातु एसिड के साथ प्रतिक्रिया करके हाइड्रोजन गैस और हानिकारक उत्पाद छोड़ती है, जिससे भोजन खराब हो जाता है।
उत्तर २
पीतल एवं ताँबे के बर्तनों में दही एवं खट्टे पदार्थ इसलिए नहीं रखने चाहिए क्योंकि दही में मौजूद लैक्टिक अम्ल होते है। जो पीतल एवं ताँबे के बर्तनों से अभिक्रिया करके हानिकारक (विषैला) यौगिक बनाते है। जिसके कारणवश ये खाने लायक नहीं रह जाते है।
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| क्षारक | अम्ल | |||
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| (ii) | कॉपर सल्फेट | ______ | ______ | H2SO4 |
| (iii) | सोडियम क्लोराइड | NaCl | NaOH | ______ |
| (iv) | मैग्नीशियम नाइट्रेट | Mg(NO3)2 | ______ | HNO3 |
| (v) | पोटैशियम सल्फेट | K2SO4 | ______ | ______ |
| (vi) |
कैल्सियम नाइट्रेट | Ca(NO3)2 | Ca(OH)2 | ______ |
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