Advertisements
Advertisements
प्रश्न
किन बातों से पता चलता है कि टोपी को इफ्फ़न की दादी बहुत प्रिय थीं?
Advertisements
उत्तर
टोपी जब भी इफ्फ़न के घर जाता था तो उसकी दादी के पास ही बैठता था। वह दादी की पूरबी को सुनकर खुश होता था। दादी उसके दुख और उसकी भावनाओं को समझती थीं। इफ़्फ़न की अम्मी और बाजी जब टोपी की हँसी उड़ाती तो दादी बीच-बचाव करके उसे अपने पास बुला लेती थी। वे टोपी को कहानियाँ सुनाते हुए खुश रखती थी। उनके मरने की खबर सुनकर टोपी उदास हो जाता है और रोता है। इन बातों से पता चलता है कि टोपी को इफ़्फ़न की दादी प्रिय थीं।
संबंधित प्रश्न
इफ़्फ़न टोपी शुक्ला की कहानी का महत्त्वपूर्ण हिस्सा किस तरह से है?
इफ़्फ़न की दादी अपने पीहर क्यों जाना चाहती थीं?
'अम्मी' शब्द पर टोपी के घरवालों की क्या प्रतिक्रिया हुई?
दस अक्तूबर सन् पैंतालीस का दिन टोपी के जीवन में क्या महत्व रखता है?
टोपी ने इफ़्फ़न से दादी बदलने की बात क्यों कही?
पूरे घर में इफ़्फ़न को अपनी दादी से विशेष स्नेह क्यों था?
इफ़्फ़न की दादी के देहान्त के बाद टोपी को उसका घर खाली सा क्यों लगा?
टोपी और इफ़्फ़न की दादी अलग-अलग मजहब और जाति के थे पर एक अनजान अटूट रिश्ते से बँधे थे। इस कथन के आलोक में अपने विचार लिखिए।
टोपी नवीं कक्षा में दो बार फ़ेल हो गया। बताइए −
ज़हीन होने के बावजूद भी कक्षा में दो बार फ़ेल होने के क्या कारण थे?
इफ़्फ़न की दादी टोपी को अपने ही परिवार के सदस्यों के उपहास से किस तरह बचाती?
टोपी एक दिन के लिए ही सही अपने बड़े भाई मुन्नी बाबू से क्यों बड़ा होना चाहता था?
बच्चे प्यार के भूखे होते हैं। वे उसी के बनकर रह जाते हैं जिनसे उन्हें प्यार मिलता है। इससे आप कितना सहमत हैं? इफ्फ़न और उसकी दादी के संबंधों के आलोक में स्पष्ट कीजिए।
|
वह तो जब डॉक्टर साहब की ज़मानत ज़ब्त हो गई तब घर में ज़रा सन्नाटा हुआ और टोपी ने देखा कि इम्तहान सिर पर खड़ा है। वह पढ़ाई में जुट गया। परंतु ऐसे वातावरण में क्या कोई पढ़ सकता था? इसलिए उसका पास ही हो जाना बहुत था। "वाह!" दादी बोलीं, "भगवान नज़रे-बद से बचाए। रफ़्तार अच्छी है। तीसरे बरस तीसरे दर्जे में पास तो हो गए।…." |
टोपी ज़हीन होने के बावजूद कक्षा में दो बार फेल हो गया। जीवन में प्रतिकूल परिस्थितियों से हार मान लेना कहाँ तक उचित है? टोपी जैसे बच्चों के विषय में आपकी क्या राय है?
बालमन किस स्वार्थ या हिसाब से चलायमान नहीं होता। बचपन प्रेम के रिश्ते के अलावा किसी और रिश्ते को कुबूल नहीं करता। ‘टोपी शुक्ला’ पाठ में टोपी अपने परिवार के एक सदस्य को बदलने की बात करता है। उसकी सोच के आधार पर उसकी मनोदशा का वर्णन कीजिए।
पूरक पाठ्य पुस्तक पर आधारित निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 60 शब्दों में दीजिए -
इफ़्फ़न के पिता के तबादले के बाद टोपी शुक्ला का कोई और मित्र क्यों नहीं बन सका? इसका उसके बालमन पर क्या प्रभाव पड़ा?
पूरक पाठ्य-पुस्तक पर आधारित निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 60 शब्दों में लिखिए:
'टोपी शुक्ला का दोस्त इफ़्फ़न था लेकिन उसकी घनिष्ठ दोस्ती इफ़्फ़न की दादी से भी थी।' इस कथन को 'टोपी शुक्ला' पाठ के आधार पर स्पष्ट कीजिए।
